1986 में प्रणब मुखर्जी ने कांग्रेस ने अलग होकर नई पार्टी बनाई थी.
पूर्व सीएम और पीसीसी चीफ कमलनाथ (kamalnath) ने प्रणब दा (Pranb da) के निधन को व्यक्तिगत क्षति बताया.
कमलनाथ ने अपने ट्वीट में लिखा – बेहद दुखद ख़बर प्राप्त हुई.श्री मुखर्जी के साथ लंबे समय तक काम करने का अवसर मिला.वो एक कुशल राजनीतिज्ञ , सरल व्यक्तित्व के धनी होकर दूरदृष्टि और मजबूत इरादों वाले व्यक्ति थे.उनका निधन मेरे लिये व्यक्तिगत क्षति के समान है.परिवार के प्रति मेरी शोक संवेदनाएं.कमलनाथ ने आगे लिखा-ईश्वर उन्हें अपने श्रीचरणों में स्थान और परिवार को यह दुःख सहने की शक्ति प्रदान करे.
देश के पूर्व राष्ट्रपति श्री प्रणव मुखर्जी के निधन की बेहद दुखद ख़बर प्राप्त हुई।श्री मुखर्जी के साथ लंबे समय तक कार्य करने का अवसर मिला।एक कुशल राजनीतिज्ञ , सरल व्यक्तित्व के धनी होकर दूरदृष्टि इरादों वाले व्यक्ति थे।उनका निधन मेरे लिये व्यक्तिगत क्षति के समान है।
— Office Of Kamal Nath (@OfficeOfKNath) August 31, 2020
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने दी श्रद्धांजलि
पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन पर बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष VD शर्मा ने कहा-प्रणबजी की पहचान देश के सर्वमान्य नेता के रूप में थी. आज हमने सर्वमान्य नेता को खो दिया. उन्हें BJP परिवार की ओर से विनम्र श्रद्धांजलि.
केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने पूर्व राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी के निधन पर शोक संवेदना व्यक्त कीं. उन्होंने कहा- प्रणब जी देश के प्रख्यात नेता थे.उनका जीवन समर्पित और निष्कलंक रहा.वो अपनी योग्यता के बल पर राष्ट्रपति पद तक पहुंचे. राष्ट्रपति के रूप में उनकी देश सेवा उल्लेखनीय रही. उनका निधन दुखद है.