कांग्रेस ने याद दिलाया कि विकास के मामले में छिंदवाड़ा मॉडल का उदाहरण दिया जाता है
शिवराज (Shivraj) के आरोपों का कांग्रेस ने जवाब दिया है. पार्टी ने कहा-कमलनाथ (Kamalnath) का 40 साल का राजनीतिक अनुभव है. वो उस दौर से राजनीति कर रहे हैं जब शिवराज ने राजनीति का ककहरा भी नहीं सीखा था.
शिवराज ने कहा-मध्य प्रदेश की जनता और यहां की परंपरा से कमलनाथजी अनिभिज्ञ हैं. 40 साल के संसदीय जीवन में उन्होंने मध्यप्रदेश के लिए क्या किया है वह बताएं. कमलनाथजी मध्य प्रदेश को केवल चारागाह मानते हैं. उद्योगपति रहते उन्होंने मध्यप्रदेश में एक उद्योग नहीं लगाया. वे उद्योग कहीं और लगाते हैं, टैक्स कहीं और पटाते हैं. केवल राजनीति यहां करते हैं. कमलनाथ को मध्य प्रदेश की जनता और मध्य प्रदेश से कभी लगाव नहीं रहा और ना आज है.
बीजेपी की सभाओं में सवाल
उधर बीजेपी की सभाओं में भी कमलनाथ के बाहरी होने का मुद्दा लगातार उठाया जा रहा है. डबरा से बीजेपी प्रत्याशी इमरती देवी कई बार अपने भाषणों में यह कह चुकी हैं कि आखिर कमलनाथ बताएं कि वह कहां के हैं. वह उत्तर प्रदेश के हैं या बंगाल के हैं. उन्हें जनता के सामने यह स्पष्ट करना चाहिए. इसके अलावा बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष वी डी शर्मा भी कमलनाथ पर निशाना साधते हुए उन्हें कमल सेठ तक कह चुके हैं.
कांग्रेस का पलटवार
एक तरफ जहां बीजेपी कमलनाथ को निशाने पर ले रही है वहीं कांग्रेस ने बीजेपी पर पलटवार किया है. कांग्रेस का कहना है बीजेपी उपचुनाव में मुद्दों से भटकाने की राजनीति कर रही है. कमलनाथ का 40 साल का राजनीतिक अनुभव है. वो उस दौर से राजनीति कर रहे हैं जब शिवराज ने राजनीति का ककहरा भी नहीं सीखा था. वह लंबे समय तक छिंदवाड़ा से सांसद रहे हैं. विकास के मामले में छिंदवाड़ा मॉडल का उदाहरण दिया जाता है. फिलहाल वो मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री हैं. ऐसे में बीजेपी नेताओं का कमलनाथ को बाहरी बताना फिजूल का मुद्दा बनाने वाली बात है. उपचुनाव में कांग्रेस ने जनता का हाथ कमलनाथ के साथ होने का दावा किया है.