शाजापुर18 घंटे पहले
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बहादुरसिंह चौहान, शाजापुर-मक्सी की प्यास बुझाने के साथ ही नर्मदा शिप्रा बहुउद्देशीय परियोजना से के तैयार पाइप लाइन की यह रेखा आने वाले दिनों में शाजापुर व उज्जैन जिले की तकदीर बदल देगी। दोनों जिले के 100 से ज्यादा गांवों के मृत जलस्रोतों में पूरे साल नर्मदा का जल बहने लगेगा। इससे किसानों को पूरे साल सिंचाई में पानी की कमी नहीं आएगी। इन गांवों के किसान एक साल में 3-3 फसलें ले सकेंगे। शाजापुर व मक्सी नगर की पेयजल समस्या का भी स्थायी समाधान हो जाएगा। जनवरी 2020 से शुरू हुई 2200 करोड़ की इस परियोजना का काम मार्च 2022 तक निपटाने का दावा किया जा रहा है। नर्मदा से शाजापुर तक पानी लाने के लिए नर्मदा विकास प्राधिकरण 5 स्थानों पर पंप हाऊस बनाएगा। इन पाइप हाउस के जरिये नर्मदा का पानी देवास और वहां से सीधे एबी राेड के साइड से शाजापुर पहुंचाया जाएगा। इस बीच मक्सी से दो पाइप लाइनें निकलेंगी। एक शाजापुर और दूसरी उज्जैन जिले के तराना व घट्टिया जनपद पंचायत की तरफ जाएगी। इसमें तराना के 77 और घट्टिया के 6 गांवों को जोड़ जाएगा।
पाइप लाइन से क्षेत्र के पानी के स्रोतों में छोड़ेंगे पानी
पाइप लाइन के समीप वाले जलस्रोतों में नर्मदा से आ रहे पाइप लाइन से पानी छोड़ा जाएगा। इसके लिए जल्द ही पाइप लाइन वाले क्षेत्रों से निकले नदी, नाले, तालाब व स्टॉपडेम की जल संसाधन विभाग ने जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है। इन स्थानों का नाम चिह्नित कर विभाग एनवीडीए को दे देगा। इसी के आधार पर एनवीडीए इन जलस्रोतों में पानी पहुंचाने के लिए पाइप लाइन बिछाने का काम करेगा।
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