Shatayu Gachadhipati will perform 100 prayers on birth centenary day | शतायु गच्छाधिपति जन्म शताब्दी दिवस पर 100 आराधक करेंगे आयम्बिल

Shatayu Gachadhipati will perform 100 prayers on birth centenary day | शतायु गच्छाधिपति जन्म शताब्दी दिवस पर 100 आराधक करेंगे आयम्बिल


रतलाम11 मिनट पहले

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  • प्रमुख जिनालयों में होगी अंगरचना, सूरत में विराजित हैं गच्छाधिपति

विशाल सागर समुदाय के आचार्य देव शतायु गच्छाधिपति दोलतसागरसूरीश्वर जी मसा का जन्म शताब्दी दिवस बुधवार को आस्था और आराधना के साथ मनाया जाएगा। आराधक शतायु गच्छाधिपति के उत्तम स्वास्थ्य के साथ चिरंजीवी होने की मंगल कामनाएं करते हुए तप-आराधना करेंगे। वे गुजरात के सूरत में विराजित हैं। पूज्य आचार्य देव बंधुबेलड़ी की प्रेरणा से शतायु गणनायक के शताब्दी जन्म महोत्सव प्रसंग पर बुधवार को पौषध, उपवास, आयम्बिल, नवकार भाष्य जाप, सामायिक की आराधना सहित अन्य तपस्याएं भक्तजन करेंगे।

100 आराधक आयम्बिल तथा सामूहिक सामायिक करेंगे

श्री देवसुर तपागच्छ चारथुई जैन श्रीसंघ, गुजराती उपाश्रय श्री ऋषभदेव केशरीमल जैन श्वे. पेढ़ी ने बताया कि साध्वी पूर्णयशाश्रीजी मसा, साध्वी कल्पयशाश्रीजी मसा, साध्वी सूचि प्रज्ञाश्रीजी मसा, साध्वी जिग्नेशरत्नाश्रीजी मसा व साध्वी राजगुणाश्रीजी मसा की निश्रा में स्नात्र महोत्सव व जन्म शताब्दी महोत्सव पर 100 आराधक आयम्बिल तथा सामूहिक सामायिक गुजराती उपाश्रय सायर चबूतरा पर करेंगे। इसी क्रम में बन्धु बेलड़ी के चातुर्मास हेतु जिले के सैलाना में विराजित शिष्य रत्न पन्यास प्रवर प्रसन्नचन्द्रसागर जी एवं बडनगर में विराजित गणिवर्य आनंदचन्द्रसागर जी मसा की प्रेरणा से तप-आराधना व सामायिक की आराधना की जाएगी। सभी जगह सोशल डिस्टेंस नियमों का पालन किया जाएगा।

शहर के इन मंदिरों में की जाएगी अंगरचना
शहर के सभी प्रमुख जिन मंदिर पर अंगरचना की जाएगी। इनमें श्री मोती पूज्यजी मंदिर चौमुखीपुल, श्री शांतिनाथजी जैन मंदिर व कबीर सा. मंदिर थावरिया बाजार, श्री अजितनाथ जी मंदिर सेठजी का बाजार, श्री शामला पार्श्वनाथ जी मंदिर, श्री महावीरधाम तेजा नगर, करमचंद जी जैन मंदिर हनुमान रूंडी, श्री लालचंद मंदिर आदि शामिल है।

सूरत के 230 जिनालय और 170 घर देरासर में अंगरचना
सूरत के 230 जिनालय और 170 घर देरासर में अंगरचना होगी। जबकि जैन तीर्थ अयोध्यापुरम मेंपरमात्मा के पवित्र स्त्रोत द्वारा अखंड अभिषेक, देरासर जी में 100 दीपक के साथ भव्य आरती, अखंड जाप 100 स्वस्तिक – 100 दीपक – 100 नैवैध- 100 फल से सजावट, तीर्थ में विराजित साधु साध्वीजी भगवंत द्वारा अखंड जाप सहित अन्य आयोजन सेवा परिवार द्वारा किए जाएंगे।

81 वर्ष का सुदीर्ध संयम पर्याय के शतायु स्वामी
अपने संदेश में आचार्य बन्धु बेलड़ी ने कहा कि दुनिया में 7 अरब से अधिक लोग हैं जिनमे में 3.2 लाख शतायु बुजुर्ग हैं, वहीं भारत में शतायु बुजुर्गों की संख्या करीब 30 हजार है। इनमें से भी शतायु साधु संत बमुश्किल 20 से 25 होंगे। यह सागर समुदाय के लिए गौरव का क्षण है कि इनमें से एकमात्र मुनि, आचार्य श्री दोलतसागरसूरीश्वर जी म.सा हमारे समुदाय के शतायु गच्छाधिपति है। आपने कहा 100 वर्ष की आयु में से 81 वर्ष का सुदीर्ध संयम पर्याय के स्वामी का आज हम जन्म शताब्दी महोत्सव मनाने जा रहे हैं।

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