शक्ति प्रदर्शन: प्रदेश की दोनों बड़ी पार्टियों में नेताओं के बीच बनी खाई अब नए सियासी घमासान का दे रही संकेत

शक्ति प्रदर्शन: प्रदेश की दोनों बड़ी पार्टियों में नेताओं के बीच बनी खाई अब नए सियासी घमासान का दे रही संकेत


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जयपुरकुछ ही क्षण पहले

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एक तरफ गहलोत सरकार बजट सत्र तैयारी में जुटी है तो दूसरी तरफ इस दौरान सचिन पायलट की जनसभाएं होंगी।

  • गहलोत बजट में व्यस्त; पायलट-विश्वेंद्र जुटे शक्ति जुटाने में, पूरा राजस्थान लक्ष्य
  • वसुंधरा के जन्मदिन से फिर किसी बड़े पॉलिटिकल मूवमेंट की आहट

राजस्थान में सर्दी का मौसम भले ही अभी खत्म नहीं हुआ लेकिन यहां की सियासत में अभी से गर्म हवाएं चलनें लगी हैं। एक तरफ गहलोत सरकार बजट सत्र तैयारी में जुटी है तो दूसरी तरफ इस दौरान सचिन पायलट की जनसभाएं होंगी। भले ही पायलट इसे किसान सम्मेलन का नाम दे रहे हैं लेकिन यहां जिस तरह के सियासी हालात हैं, उसे देखते हुए इसे पायलट के शक्ति प्रदर्शन से जोड़कर भी देखा जा रहा है। क्योंकि पायलट की ये सभी सभाएं उनके खेमें वाले विधायकों के क्षेत्रों में ही हो रही हैं। शुक्रवार को पायलट ने दौसा में किसान महापंचायत की, अब इसके बाद 9 फरवरी को बयाना, 17 फरवरी को चाकसू के कोटखावदा में सभा को संबोधित करेंगे। उनके करीबी विश्वेंद्र सिंह ने भी डीग में किसान महापंचायत बुला ली है।

सवाल: बजट सत्र के बीच दौरे?
इधर 10 फरवरी से बजट सत्र है। पायलट बजट सत्र के दौरान लगातार सभाएं करेंगे। अप्रेल में उपचुनावों से पहले तक यही चलेगा। कुछ नेताओं का कहना है गहलोत पर दबाव बढ़ाने की दूसरी कोशिश तो नहीं है।

33 जिलों में किसान सम्मेलन
फरवरी के अंत में बाड़मेर व नागौर में किसान सम्मेलन संभावित है। पायलट खेमे के अनुसार अप्रैल माह तक प्रदेश के सभी 33 जिलों में किसान सम्मेलन आयोजित कर लिए जाएंगे।
निशाना आलाकमान तक

गहलोत से टकराव के बाद से पायलट हाशिए पर हैं। न फिर से मंत्रिमंडल में जगह मिली, न गहलोत डिगे। प्रभारी माकन भी कुछ नहीं कर पाए। अब सभाओं से आलाकमान को संदेश की कोशिश है।

वसुंधरा के जन्मदिन से फिर किसी बड़े पॉलिटिकल मूवमेंट की आहट

पूर्व सीएम वसुंधरा राजे का 8 मार्च काे आने वाला जन्मदिन सियासी अवसर के रूप में मनाने की तैयारी चल रही है। वसुंधरा समर्थक नेता इसकी तैयारियाें में जुट गए है। ऐसे में तय माना जा रहा है कि सत्ता जाने के बाद राजे का अगले महीने कोई नया पाॅलिटिकल मूवमेंट शुरू हो सकता है। वह खुद के जन्मदिन और महिला दिवस के उपलक्ष्य में बड़ा शक्ति प्रदर्शन कर सकती है।

भरतपुर में वसुंधरा राजे समर्थकाें ने उनके आने की तैयारियां शुरु कर दी है। भरतपुर में गोवर्धन के पूंछरी और गिर्राज जी के दर्शन और अन्य मंदिरों में दर्शन काे लेकर कार्यकर्ताओं ने तैयारी की है। हालांकि अभी तक राजे की तरफ से उनका फाइनल प्रोग्राम जारी नहीं हुआ है, लेकिन उनके समर्थकाें ने दौरे की तैयारियां शुरू हो गई हैं। उधर भाजपा में धुर विरोधियों से नाराज राजे ने अपने समर्थकों को एकजुट करना शुरू कर दिया है।

आलाकमान की है नजर
युनूस खान के दाैरे के बाद प्रदेश संगठन राजे के दाैराें काे लेकर डिटेल जुटानी शुरू कर दी है। पड़ताल कराई जा रही है। केंद्रीय आलाकमान काे भी मीडिया रिपाेर्ट्स फाॅरवर्ड की गई है। प्रदेश संगठन इस मामले में दिशा-िनर्देश भी मांग सकता है। चर्चा है कि युनूस खान व प्रताप सिंह सिंघवी अपने खेमे के नेताओं को एकजुट करने में जुटे हैं। राजे दिल्ली में अमित शाह, राजनाथ सिंह सहित कई नेताओं से मिल रही है।



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