राजगढ़ जिले की नरसिंहगढ़ पुलिस ने कृषि उपज मंडी से जुड़े बड़े गबन का पर्दाफाश किया है। भरतपुर (राजस्थान) भेजी गई 258 क्विंटल सरसों की खेप रास्ते में ही गायब कर दी गई थी।
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पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आगरा (उत्तर प्रदेश) और धौलपुर (राजस्थान) से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनके कब्जे से 61 कट्टे सरसों (करीब 25 क्विंटल) और 3.50 लाख रुपए नगद बरामद किए गए हैं। मामले का मुख्य आरोपी अभी फरार है।
ऐसे हुआ था गबन, फिर शुरू हुई जांच एसपी अमित तोलानी ने सोमवार को पुलिस कंट्रोल रूम में प्रेसवार्ता कर बताया कि 9 अप्रैल को व्यापारी किशोरलाल साहू ने 258 क्विंटल सरसों ट्रक (RJ11GB0671) में भरतपुर भेजी थी, लेकिन ट्रक वहां नहीं पहुंचा। 19 अप्रैल को व्यापारी ने नरसिंहगढ़ थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आशंका जताई गई कि ट्रक ड्राइवर और उसका सहयोगी सरसों लेकर फरार हो गए हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने धारा 316(2), 316(3) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। एसडीओपी उपेंद्र सिंह भाटी के निर्देशन में पुलिस टीम ने तकनीकी साक्ष्य के आधार पर कार्रवाई की।
गिरफ्तारी और बरामदगी टीम ने 17 जून को आरोपी धर्मेंद्र परिहार को आगरा से गिरफ्तार किया। पूछताछ में धर्मेंद्र ने बताया कि माल धौलपुर जिले के बाबरपुर गांव में अपने साथी बचन सिंह के ईंट भट्टे पर उतार दिया था। इसके बाद 20 जून को बचन सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
दोनों आरोपियों की निशानदेही पर 61 कट्टे सरसों और 3.50 लाख रुपए नगद बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी सुगर सिंह फिलहाल फरार है और गबन में इस्तेमाल ट्रक भी उसी के पास है। पुलिस की टीमें उसकी तलाश में जुटी हैं।
जांच में पुलिस टीम की भूमिका कार्रवाई में थाना प्रभारी शिवराज सिंह चौहान, उप निरीक्षक अभय सिंह, प्रधान आरक्षक वीरेंद्र मौर्य, केशव सिंह, दीपक यादव और आरक्षक सुनील मीणा की अहम भूमिका रही। एसपी ने कहा कि जल्द ही मुख्य आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
