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- The Report Of The Encroachments On Government Lands In The State Will Be Placed In Front Of CM Shivraj, The Ongoing Campaign Against The Mafia Will Be Reviewed.
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भोपाल3 घंटे पहले
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मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान बुधवार को सुबह 11 बजे कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस करेंगे। यह बैठक शाम 5 बजे तक चलेगी। (फाइल फोटो)
- गेहूं उपार्जन और आंगनबाड़ियों में पोषण आहार के वितरण पर चर्चा करेंगे मुख्यमंत्री
- पिछली बैठक में बैतूल व गुना कलेक्टर और नीमच व निवाड़ी एसपी पर गिरी थी गाज
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान बुधवार सुबह 11 बजे कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस करेंगे। बैठक में मुख्यमंत्री के समक्ष प्रदेश में सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जे और अतिक्रमण की रिपोर्ट का प्रजेंटेशन किया जाएगा। मुख्य सचिव कार्यालय ने सभी जिलों से एक दिन पहले ही जानकारी बुला ली है। मुख्यमंत्री माफिया के खिलाफ चल रहे अभियान की समीक्षा भी करेंगे।
मंत्रालय सूत्रों ने बताया, कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस में 11 बिंदुओं पर चर्चा होगी। इस कॉन्फ्रेंस को इसलिए भी अहम माना जा रहा है, क्योंकि जल्दी ही प्रदेश में नगरीय निकाय एवं पंचायत चुनाव होने वाले हैं। दरअसल, पिछली दो बैठकों में छह आईएएस और आईपीएस अफसरों पर गाज गिर चुकी है। पिछली बैठक 8 फरवरी को हुई थी। बैठक के बाद मुख्यमंत्री के निर्देश पर बैतूल व गुना कलेक्टर और नीमच व निवाड़ी एसपी को हटाया गया था। शिवराज का यह एक्शन शराब माफिया और मिलावटखोरों के खिलाफ कार्रवाई में लापरवाही होने के चलते हुआ था।
अब चुनाव से पहले होने वाली बैठक में मुख्यमंत्री का फोकस अवैध कब्जे और अतिक्रमण पर होगा। इसके साथ ही कानून व्यवस्था की समीक्षा भी होगी। मुख्यमंत्री आंगनबाड़ियों में पोषण आहार और पूरक पोषण आहार के वितरण की जानकारी कलेक्टरों से लेंगे। इसी तरह, ग्रीष्मकाल के दौरान पानी की उपलब्धता और पेयजल संकट से निपटने की तैयारियों पर भी बात करेंगे।
पिछली बैठक के निर्देशों का रिव्यू करेंगे सीएम
मुख्यमंत्री ने पिछली बैठक में कई जिलों के अफसरों को बेहतर तरीके से काम करने की चेतावनी दी थी। दरअसल, सरकार की प्राथमिकताओं को लेकर परफार्मेंस के आधार पर टॉप-5 और 5 फिसड्डी जिलों की ग्रेडिंग की जाती है। पिछली बैठक में फिसड्डी रहे जिलों के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षकों से परफार्मेंस ठीक करने काे कहा गया था।
शराब माफिया व मिलावटखोरी रोकने में नाकाम 4 अफसरों को हटाया गया था
इससे पहले, मुख्यमंत्री ने 8 फरवरी को यह कॉन्फ्रेंस की थी। कॉन्फ्रेंस के समाप्त होते ही मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दो जिलों के कलेक्टर और दो जिलों के पुलिस अधीक्षकों को हटाने के निर्देश दिए थे। शराब माफिया और मिलावटखोरों के खिलाफ कार्रवाई में लापरवाही के चलते मुख्यमंत्री ने यह निर्णय लिया था। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस को निर्देश दिए थे, कलेक्टर बैतूल राकेश सिंह और नीमच जितेंद्र सिंह के अलावा एसपी निवाड़ी वाहिनी सिंह व गुना राजेश सिंह को तत्काल प्रभाव से हटा दिया जाए। बैठक समाप्त होने के एक घंटे बाद ही इन अफसरों को हटाए जाने के आदेश जारी हो गए थे।