सुनील गावस्कर अपने बेटे रोहन को ढाई महीने बाद देख पाए थे.
अपने बेटे के जन्म के वक्त गावस्कर (Sunil Gavaskar) वेस्टइंडीज के दौरे पर थे. 1976 में भारत और वेस्टइंडीज के बीच सीरीज खेली जा रही थी, जब रोहन गावस्कर का जन्म हुआ था. पूर्व भारतीय क्रिकेटर अंशुमन गायकवाड़ (Anshuman Gaikwad) ने सुनील गावस्कर के इस किस्से के बारे में बताया है.
- News18Hindi
- Last Updated:
November 22, 2020, 1:29 PM IST
हाल ही में कपिल देव (Kapil Dev) ने बताया कि सुनील गावस्कर कई महीनों तक अपने बेटे को नहीं देख पाए थे. अपने बेटे के जन्म के वक्त गावस्कर (Sunil Gavaskar) वेस्टइंडीज के दौरे पर थे. 1976 में भारत और वेस्टइंडीज के बीच सीरीज खेली जा रही थी, जब रोहन गावस्कर का जन्म हुआ था. पूर्व भारतीय क्रिकेटर अंशुमन गायकवाड़ (Anshuman Gaikwad) ने सुनील गावस्कर के इस किस्से के बारे में बताया है कि किस तरह अपने बेटे से नहीं मिल पाने के कारण वह परेशान हो रहे थे.
साक्षी धोनी ने खोले माही के राज़, बोलीं- किसी और का गुस्सा मुझपर उतार देते हैं
अंशुमन गायकवाड़ ने बताया कि गावस्कर अपने बेटे को देखने के लिए भारत आना चाहते थे, क्योंकि भारत की अगली सीरीज दो सप्ताह के बाद वेस्टइंडीज में थी, लेकिन बीसीसीआई ने उन्हें इजाजत नहीं दी. बीसीसीआई ने गावस्कर से बाकी टीम के साथ वेस्टइंडीज जाने के लिए कहा.उन्होंने बताया कि गावस्कर अपने बेटे रोहन (Rohan Gavaskar) को ढाई महीने के बाद देख पाए थे. इसका गुस्सा और अवसाद वेस्टइंडीज दौरे पर और भी बढ़ गया था. वेस्टइंडीज के गेंदबाजों के बाउंसर्स और बीमरों ने पांच भारतीयों को अस्पताल पहुंचा दिया था. गावस्कर के ओपनिंग पार्टनर अंशुनमान गायकवाड़ ने डेली गार्डियन में लिखे कॉलम में लिखा कि गावस्कर के बाउंसर्स और बीमरों की शिकायत अंपायर से करने पर मजाक उड़ाना याद आता है.
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ जमकर पसीना बहा रहे विराट कोहली, ऐसे कर रहे तैयारी- PICS
उन्होंने बताया, ”गावस्कर की शिकायत पर अंपायर ने कहा था कि हम शॉर्ट बॉल खेलने के आदी नहीं हैं, इस पर पूर्व बल्लेबाज और भी गुस्सा हो गए थे. मैं उनसे शांत रहने की अपील कर रहा था, क्योंकि मैंने पहली बार उन्हें गुस्से में देखा था.” गायकवाड़ ने बताया कि गावस्कर ने मुझसे कहा था, ”मैं यहां मरना नहीं चाहता. मैं घर जाना चाहता हूं और अपने बेटे को देखना चाहता हूं.”