बीजेपी पचमढ़ी में शिविर आयोजित कर नेताओं को ट्रेनिंग दगी. (प्रतिकात्मक तस्वीर)
पार्टी पचमढ़ी की वादियों के बीच 13-14 फरवरी को शिविर लगाएगी. इसके लिए पार्टी के सभी विधायकों को बुलावा भेजा गया है.
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February 1, 2021, 9:56 AM IST
यह प्रशिक्षण शिविर इस मायने में भी महत्वपूर्ण होगा कि इसमें कांग्रेस से दल बदल कर BJP में शामिल हुए सिंधिया समर्थक विधायक शामिल होंगे. सिंधिया समर्थक विधायकों को भाजपा की नीति से रूबरू कराने के लिए यह प्रशिक्षण शिविर खासा अहम होगा. यह प्रशिक्षण शिविर इसलिए भी अहम होगा क्योंकि 22 फरवरी से विधानसभा का सत्र शुरू होने वाला है और सत्र से पहले बीजेपी अपने विधायकों को साध कर रखने की कोशिश में लगी है, ताकि विधानसभा सत्र के दौरान किसी तरह की चूक ना हो.
2 दिन के प्रशिक्षण शिविर में मिशन 2023 को लेकर मंथन होगा
किसी भी तरह की गुटबाजी न हो और 2023 के चुनाव में दोबारा सत्ता पाने के लिए बीजेपी अभी से तैयारी में जुट गई है. बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा की कार्यकारिणी की टीम भी इस प्रशिक्षण शिविर में शामिल होगी. पार्टी ने जो गाइडलाइन तय की है उसके तहत प्रशिक्षण शिविर के लिए संपादक मंडल का गठन किया जा रहा है. सोशल मीडिया के लिए रणनीति और भाजपा के संपादक मंडल के साथ ही विज्ञापन होर्डिंग पोस्टर के लिए जिला अध्यक्षों को अनुमति लेने के बाद ही कदम उठाने होंगे.दलालों से दूर रहने की देगी नसीहत
बैठक में पदाधिकारियों को सत्ता के दलालों से दूर रहने की नसीहत भी दी जाएगी. साथ इस बात के भी टिप्स दिए जाएंगे कि किस तरीके से प्रदेश का विकास किया जाए और विधानसभा क्षेत्र में पार्टी खुद को मजबूत करे. इंदौर में प्रदेश प्रभारी मुरलीधर राव की मौजूदगी में बीजेपी पदाधिकारियों की बैठक में निकाय चुनाव के साथ ही 2023 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर भी मंत्र दिया गया था. अब पचमढ़ी में पार्टी के बड़े नेताओं की मौजूदगी में विधायकों को पार्टी के आगामी कार्यक्रमों और उसमें भाजपा विधायकों की भूमिका को लेकर मंथन होगा. पार्टी विधानसभा सत्र के दौरान भी विधायकों की भूमिका को लेकर चर्चा करेगी. विपक्ष की रणनीति को भापकर भाजपा ने सत्तारूढ़ पार्टी के रवैया और विधायकों के व्यवहार को लेकर चर्चा होगी. कई मायनों में बीजेपी का प्रशिक्षण शिविर आशा अहम होगा.