नई दिल्ली: इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) यानी सपनों की उड़ान का वो प्लेटफार्म, जहां छोटे-छोटे शहरों के ‘जय-वीरू’ को अपना हुनर पूरी दुनिया को दिखाने का मौका मिलता है. इन क्रिकेटर्स को जहां इस लीग की बदौलत अपनी क्रिकेट प्रतिभा को सबके सामने पेश करते हैं, वहीं उनकी अपनी जिंदगी भी इसमें मिलने वाली मोटी रकम से एक झटके में बदल जाती है. आईपीएल 2020 भी इस मायने में अलग नहीं रही है. इस बार भी कुछ ‘बच्चे’ ऐसे आए हैं, जिन्हें इस लीग ने अपने पापा-मम्मी से जेब खर्च मांगने की उम्र में करोड़पति बना दिया है. ऐसे 5 बच्चों के बारे में हम आपको जानकारी दे रहे हैं.
Throwback to the time when my dream like every other budding cricketer in this country came true & I got to spend time talking with sachin_rt sir.
The things we discussed,I will always keep with me and remember them.Looking forward to more such interactions in near future sir. pic.twitter.com/LYZMH0TUi2
— Yashasvi Jaiswal (@yashasvi_j) June 28, 2020
यशस्वी जायसवाल को अब नहीं बेचने होंगे गोलगप्पे
घरेलू क्रिकेट में महज 17 साल की उम्र में वनडे मैचों में दोहरा शतक लगाने वाले यशस्वी जायसवाल (Yashasvi Jaiswal) अपनी क्रिकेट का खर्च निकालने के लिए पानी-पूरी यानी गोलगप्पे बेचा करते थे. लेकिन इस ‘वंडर किड’ को राजस्थान रॉयल्स ( Rajasthan Royals) ने 2.4 करोड़ रुपये में अपने साथ जोड़ा है. विजय हजारे ट्रॉफी में यशस्वी ने दुनिया का सबसे कम उम्र का दोहरा शतक लगाने वाला क्रिकेटर बनने के लिए महज 154 गेंद में 203 रन ठोक दिए थे. इस पारी में 12 छक्के और 17 चौके लगाने वाले यशस्वी ने विजय हजारे ट्रॉफी के 6 मैच में कुल 25 छक्के लगाकर दिखा दिया था कि ‘वन टाइम चैंपियन’ नहीं बल्कि असली टेलेंट हैं. इसी के चलते यशस्वी को खरीदने के लिए इस साल नीलामी के दौरान सभी आईपीएल फ्रेंचाइजी के बीच तगड़ी फाइट हुई थी. इसका फायदा यशस्वी को मिला और वो बन गए करोड़पति.
Today morning walk with poojabishnoi36 pic.twitter.com/G1L9Sxb8VM
— Ravi Bishnoi (@ravi_bishnoi9) August 11, 2020
जोधपुरी रंग बिखेरने वाले रवि को मिले 2 करोड़
कभी आप जोधपुर शहर जाएं तो आपको ऊंचाई से देखने पर सारे घर एक जैसे नीले रंग के दिखेंगे. इन्हीं नीले रंग के घरों में एक लड़के के अंदर टीम इंडिया की ब्लू जर्सी पहनने का सपना भी पल रहा है. ये लड़का है रवि बिश्नोई (Ravi Bishnoi), जिस पर किंग्स इलेवन पंजाब ने 2 करोड़ रुपये में दांव लगाया है. अपने बेस प्राइस से 10 गुना ज्यादा दाम पाने वाले बिश्नोई अपनी लेग स्पिन के दौरान रहस्यमयी गुगली फेंकने के लिए जाने जाते हैं. कुछ विशेषज्ञों ने उनकी गुगली की तुलना पीयूष चावला से की है, जो अपनी गुगली की ही बदौलत आईपीएल के टॉप-4 गेंदबाजों में से एक बने हैं. बिश्नोई निचले क्रम में बेहतरीन बल्लेबाजी भी करते हैं. भारतीय अंडर-19 टीम के लिए खेलते हुए बिश्नोई ने पिछले साल 7 मैच में महज 4.32 के इकोनॉमी रेट से 12 विकेट चटकाए थे.
