महावीर और सुंदरी को बाघों का कुनबा बढ़ाने के लिए ओडिशा भेजा गया था.
Bhopal. ओडिशा में कैदियों का जीवन बिताने वाली बाघिन सुंदरी अब खुले बाडे में घूम रही है. उम्मीद है कि वो जल्द ही अपने पुराने घर में घुल मिल जाएगी
बाघ का जोड़ा सौंपा गया था. लंबे समय तक ओडिशा के सत्कोशिया टाइगर रिजर्व एरिया में बंधक बनाकर रखी गई बाघिन को एमपी सरकार की पहल के बाद वापस लाया गया है. एमपी के बांधवगढ़ नेशनल पार्क से बाघ से महावीर और बाघिन सुंदरी को ओडिशा सरकार को सौंपा गया था. सत्कोशिया टाइगर रिजर्व एरिया में बाघों का कुनबा बढ़ाने के लिए यह पहल हुई थी. लेकिन रखरखाव के अभाव के कारण बाघ महावीर की मौत हो गई थी. उसके बाद बाघिन का स्वभाव बदल गया इसलिए उसे कैदी बनाकर रखा गया था.
सीएम ने की पहल
यह खबर जैसे ही बाहर आई एमपी के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने केंद्र और उड़ीसा सरकार के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर सुंदरी की वापसी का अनुरोध किया. कोर्ट ने बाघिन को लौटाने का आदेश दिया. उसके बाद सुंदरी को वापस लाने की प्रक्रिया शुरू हुई और बुधवार रात वो लौट आयी. सुंदरी को कान्हा नेशनल पार्क में रखा गया है.
महावीर की मौत
सुंदरी की कहानी पर नजर डालें तो ओडिशा सरकार के अनुरोध पर एमपी सरकार ने साल 2018 में बाघ महावीर और बाघिन सुंदरी का जोड़ा उड़ीसा सरकार को सौंपा था. ओडिशा के सत्कोसिया टाइगर रिजर्व एरिया में बाघ बसाने की योजना के तहत ये जोड़ा सौंपा गया था. लेकिन सत्कोसिया टाइगर रिजर्व एरिया में बाघों की देखरेख नहीं हो सकी और बाघ का महावीर की मौत हो गई.
साथी की मौत के गम में सुंदरी का बर्ताव बदल गया. वो चिड़चिड़ी और आक्रामक हो गई. उसके बाद उसे पकड़कर पिंजरे में डाल दिया गया. सुंदरी की कैद से आहत सीएम शिवराज ने ओडिशा के मुख्यमंत्री को मार्मिक पत्र लिखा और उसे वापिस करने की मांग की. कोर्ट के आदेश पर सुंदरी की वापसी का रास्ता साफ हुआ.
पहले देखेंगे बदलाव
एमपी के वाइल्ड लाइफ ए पीसीसीएफ जे एस चौहान ने कहा फिलहाल बाघिन को कान्हा नेशनल पार्क के बड़े और खुले बाड़े में रखा गया है. वहां उसके बर्ताव का परीक्षण होगा.अगर बाघिन का स्वाभाव बदलता है तो फिर उसे खुले क्षेत्र में छोड़ा जाएगा.
तकलीफ के तीन साल
ओडिशा में कैदियों का जीवन बिताने वाली बाघिन सुंदरी अब खुले बाडे में घूम रही है. उम्मीद है कि वो जल्द ही अपने पुराने घर में घुल मिल जाएगी और फिर उसे खुले जंगलों में घूमने का मौका मिलेगा. जो दर्द उसने बीते 3 साल में झेला उस पर अब मरहम लग सकेगी