इंदौर23 मिनट पहले
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नवागत आईजी बोले – चुनाव और अपराध और अपराधियों पर नियंत्रण हमारी प्राथमिकता रहेगी।
- गॉर्ड ऑफ ऑनर के साथ देशमुख का आईजी शर्मा, डीआईजी मिश्र और स्टाफ ने वेलकम किया
- आईजी विवेक शर्मा ने अपना पद देशमुख को सौंपा, बोले – यहां मिले सहयोग को कभी नहीं भूलूंगा
भोपाल पुलिस मुख्यालय में आईजी प्रशासन के पद से स्थानांतरित होकर इंदौर आईजी बने वर्ष 1995 बैच के आईपीएस अधिकारी योगेश देशमुख ने सोमवार को इंदौर आईजी का पद ग्रहण कर लिया। वे शाम साढ़े पांच बजे आईजी कार्यालय पहुंचे तो यहां उन्हें गॉर्ड ऑफ ऑनर के साथ आईजी विवेक शर्मा, डीआईजी हरिनारायणाचारी मिश्र और स्टाफ के पुलिस अधिकारी कर्मचारियों ने वेलकम किया। बाद में कागजी कार्रवाई कर आईजी विवेक शर्मा ने अपना पद देशमुख को सौंपा।
पद ग्रहण करते ही आईजी देशमुख ने कहा कि वर्तमान में पुलिस के लिए सबसे बड़ा टॉस्क कोरोना बीमारी का है। सभी विभागों के साथ आपसी सामंजस्य स्थापित कर पुलिस विभाग भी इस बीमारी से लड़ने में मिल जुलकर काम करेगा। विभाग में भी कई जवान व अधिकारी इसकी चपेट में आए हैं, उनकी सेहत को ध्यान में रखते हुए इस गंभीर बीमारी के काल में जनता को बेहतर पुलिसिंग दें, यही हमारा प्राथमिक लक्ष्य है। इसके अलावा आगामी चुनाव और बढ़ते अपराधों को लेकर उन्होंने कहा कि जो पुलिस को लगातार नए चैलेंज मिलते रहते हैं। इसी के लिए हमारी ट्रेनिंग भी वैसी ही होती है। इसलिए चुनाव और अपराध और अपराधियों पर नियंत्रण हमारे लिए प्राथमिकता रहेगी।
रिलीव हुए आईजी विवेक शर्मा ने कहा कि मेरे जितने भी अधीनस्थ कर्मचारी अधिकारी रहे कोरोना काल के इस कठिन समय में उन्होंने कंधे से कंधा मिलाकर काम किया। जान कि परवाह किए बिना विभाग का हर कर्मचारी कर्तव्य का निर्वाहन करता रहा है। हमने कई बेहतरीन उपलब्धियां हासिल की। कोई भी वारदात अनसुलझी नहीं है। सभी बड़े अपराधी सलाखों के पीछे हैं। बिना कोई रेस्ट लिए लगातार काम करने का अनुभव यादगार रहेगा। आशा करता हूं सदैव स्टाफ ऐसा ही काम करेगा। जनता के बीच पुलिस ने मेरे कार्यकाल में एक स्थान बनाया है। वह मेरे लिए खुशी का पल है। इसके लिए मीडिया और जनप्रतिनिधियों व जनता के सहयोग को कभी नहीं भूलूंगा।
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