Stay safe stay home pic.twitter.com/6D7wZhjkbS
— priyam garg (@priyamg03149099) May 9, 2020
दूध की डेरी नहीं अब मिल्क प्लांट लगा सकते हैं प्रियम
क्रांतिधरा कहलाने वाले मेरठ शहर के प्रियम गर्ग (Priyam Garg) पिछले साल अंडर-19 वर्ल्ड कप में टीम इंडिया की कप्तानी कर चुके हैं. इस लिहाज से तो वे भारतीय क्रिकेट कप्तान विराट कोहली की कतार में खड़े हो ही चुके हैं, लेकिन बल्ले से भी वो अगला कोहली बनने का दावा ठोक सकते हैं. पिछले साल रणजी ट्रॉफी में अपने डेब्यू सीजन में ही यूपी टीम के लिए 814 रन ठोककर तहलका मचा दिया था. प्रियम को सनराइजर्स हैदराबाद ने 1.9 करोड़ रुपये में खरीदा है. प्रियम अपने पिता के साथ अब तक दूध की डेयरी चलाने में हाथ बंटाते थे, लेकिन अब तो वे महज 19 साल की उम्र में खुद का मिल्क प्लांट लगाने के लायक हो गए हैं.
Few of my sixes against @MumbaiCricAssoc
81 of 49balls
Will try to rock back and finish the game.SyedMushtaqAliTrophy2018 @BCCI pic.twitter.com/fMlouy64Ty— Virat Singh (@virat_singh80) January 22, 2018
इस वाले विराट का दम असली कोहली से कम नहीं
इस बार आईपीएल में विराट कोहली के अलावा एक और विराट का दम देखने को मिलेगा. ये हैं विराट सिंह (Virat Singh), जिन्हें इस साल सनराइजर्स हैदराबाद ने ही 1.9 करोड़ रुपये में खरीदा है. खब्बू बल्लेबाजी करने वाले विराट सिंह को लेकर नीलामी के दौरान सनराइजर्स और किंग्स इलेवन के बीच जमकर मुकाबला हुआ था, लेकिन बाजी हैदराबाद वालों के हाथ ही लगी. विराट ने पिछले साल घरेलू क्रिकेट की सैयद मुश्ताक अली टी20 ट्रॉफी में 10 मैच में 343 रन ठोके थे तो विजय हजारे ट्रॉफी में 7 मैच में 100.60 के स्ट्राइक रेट और 83.75 के जबरदस्त औसत से 335 रन बनाकर अपना दमखम भी दिखा दिया था.
What about this practicemakesperfect pic.twitter.com/3vsKwFIdpz
— Kartik Tyagi (@tyagiktk) July 20, 2020
कार्तिक त्यागी की गेंदों की तेजी होगी देखने लायक
मेरठ की धरती महज क्रिकेट के बेहतरीन सामान बनाने के लिए ही प्रसिद्ध नहीं है बल्कि ये शहर और इसके आसपास के शहर ( जो कुछ साल पहले तक प्रशासनिक नक्शे में मेरठ जिले का हिस्सा थे) क्रिकेट की बेहतरीन प्रतिभाएं देने के लिए भी फेमस हैं. ऐसी ही एक जोरदार प्रतिभा कार्तिक त्यागी (Kartik Tyagi) हैं. मेरठ के बराबर में हापुड़ के रहने वाले त्यागी ने 2017 में महज 16 साल 11 महीने की उम्र में उत्तर प्रदेश के लिए रणजी ट्रॉफी में डेब्यू कर लिया था, लेकिन इसके बाद चोट ने उनके करियर में ब्रेक लगा दिया.
जबरदस्त गति से गेंद फेंकने वाले त्यागी को राजस्थान रॉयल्स ने 1.3 करोड़ रुपये में अपने साथ जोड़ा है. उन्हें मिले इस दाम के लिए पिछले साल अंडर-19 वर्ल्ड कप में त्यागी की जबरदस्त तेज गेंदबाजी जिम्मेदार है. खासतौर पर ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ लिए गए 4 विकेट शायद ही कोई भूल पाएगा. अपने पापा के खेतों से बोरी ढोकर रोजाना मंडी तक ले जाने वाले त्यागी की गेंदों की तेजी आईपीएल -2020 में देखने लायक होगी.