हाेम आइसोलेट मरीजों के लिए काम की खबर: उज्जैन के युवा डॉक्टर संक्रमित हुए तो खड़ी कर ली 60 डॉक्टर्स की टीम; घर में ही इलाजरत मरीजों को देते हैं फ्री परामर्श; आप वीडियो कॉल से ले सकते हैं मदद

हाेम आइसोलेट मरीजों के लिए काम की खबर: उज्जैन के युवा डॉक्टर संक्रमित हुए तो खड़ी कर ली 60 डॉक्टर्स की टीम; घर में ही इलाजरत मरीजों को देते हैं फ्री परामर्श; आप वीडियो कॉल से ले सकते हैं मदद


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उज्जैन14 मिनट पहले

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जहां चाह, वहां राह। यह राह तब और आसान बन जाती है, जब आप दूसरों की मदद के लिए सोचते हैं। इसी सोच ने उज्जैन के एक युवा डाॅक्टर को अपनी टीम बनाने में मदद की। 5 दिन के अंदर 60 MBBS डॉक्टरों की टीम खड़ी हो गई। यह टीम अब देशभर में होम आइसोलेट मरीजों का ऑनलाइन फ्री इलाज कर रही है। कोई भी इन्हें वीडियाे काॅल करके परामर्श ले सकता है।

टीम के सामने भाषा भी बाधक नहीं है। इसमें हिन्दी, इंग्लिश, उर्दू , मराठी, कन्नड़, तमिल सहित कुल 9 भाषाओें के डाक्टर जुड़े हैं। इसलिए इलाज देने में और आसानी हो जाती है। टीम ने अब तक 2180 लोगों को वीडियो कॉलिंग के जरिए इलाज कर चुके हैं।

यह पहल उज्जैन के भैरवगढ़ निवासी डॉ. राहत पटेल ने की। वह भोपाल के चिरायु अस्पताल में वह प्रैक्टिस करते हैं। कुछ दिन पहले वह संक्रमित हो गए। घर में आइसोलेट होने के दौरान यह सवाल आया कि होम आइसोलेट मरीजों को इलाज में कितना जूझना पड़ता होगा। ऐसे में घर बैठे या अपने अपने जगह से मरीजों की कैसे सेवा की जा सकती है।

ऐसे खड़ी हुई टीम
डॉक्टर राहत पटेल ने कहा, अपनी पढ़ाई के दौरान अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् से जुड़ा रहा। जब मैं संक्रमित होने के बाद घर में क्वारैंटाइन हो गया और खाली बैठा था। ऐसे वक्त जब मरीजों को हमारी सबसे ज्यादा जरूरत थी तो याद आया की एबीवीपी में समय-समय पर कुछ ना कुछ किया करते थे। 27 अप्रैल को आइडिया को साकार करने के लिए अपने डॉक्टर दोस्तों को फोन लगाना शुरू किया। उनसे कहा कि आप अपने डॉक्टर दोस्तों से बात करो ऑनलाइन मरीजों के इलाज के लिए। ऐसे करते -करते देशभर के 60 डॉक्टरों की टीम खड़ी हो गई। सभी ने होम क्वारैंटाइन लोगों के लिए अपने-अपने मोबाइल नंबर सार्वजनिक कर दिए और मुफ्त में परामर्श दे रहे हैं।

15 से अधिक डॉक्टर एबीवीपी से जुड़े

डॉक्टर राहत ने बताया की शुरुआत में जुड़े उज्जैन, इंदौर और अन्य शहरों के मित्र अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् से ही जुड़े थे, लेकिन जब लगा की देश भर में समस्य जटिल है और मरीजों को डाक्टर की अत्यधिक आवश्यकता है ऐसे में देश भर के मरीजों के लिए अन्य प्रांतों के डाक्टरों को भी जोड़ना शुरू किया। देखते ही देखते एक बड़ी डाॅक्टरों की टीम तैयार हो गई। जल्द ही टीम अपनी वेबसाइट बनाने वाली है, ताकि ज्यादा लोगों को सुविधा मिल सके।

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