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- The City Of Baba Mahakal Reached The Dandavat Yatra From The Triveni Coast; Prayer For Reaching Ujjain Even After Wounding On Stomach
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उज्जैन11 घंटे पहले
कोरोना महामारी बड़ी संख्या में आम लोगों का नरसंहार कर रही है। इसके खात्मे के लिए कई लोग अपने-अपने तरीके से जतन कर रहे है। महाकाल मंदिर में 11 दिवस का महामृत्युंजय अनुष्ठान हुआ। इसके बाद उज्जैन के श्मशान में एक तांत्रिक ने मिर्ची अनुष्ठान किया तो वहीं कई लोगों ने अपने-अपने तरीके से पूजा पाठ की। अब बुधनी के रहने वाले दंडवत बाबा करीब 250 किलोमीटर की दंडवत यात्रा कर उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर में पूजन अर्चन कर कोरोना महामारी को दुनिया से निजात दिलाने की मनोकामना लेकर पहुंचे है।
6 अप्रैल को बुधनी से यात्रा प्रारंभ कर दंडवत बाबा 1 मई को उज्जैन पहुंचे। बांद्राभान त्रिवेणी तट से देवीधाम सलकनपुर होते महाकालेश्वर मंदिर में पूजन अर्चन कर अपनी यात्रा समाप्त की। दंडवत बाबा ने बताया कि रोजाना हाथ में नारियल लेकर दंडवत प्रणाम करते हुए रास्ता तय किया। रोजाना अपने ठेले पर लगे मंदिर को भी साथ लेकर चलें। बड़ी बात यह थी कि दंडवत बाबा भीषण गर्मी में पैदल दंडवत करते रहे। इससे उनके पेट पर कई जगह बड़े घाव हो गए है।
उन्होंने कहा कि बाबा महाकाल से प्रार्थना करने आया हूं कि जिस तरह से आपने विष पान किया था, अब कोरोना महामारी का भी विश्व से अंत करो। बाबा महाकाल के दर्शन कर बस यही कामना करने वे बुधनी से उज्जैन पहुंचे है। यहां बाबा महाकाल से कोरोना महामारी के खात्मे की प्रार्थना की।
दंडवत बाबा ने बताया कि कोरोना कर्फ्यू होने के बाद भी वे यहां तक पहुंचे इसमें कोई खास तकलीफ तो नहीं हुई। बस कई जगह पुलिकर्मियों ने मास्क लगाने की समझाइश जरूर दी।
इससे पहले भी हो चुके अनुष्ठान
श्री महाकालेश्वर मंदिर समिति द्वारा कोरोना संक्रमण कम करने के लिए अति रूद्र महामृत्युंजय अनुष्ठा किया गया था। श्री महाकालेश्वर मंदिर समिति द्वारा आयोजित 11 दिवसीय अनुष्ठान के दौरान 76 पंडित दो शिफ्ट में प्रतिदिन एक महारुद्र महामृत्युंजय जाप किया था। दरअसल ये यज्ञ मंदिर समिति द्वारा कोरोना वायरस के समूल उन्मूलन और जनकल्याणर्थ के लिए किया गया था। इसके अलावा उज्जैन के श्मशान में बाबा बमबम नाथ ने कोरोना महामारी के लिए मिर्ची यज्ञ किया था।