4 मार्च से चौथा टेस्ट भी मोटेरा स्टेडियम में होना है.
भारत और इंग्लैंड के बीच मोटेरा में खेले गए तीसरे टेस्ट की पिच पर कई दिग्गजों ने सवाल उठाए हैं. पिंक बाॅल से खेला गया डे-नाइट टेस्ट सिर्फ दो दिन में खत्म हो गया था.
- News18Hindi
- Last Updated:
February 27, 2021, 3:52 PM IST
इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल वॉन ने खराब पिच को लेकर आईसीसी पर सवाल खड़े किए हैं. उन्होंने कहा कि आईसीसी भारतीय बोर्ड पर कार्रवाई नहीं करता है और इसी कारण यहां इस तरह की पिच बनाई जाती हैं. लेकिन 2019 से हुए इंटरनेशनल मैच को लेकर आईसीसी की ओर से दी जाने वाली रेटिंग को देखें तो हम पूरी तरह से साफ हैं. पिछले तीन साल में कुल 680 मुकाबले खेले गए हैं और सिर्फ 8 पिच को औसत से नीचे की रेटिंग मिली है. इसमें भारत की एक भी पिच शामिल नहीं है. सबसे ज्यादा 4 पिच विंडीज की हैं. यहां की डोमिनिका, बारबाडोस, गयाना और एंटीगुआ की पिच को खराब रेटिंग मिली. इसके अलावा बांग्लादेश की ढाका व चटगांव जबकि दक्षिण अफ्रीका की वांडरर्स की पिच को औसत से नीचे माना गया है.
हर पिच को छह तरह की रेटिंग मिलती है
औसत से नीचे पिच का मतलब है कि उसे एक डी-मेरिट पॉइंट मिले. यह आंकड़े 18 फरवरी 2021 तक हैं. इसमें भारत और इंग्लैंड के बीच हुए मैच की पिच रिपोर्ट शामिल नहीं है. आईसीसी की वेबसाइट पर उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार वह हर पिच को छह तरीके से मापता है. मैच के बाद रेफरी की रिपोर्ट के अनुसार पिच को बहुत अच्छा, अच्छा, औसत, औसत से नीचे, खराब और अनफिट बताया जाता है. अंतिम तीन रिपोर्ट पर पिच को डी-मेरिट पॉइंट मिलते हैं और उन पर मैच आयोजन को लेकर कुछ समय के लिए बैन भी लगाया जाता है.