उज्जैन के विक्रम यूनिवर्सिटी में दो प्रोफेसरों के बीच मारपीट हो गई. कुलपति ने दोनों से माफीनामा लिखवाया. (सांकेतिक तस्वीर)
दरअसल, दिव्यांग प्रोफेसर कामरान सुलतान एलएलएम पढ़ना चाहते थे, इसलिए उनकी क्लास दोपहर को होनी थी. इस पर प्रोफेसर दीनदयाल ने आपत्ति जताई थी. इसी मुद्दे पर सुलह के लिए वे कुलपति के पास जा रहे थे.
- News18Hindi
- Last Updated:
February 6, 2021, 6:49 PM IST
एक की छूट पर दूसरे को आपत्ति
बताया गया है कि विक्रम विश्वविद्यालय के एमबीए डिपार्टमेंट के दो प्रोफेसर डॉ कामरान सुल्तान और डॉ दीनदयाल बेदी के बीच विवाद हुआ. दरअसल, डॉ कामरान एलएलएम करना चाहते हैं और उनकी क्लास का समय दिन में रहेगा. इस बात पर आपत्ति डॉ बेदी ने उठाई कि अगर दिन में कामरान एलएलएम पढ़ने जाएंगे तो डिपार्टमेंट की क्लास इससे प्रभावित होगी. इस पर दोनों चर्चा के लिए रजिस्टार के पास पंहुचे. लेकिन बात किसी नतीजे तक पंहुचती उससे पहले दोनों में विवाद शुरू हो गया. विवाद इतना बढ़ा कि रजिस्ट्रार कार्यालय के बाहर दोनों के बीच हाथापाई हो गई. दिव्यांग प्रोफेसर कामरान सुलतान के मुंह से खून निकलने लगा तो वहीं प्रोफेसर दीनदयाल के कपड़े फट गए.
कुलपति ने दोनों से लिखवाया माफीनामाजब दोनों प्रोफेसर कुलपति से पूरे विवाद पर बात कर ही रहे थे, तभी छात्र संगठन के नेता जितेंद्र परमार अपने समर्थकों के साथ कुलपति के रूम में घुस गए. छात्र नेता ने दोनों प्रोफेसरों को ये तक कह डाला कि शर्म करो. दोनों क्यों विश्वविद्यालय को बदनाम कर रहे हैं. इस बहस के बीच कुलपति के तेवर भी गर्म हो गए. उन्होंने दोनों पर कार्यवाही करने की बात कह दी. इसके साथ ही उनसे माफीनामा भी लिखवाया गया. कुलपति ने इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति पर कार्रवाई किए जाने की हिदायत दी है.