1 जनवरी से सभी चार पहियों वाले वाहनों के लिए फास्टैग को अनिवार्य कर दिया गया है.
इस समय देश के 80 फीसदी टोल प्लाजा (Toll plaza) पर फास्टैग (Fastag) की सुविधा है. जिसे सरकार दिसंबर अंत 100 फीसदी करना चाहती है. ऐसे में यदि आपने अपने वाहन पर फास्टैग नहीं लगवाया तो आपको हाईवे (highway) पर असुविधा हो सकती है.
- News18Hindi
- Last Updated:
November 15, 2020, 5:51 AM IST
कैसे काम करता है फास्टैग?- बता दें कि फास्टैग सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय और NHAI की पहल है. यह एक इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन तकनीक है. एक एक रेडियो फ्रीक्वेंसी पहचान टैग है, जो गाड़ियों के आगे के शीशे पर लगा होता है. ताकि टोल प्लाजा से गुजरने पर वहां लगा सेंसर इसे रीड कर सके. जब फास्टैग की मौजूदगी वाला व्हीकल टोल प्लाजा से गुजरता है तो टोल टैक्स फास्टैग से जुड़े प्रीपेड या बचत खाते से खुद ही कट जाता है.
कैसे प्राप्त कर सकते है फास्टैग?- नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अनुसार फास्टैग ई-कॉमर्स वेबसाइट अमेजन, फ्लिपकार्ट, स्नैपडील औा पेटीएम पर उपलब्ध है. इसके अलावा आप फास्टैग को बैंक और पेट्रोल पंप से भी खरीद सकते है. बैंक से फास्टैग खरीदते समय आप ध्यान रखें कि जिस बैंक में आपका खाता है उसी बैंक से आप फास्टैग खरीदे. यह भी पढ़ें: Happy Diwali 2020: दिवाली पर खरीदनी है कार, तो 4 लाख के बजट में ये मॉडल है बेस्ट
कितने में मिलेगा फास्टैग?- नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के अनुसार आप फास्टैग को किसी भी बैंक से 200 रुपये में खरीद सकते हैं. वहीं आप फास्टैग को कम से कम 100 रुपये से रिचार्ज करा सकते हैं. सरकार ने बैंक और पेमेंट वॉलेट को रिचार्ज पर अपनी ओर से कुछ अतिरिक्त चार्ज लगाने की छूट दी है.
फास्टैग के लिए कौन से दस्तावेज चाहिए?- फास्टैग खरीदने के लिए आपको ड्राइविंग लाइसेंस का फोटो कॉपी और अपने वाहन का रजिस्ट्रेशन चाहिए होगा. वहीं आप फोटो आईडी के तौर पर आधार कार्ड और पासपोर्ट या पैन कार्ड का भी प्रयोग कर सकते हैं.