- विजयवर्गीय राहुल गांधी, कमलनाथ, दिग्विजय सिंह, जीतू पटवारी समेत पूरी कांग्रेस पर बरसे
- भाजपा ने इंदौर में 400 से ज्यादा जगहों पर मास्क, सैनिटाइजर और काढ़ा का वितरण किया
दैनिक भास्कर
Jun 11, 2020, 09:28 PM IST
इंदौर. मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के वायरल ऑडियो पर मध्य प्रदेश की राजनीति गरमाई हुई है। गुरुवार को भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने कांग्रेस पर पलटवार किया और ऑडियो को मैन्युफेक्चर्ड बताया। उन्होंने कहा- सीएम ने ऐसा क्या कह दिया, जिसमें कुछ आपत्तिजनक हो। पार्टी में ऊपर से पूछकर ही कोई काम किया जाता है। कांग्रेस के एक नेता हैं- जिनकी आदत… ‘चूहे को चिन्दी मिल जाती है तो वो बजाजखाना खोल कर बैठ जाता है’ जैसी है। बड़े दावे से कुछ करने का बोला जा रहा है, मैं दावे से बोलता हूं कि उपचुनाव में 24 सीटें जीती जाएंगी, क्योंकि मध्य प्रदेश की जनता भ्रष्ट सरकार से परिचय हो चुकी है। यदि शिवराज मुख्यमंत्री बने हैं तो सेंट्रल लीडरशिप ने यह कहा है। विजयर्गीय का यह बयान जीतू पटवारी की प्रेस कॉन्फ्रेंस से जोड़कर देखा जा रहा है।
विजयवर्गीय गुरुवार को दो नंबर विधानसभा क्षेत्र में भाजपा के एक कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं को संबोधित कर रहे थे। यहां भाजपा की ओर से इंदौर में 400 से ज्यादा जगहों पर मास्क, सैनिटाइजर और काढ़ा का वितरण किया गया।
विजयवर्गीय यहां पर राहुल गांधी, कमलनाथ, दिग्विजय सिंह, जीतू पटवारी समेत पूरी कांग्रेस पर जमकर बरसे। उन्होंने कांग्रेस से भाजपा में आए नेताओं का बचाव करते हुए कहा कि कांग्रेस में नेतृत्व पर किसी का विश्वास नहीं है, इसलिए सब भाग रहे हैं। वहीं, ऑडियो को लेकर कांग्रेस के सुप्रीम कोर्ट जाने के सवाल पर कहा कि कांग्रेस के लोग फ्री हैं, किसी का भी समय बर्बाद कर सकते हैं। वे कहीं भी जाने के लिए स्वतंत्र हैं।
कमलनाथ को लेकर कहा – शराब के ठेके, रेत के ठेके, ट्रांसफर उद्योग चलाने के साथ किसान, नौजवान, महिलाओं को धोखा देकर कमलनाथ ने 14 महीने की सरकार चलाई है। ऐसे में अब कांग्रेस बेनकाब हो गई है। कमलनाथ ने खुद कहा था कि दिग्विजय सिंह ने कहा है कि कोई जाएगा नहीं। मैं उनके विश्वास पर रह गया। ये आपकी पार्टी के विधायक थे, इन्हें आप संभालकर नहीं रख सके, यह अपकी गलती है, दोष दूसरों को दे रहे हैं। जो लोग हमारे साथ आए वे बच्चे तो हैं नहीं कि दूध पीते हैं। इनमें 6 कैबिनेट मंत्री रहे हैं, जिन्होंने आरोप लगाया कि सीएम को मिलने की फुर्सत नहीं है। वे हमारे विभाग के ठेकों का काम खुद कर रहे हैं।
राहुल गांधी को लेकर कहा – कांग्रेस के भीतर नेतृत्व को लेकर बिल्कुल भी आस्था नहीं है, विश्वास नहीं है। जिस तरीके से राहुल गांधी लॉकडाउन को लेकर, चाइना को लेकर, कोरोना को लेकर बयानबाजी कर रहे हैं। उससे लोग समझ रहे हैं कि यह व्यक्ति जो कांग्रेस का नेतृत्व कर रहा है, यह हमारे लायक नहीं है। इसीलिए सब कांग्रेस छोड़कर भाग रहे हैं। ऐसे में भाजपा पर दोषा लगाना उनकी नासमझी है।
दिग्विजय को लेकर कहा – दिग्विजय सिंह द्वारा दल-बदलू नेताओं को 6 साल के लिए आयोग्य घोषित करने के बयान पर कहा कि यह सड़क पर तो हो नहीं सकता। शुक्रवार को प्राइवेट बिल लगाए जाते हैं, आप आकर लगाइए। यहां लफ्फाजी करने से कुछ नहीं होगा। कोई भी कानून बनेगा तो सब पर लागू होगा।
विजयवर्गीय बोले- कोरोना भी रहेगा, हमें भी जीना है
कोराेना भी रहेगा और हमें भी रहना है, कोराेना से जीतना भी है। इसलिए कोरोना का जो प्रोटोकॉल है, जैसे सोशल डिस्टेंसिंग, मास्क लगाना, हाथों को साफ करते रहना, इसके अलावा इम्युनिटी पावर बढ़ाना भी बहुत जरूरी है। हमें ऐसे संक्रमणकाल में रहते हुए अपना-जीवन यापन भी करना है। हमने इसके लिए सारे समाज को जोड़ा है। कहीं पर काजी तो कहीं पर ग्रंथी साहब, इन सामग्री का वितरण कर रहे हैं। इसके अलावा खिलाड़ी भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए हैं। देश में दिल्ली हो, मुंबई हो, अहमदाबाद हो, इंदौर भी कोरोना को लेकर इन शहरों की श्रेणी में ही था, लेकिन इंदौर की जनता और प्रशासन, मेडिकल टीम के अथक प्रयास से हमने इसे कंट्रोल कर लिया है। हालांकि, लॉकडाउन खुलने के बाद हमारे दिमाग में यह नहीं आना चाहिए कि कोराेना गया।