विराट कोहली अपनी कप्तानी में पहली आईसीसी ट्रॉफी जीतना चाहेंगे. (PTI)
नई दिल्ली. इंग्लैंड सरकार ने भारत और पाकिस्तान दोनों देश के खिलाड़ियाें को अपने देश में आने की इजाजत दे दी है. कोरोना (Covid-19) के कारण दोनों देश रेड लिस्ट में हैं, लेकिन खिलाड़ियाें पर रोक नहीं लगाई है. खिलाड़ी अपने साथ परिवार के लोगों को नहीं ले जा सकेंगे. टीम इंडिया (Team India) को अगले महीने इंग्लैंड में वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (World Test Championship) का फाइनल खेलना है. इसके अलावा टीम को मेजबान देश से पांच मैचों की टेस्ट सीरीज भी खेलनी है. Evening Standard की खबर के अनुसार, खिलाड़ियों को सरकार के क्वारंटाइन सेंटर में भी नहीं रूकना होगा. वे साउथम्प्टन के नजदीक एशेज बाउल में रूकेंगे. साउथम्प्टन में ही भारत और न्यूजीलैंड के बीच वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल 18 जून से खेला जाना है. इसके अलावा भारतीय महिला टीम को भी अगले महीने इंग्लैंड जाना है. महिला टीम वहां एक टेस्ट, तीन वनडे और तीन टी20 मुकाबले खेलेगी.
परिवार को नहीं मिली है छूट हालांकि रेड लिस्ट वाले देश से आने वाले खिलाड़ियों के लिए क्वारंटाइन के नियम अधिक कड़े होंगे. न्यूजीलैंड ग्रीन लिस्ट में है और उसकी टीम इंग्लैंड पहुंच चुकी है. हालांकि इंग्लैंड सरकार की ओर से मिली यह छूट सिर्फ खिलाड़ियाें और सपोर्ट स्टाफ के लिए है. परिवार के सदस्यों को छूट देने का प्रावधान नहीं है. इसे लेकर बातचीत जारी है. टीम इंडिया काे लगभग 4 महीने तक इंग्लैंड में रहना है और कई खिलाड़ी अपने साथ परिवार ले आना चाहते हैं.
यह भी पढ़ें: दो हैट्रिक लेने वाले लसिथ मलिंगा टी20 वर्ल्ड कप में उतर सकते हैं, बोर्ड ने शुरू की बातचीत द हंड्रेड को लेकर नहीं मिली है सुविधा रिपोर्ट के अनुसार, यह छूट सिर्फ इंटरनेशनल मुकाबलों के लिए दी गई है. इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) जुलाई में द हंड्रेड शुरू कर रहा है. इसके लिए अभी छूट नहीं मिली है. ऐसे में पाकिस्तान और दक्षिण अफ्रीका के खिलाड़ियों के इस टूर्नामेंट में खेलने को लेकर अभी तक स्पष्टता नहीं है. इसके अलावा कई अन्य देशों के खिलाड़ी भी इसमें उतरेंगे. महिला कैटेगरी में भी भारत की पांच खिलाड़ी उतर रही हैं. उनके खेलने पर भी संशय है.