सगुल्ले को भी पीछे छोड़, रीवा की ये देसी मिठाई मुंह में घुले बिन पिघले, एक बार खाओ…भूल न पाओ

सगुल्ले को भी पीछे छोड़, रीवा की ये देसी मिठाई मुंह में घुले बिन पिघले, एक बार खाओ…भूल न पाओ


Last Updated:

Rewa Special Mithai: रीवा के तराई अंचल में बनने वाली पारंपरिक मिठाई चावल चाप अपने खास स्वाद के लिए मशहूर है. चावल, दूध, खोया और तिल से तैयार यह मिठाई गरमा-गरम खाने पर मुंह में घुल जाती है.

रीवा. रीवा का तराई अंचल एक ऐसी मिठाई के लिए मशहूर है, जो गरमा-गरम खाने पर मुंह में ऐसे घुल जाती है जैसे रसगुल्ला. चावल, खोया, दूध और चीनी से बनने वाली यह मिठाई रीवा के तराई अंचल की पहचान है. पिछले कई सालों से पहाड़ी लोग बनाकर लोगों को अनोखा स्वाद चखा रहे हैं.अगर आप रीवा के तराई अंचल की गलियों में निकलेंगे, तो एक मिठाई की खुशबू आपको जरूर खींच लेगी. इसकी खासियत है कि इसे गरमागरम खाने पर स्वाद दोगुना हो जाता है. यही वजह है कि दशकों से यह लोगों की पहली पसंद बनी हुई है. दरअसल, इस मिठाई का नाम है चावल चाप. इसे खास तरीके से खोया, चावल दूध और चीनी मिलाकर बनाया जाता है. तैयार होने के बाद जब इसे तिल की परत में लपेटकर तलते हैं, तो इसका स्वाद और भी अनोखा हो जाता है. पहाड़ी क्षेत्र में पिछले कई सालों से यह मिठाई बन रही है और लोगों के स्वाद का हिस्सा बनी हुई है.

सामग्री- 
चावल
शक्कर
दूध
खोवा
इलाइची पाउडर
सफेद तिल
रिफाइंड ऑयल.

चावल चाप मिठाई बनाने की विधि
चावल चाप बनाने के लिए सबसे पहले चीनी का पाक तैयार किया जाता है और ठंडा होने के लिए छोड़ दिया जाता है. आप चाहे तो शक्कर का बूरा भी डाल सकते हैं. इसके बाद धोकर फूले और फिर सूखाकर बनाए गए चावल के आटे में जरूरत के अनुसार दूध डालकर इसका आटा गूंथा जाता है. अच्छे से तैयार होने पर इसमें खोया मिलाकर छोटी-छोटी गोलियां बना ली जाती हैं. फिर इन गोलियों को सफेद तिल में लपेटकर रिफाइंड ऑयल में धीमी आंच पर तब तक तला जाता है जब तक ये सुनहरी लाल न हो जाएं. इसके बाद चावल चाप खाने के लिए तैयार हो जाता है.

स्वाद में है दो खास वैराइटी
दो तरह की यह मिठाई बनाई जाती हैं – एक खोया मिलाकर और दूसरी बिना खोया के. दोनों का स्वाद ही अलग है. खोया में मैदा भी डालकर बनाया जा सकता है पर इसका स्वाद गुजया जैसा हो जाता है इसलिए चावल के आटे से बनी चावल चाप मिठाई स्वाद की रानी होती है.

Anuj Singh

Anuj Singh serves as a Content Writer for News18MPCG (Digital), bringing over Two Years of expertise in digital journalism. His writing focuses on hyperlocal issues, Political, crime, Astrology. He has worked a…और पढ़ें

Anuj Singh serves as a Content Writer for News18MPCG (Digital), bringing over Two Years of expertise in digital journalism. His writing focuses on hyperlocal issues, Political, crime, Astrology. He has worked a… और पढ़ें

न्यूज़18 हिंदी को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
homemadhya-pradesh

सगुल्ले को भी पीछे छोड़, रीवा की ये देसी मिठाई मुंह में घुले बिन पिघले



Source link