जेल के अंदर राष्ट्रीय गीत के सम्मान में सिमी कैदियों को छोड़कर बाकी के कैदी खड़े होते हैं.
सिमी कैदियों (Simi Prisoners) ने जेल प्रशासन से कैंटीन की सुविधा और मुलाकात की सुविधा की डिमांड रखी है. इसके अलावा बाहरी सामान से भी प्रतिबंध हटाने की उनकी मांग है.
भोपाल. भोपाल सेंट्रल जेल (Bhopal Central Jail) से भागने के बाद पुलिस एनकाउंटर में मारे गए 8 सिमी कैदियों के बाद सरकार ने सख्ती बरतते हुए जेलों में बाहर से आने वाले सामान में प्रतिबंध लगा दिया था. साथ ही कई पाबंदियां भी लगाई गई थीं. इतना ही नहीं बाकी के 19 से ज्यादा सिमी के कैदियों (Simi prisoners) को हाल ही में जेल में बनी अंडा सेल (Egg cell) में रखा गया. अब अपने ऊपर सख्ती देख सिमी कैदियों ने भूख हड़ताल (Hunger strike) का नया ड्रामा किया है. वे जेल प्रशासन को अपनी मांगों के लिए ब्लैकमेल कर रहे हैं. जब जेल प्रशासन ने उनकी मांगे नहीं मानी तो उन लोगों ने भूख हड़ताल का ड्रामा किया है.
गांधी जयंती पर नहीं खाया विशेष खाना
भोपाल सेंट्रल जेल की अंडा सेल में बंद कुख्यात सिमी कैदी पिछले 3 दिन से ड्रामा कर रहे हैं. ये कैदी राष्ट्रगीत पर खड़ा नहीं होते हैं. साथ ही इस बार महात्मा गांधी के जन्मदिन को नहीं मनाया. इन सिमी कैदियों में से चार ने कल दाल खाई. सिमी कैदी अंडा सेल से बाहर आने के लिए और कई तरह की सुविधा वापस लेने के लिए ड्रामा कर रहे हैं. सिमी कैदियों ने गांधी जयंती 2 अक्टूबर को जेल में बने विशेष भोजन का बहिष्कार किया था. इससे पहले भी 15 अगस्त 26 जनवरी पर भी पूरी सब्जी और खीर का बहिष्कार कर चुके हैं.राष्ट्रगीत के सम्मान में नहीं खड़े होते सिमी कैदी
जेल के अंदर राष्ट्रीय गीत के सम्मान में सिमी कैदियों को छोड़कर बाकी के कैदी खड़े होते हैं. सिमी कैदी इस गीत के दौरान अपनी जगह से खड़े नहीं होते हैं. सिमी कैदी लगातार जेल प्रहरियों से दुर्व्यवहार करते हैं. जेल ब्रेक के दौरान यह बात सामने निकल कर आई थी कि ये अपनी मर्जी से जेल के अंदर रहते थे और अपनी मर्जी से सब कुछ करते थे. वे जेल कर्मियों से भी गाली गलौज करते थे.
डिमांड के लिए कर रहे है ब्लैकमेल
सिमी कैदियों ने जेल प्रशासन से कैंटीन की सुविधा और मुलाकात की सुविधा की डिमांड रखी है. इसके अलावा बाहरी सामान से भी प्रतिबंध हटाने की उनकी डिमांड है. साथ ही घड़ी और व्यक्तिगत रूप से न्यूज़पेपर की डिमांड भी की है, जबकि जेल ब्रेक के बाद मध्य प्रदेश की सभी जिलों में बाहरी सामान पर प्रतिबंध है. कोरोना के चलते मुलाकात पर भी कई महीनों से प्रतिबंध लगा हुआ है.