सचिन तेंदुलकर ने 1999 में अहमदाबाद टेस्ट में दोहरा शतक बनाया था. (Sachin Tendulkar/Instagram)
सचिन तेंदुलकर ने कहा कि जब भी हम ड्रेसिंग रूम में एंट्री करते हैं तो यह मायने नहीं रखता है कि आप कहां से आए हैं. आप देश के किस हिस्से से आए हैं. आपका किससे क्या रिश्ता है. खेल के मैदान में सबके लिए स्थिति एक सी रहती है. यहां प्रदर्शन के अलावा किसी चीज से फर्क नहीं पड़ता.
- News18Hindi
- Last Updated:
February 23, 2021, 3:09 PM IST
इस पूर्व भारतीय बल्लेबाज ने आगे कहा कि खेल लोगों को एकजुट करता है. आप एक व्यक्ति के रूप में वहां होते हैं. ऐसा शख्स जो टीम के लिए अपना योगदान देना चाहता है. हम यही तो करना चाहते हैं. मैं अलग-अलग स्कूलों और बोर्ड का हिस्सा होने के नाते हर तरह के कोच से मिलता हूं. मैं खुद भी बहुत कुछ सीखता हूं और ये वे अनुभव हैं जिन्हें मैं साझा करना चाहता हूं.
उन्होंने स्टूडेंट्स को अपने लक्ष्यों को हासिल करने के लिए और ज्यादा मेहनत करने की सलाह दी. तेंदुलकर ने कहा कि अपने सपनों का पीछा करते रहें, सपने सच होते हैं. कई बार हमें लगता है कि अब कुछ नहीं हो सकता. लेकिन ऐसा कभी नहीं होता, इसलिए अतिरिक्त कोशिश करें और एक न एक दिन आप अपने लक्ष्य हासिल कर लेंगे.
यह भी पढ़ें: IND VS ENG: मोटेरा से गावस्कर, कपिल, सचिन, कुंबले का दिल का रिश्ता, जानें यहां के खास रिकॉर्ड दरअसल, तेंदुलकर ने ऑनलाइन एजुकेशन प्लेटफॉर्म अनएकेडमी से एक करार दिया है. इसके तहत वो इस प्लेटफॉर्म पर मुफ्त में ऑनलाइन कोचिंग देंगे. वे इस प्लेटफॉर्म पर होने वाली लाइव इंटरेक्टिव क्लास में भी शामिल होंगे. ये क्लास अनएकेडमी के जरिए ऑनलाइन पढ़ने वाले छात्रों के लिए मुफ्त होगी.
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सचिन ने 2013 में इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास ले लिया था. अपने करियर में उन्होंने 200 टेस्ट, 463 वनडे और एक टी20 खेला था. उन्होंने इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे ज्यादा 100 शतक लगाए हैं. इसमें टेस्ट में 51 और वनडे में 49 शतक हैं.