Indore News: नगर निगम हरकत ने एक महिला को अपने पति से मिलाया, बेघर बुजुर्गों का वीडियो देखकर पहचाना

Indore News: नगर निगम हरकत ने एक महिला को अपने पति से मिलाया, बेघर बुजुर्गों का वीडियो देखकर पहचाना


नगर निगम की घटना से एक बुजुर्ग महिला का अपने पति से पुनर्मिलन हो गया.

नगर निगम के जिस कृत्य से उसकी पूरे देश में बदनामी हो रही है, उससे अनजाने ही एक बुजुर्ग महिला का पति उसे मिल गया. वह एक महीने से घर से लापता था, महिला ने वायरल वीडियो में अपने पति को देखा और पहचान गई.


  • News18Hindi

  • Last Updated:
    February 4, 2021, 9:21 AM IST

इंदौर. नगर निगम ने भले ही बेघर बुजुर्गों को शहर से बाहर डंप करने के लिए ले जाने का अमानवीय कृत्य किया हो, जिससे व्यापक आक्रोश पैदा हुआ हो, लेकिन इस घटना से एक बुजुर्ग महिला का अपने पति से पुनर्मिलन हो गया, जो पिछले एक महीने से लापता था और मानसिक रूप से बीमार था. महिला ने अपने पति की गुमशुदगी की रिपोर्ट भी दर्ज कराई थी.

महिला पुष्पा सालवी ने बताया कि पिछले शुक्रवार को शहर से निकाले गए कुछ बेघर लोगों के सोशल मीडिया पर तस्वीरें और वीडियो देखे, तो उन्होंने अपने पति अनिल सालवी (50) को पहचान लिया, जो इंदौर के बाहरी इलाके निपानिया बाईपास रोड पर बैठे थे. महिला के पति ने पिछले महीने घर छोड़ दिया था और वह मानसिक रूप से परेशान था. पुष्पा सालवी ने उसे बहुत खोजा, लेकिन वह नहीं मिला तो पत्नी ने पुलिस में अपने पति की गुमशुदगी दर्ज कराई थी.

48 वर्षीय पुष्पा सालवी ने पिछले हफ्ते अपने पति को कुछ बेघर लोगों के साथ वायरल हुए वीडिया में देखा और वह पहचान गई, ये वही बुजुर्ग थे, जिन्हें नगर निगम इंदौर की गाड़ी में भरकर शहर से बाहर छोड़ने के लिए ले जाया गया था. पुष्पा ने बताया कि ” जब मैं अपने पति को नहीं खोज पाई तो चंदन नगर थाने में अपने लापता पति की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, 29 जनवरी को मुझे किसी का फोन आया कि मेरा पति निपनिया इलाके में मिला है, जिसके बाद मैंने वहां जाने के लिए टैक्सी ली.” पुष्पा ने बताया कि उन्हें अपने पति तक पहुंचाने में इंदौर नगर निगम के कर्मचारियों ने उसकी कोई मदद नहीं की.

पुष्पा कहती हैं कि “जब मैं वहां पर पहुंची तो मेरे पति पांच-सात अन्य बुजुर्ग व्यक्तियों के साथ वहां लेटे हुए थे.” पुष्पा सालवी ने आरोप लगाते हुए कहा कि इंदौर नगर निगम के कर्मचारियों ने उनके पति को घर वापस लाने में कोई मदद नहीं की. वहां से अपने पति को मैं सीधे मानसिक अस्पताल ले गई, जहां डॉक्टरों ने उसे दवाइयां दीं, इसके बाद मैं 29 जनवरी की देर शाम पति को घर वापस ले आई.”यह है मामला
29 जनवरी को निगमकर्मी डंपर में डालकर 10 से 12 बुजुर्गों को शिप्रा छोड़ने पहुंच गए थे. यहां बुजुर्गों के साथ अमानवीय हरकत देख ग्रामीणों ने विरोध किया तब उन्हें डंपर में बिठाकर वापस इंदौर भेज दिया. ग्रामीणों ने पूरे घटनाक्रम का वीडियो बनाकर वायरल कर दिया। मामला सामने आने के बाद निगम ने उपायुक्त प्रताप सिंह को निलंबित कर दिया है जबकि दो कर्मचारियों की सेवा समाप्त कर दी है.








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