धार5 मिनट पहले
- कॉपी लिंक
जुलाई के बाद अगस्त के पहले सप्ताह में ही फिर काेराेना मरीज तेेजी से बढ़े हैं। पिछले महीने अंतिम सप्ताह में एक ही दिन में 46 मरीज बढ़े थे, अब अगस्त के शुरुआती सप्ताह में ही 35 संक्रमित मिलने के साथ चिंता बढ़ गई है। शनिवार रात 10 मरीज मिलने के बाद कुल मरीजाें का अांकड़ा 407 सामने आया था। इसी के बाद रात मेें 35 की रिपाेर्ट पाॅजिटिव आने के बाद अब संक्रमिताें की कुल संख्या 442 हाे गई है। संक्रमण की चेन बढ़ने का बड़ा कारण मरीजाें का पूर्व पाॅजिटिवाें के संपर्क में अाना व इंदाैर, उज्जैन, गुजरात व अन्य राज्याें की यात्रा करना सामने आया है। ऐसे में जितना हाे सके सावधान रहने की जरूरत है। जिन मरीजाें की रिपाेर्ट पाॅजिटिव आई है। उनमें धार शहर से 7, पिपलिया से 2, सागाैर से 2, धामनाेद से 2, बरमंडल के 3, बदनावर से 3, सुसारी से 2, गंधवानी से 2, कानवन से 1, पीथमपुर से 6, मनावर से 1, अमझेरा से 1, टांडा से 1 , पिपलखेड़ा से 1 व बड़पिपली से 1 मरीज है। सभी काे धार स्थित काेविड केयर सेंटर में भर्ती कराया गया है।
मरीज कृषि कार्य का सामान लाने के लिए इंदाैर अाना-जाना करता था। यहीं से संक्रमित हुअा। धामनाेद निवासी 33 वर्षीय युवक की गारमेंट्स की दुकान है। वह सामान लाने के लिए इंदाैर अाना करता था। यहीं से उसे काेराेना हुअा। युवक का 8 वर्षीय पुत्र भी संक्रमित हुअा है। बदनावर निवासी 48 वर्षीय व्यक्ति काे 15 दिनाें से सर्दी खांसी की शिकायत थी। मरीज की हाईवे पर दुकान है। जहां अन्य राज्याें के लाेगाें का अाना जाना लगा रहता था। इन्हीं लाेगाें के संपर्क में अाने से वह काेराेना का शिकार हुए। कुक्षी निवासी 28 वर्षीय युवक काे सर्दी, खांसी व गले में दर्द हाेने पर 31 जुलाई काे उन्हाेंने फीवर क्लिनिक में सैंपलिंग कराई थी। 2 अगस्त काे रिपाेर्ट अाने पर इंदाैर भर्ती कराया गया। युवक गुजरात व अन्य राज्याें की यात्रा करता था। यहीं से वह संक्रमित हुअा। इसी तरह अन्य मरीज भी यात्रा व बीमारी के कारण ही संक्रमित हुए हैं।
भास्कर एनालिसिस : मई में 74.76 % से कम नहीं हुआ हमारा रिकवरी रेट
लाॅकडाउन के बाद मरीज लगातार बढ़े, लेकिन हमारा रिकवरी रेट कम नहीं हुअा। मई में हमारा रिकवरी रेट 74.76 प्रतिशत दर्ज हाेने के बाद यह आंकड़ा लगातार बढ़ा ही है। जबकि मई के मुकाबले जून में 153 व जुलाई में 110 मरीज ज्यादा आए। इसका कारण बताते हुए जिला महामारी नियंत्रण अधिकारी डाॅ. संजय भंडारी ने कहा इलाज के लिए अा रहे मरीजाें का इम्युनिटी पावर ताे मजबूत है ही उन्हें याेगा के साथ नियमित दवाइयां, आहार व आयुर्वेदिक दवाइयां भी दी जा रही है। लाॅकडाउन के समय मई में 107 मरीज आए थे और 80 मरीज ठीक हुए। तब हमारा रिकवरी रेट 74.76 प्रतिशत था। फिर अनलाॅक हाेने के बाद जुलाई में मरीजाें की संख्या 50 प्रतिशत तक बढ़ी। तब 217 केस अाए अाैर ठीक 198 मरीज हुए। रिकवरी रेट 91.24 प्रतिशत था। जुलाई के मुकाबले जून में 99.82 व मई के मुकाबले जून में 49.22 प्रतिशत मरीज कम थे। तब भी जून में हमारा रिकवरी रेट 92 प्रतिशत था।
35 में से 15 पूर्व पॉजिटिव से संक्रमित
स्वास्थ्य विभाग की कांटेक्ट हिस्ट्री में सामने आया है कि 35 में से 15 लोग पूर्व में पॉजिटिव के संपर्क में आने से संक्रमित हुए। जबकि 15 को इंदौर, उज्जैन, धार, महू और गुजरात आने जाने में संक्रमण हुआ। 5 लोगों की सर्दी-खांसी, बुखार के बाद रिपोर्ट पॉजिटिव आई।
0