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Agriculture Tips: धान की फसल को रोगों से बचाने के लिए आप यहां बताए गए टिप्स का इस्तेमाल कर सकते हैं. इसकी मदद से फसल से रोगों का निपटारा आसानी से हो जाएगा.
दानों को कर देता है पूरी तरह नष्ट
विशेषज्ञों के मुताबिक कंडुआ रोग लगने पर धान की बालियों पर हरे-पीले या नारंगी रंग के फफूंद जैसे गोलाकार ढेले बनने लगते हैं. इन ढेलों के कारण दाने पूरी तरह से नष्ट हो जाते हैं और किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है. अगर यह रोग समय रहते नियंत्रित न किया जाए तो धान का उत्पादन 20 से 30 प्रतिशत तक घट सकता है. खासतौर पर हाइब्रिड किस्में इस रोग की चपेट में ज्यादा आती हैं.
भविष्य में कैसे बचें?
विशेषज्ञों का कहना है कि भविष्य में इस रोग से बचने के लिए धान की बीजोपचार करना बेहद आवश्यक है. साथ ही ट्रांसप्लांटिंग के दौरान पौधों की जड़ों को कार्बेन्डाज़िम के घोल में डुबोकर रोपाई करने से फसल को कवकजन्य रोगों से सुरक्षित रखा जा सकता है.