नंदिनी मर्डर केस: 10 महीने पहले बच गई थी नंदिनी, तब अरविंद ने रची थी और भयंकर साजिश, पुलिस जांच में खुले राज

नंदिनी मर्डर केस: 10 महीने पहले बच गई थी नंदिनी, तब अरविंद ने रची थी और भयंकर साजिश, पुलिस जांच में खुले राज


Gwalior News: मध्य प्रदेश के ग्वालियर में रूप सिंह स्टेडियम रोड पर शुक्रवार को एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे देश को हिला दिया था. 28 वर्षीय युवती नंदिनी को उसके लिव-इन पार्टनर अरविंद परिहार ने गोलियों से भून दिया. नंदिनी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पुलिस ने बहादुरी दिखाते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया था. लेकिन, यह पहला मौका नहीं था, जब अरविंद ने नंदिनी की जान लेने की कोशिश की हो. लगभग 10 महीने पहले भी उसने जानलेवा हमला किया था, लेकिन किस्मत से नंदिनी बच गई थी.

एक साल पहले दर्ज कराई थी FIR
नंदिनी और अरविंद का रिश्ता वर्षों पुराना था. दोनों के बीच प्रेम था, लेकिन सामाजिक बाधाओं के कारण शादी नहीं हो सकी. अरविंद की शादी किसी अन्य लड़की से हो गई, फिर भी वह नंदिनी को भूल नहीं पाया. शादी के बाद भी उसके जुनून ने नंदिनी को लिव-इन रिलेशनशिप में धकेल दिया. पुलिस के अनुसार, डेढ़ साल से दोनों रूप सिंह स्टेडियम रोड स्थित एक फ्लैट में साथ रह रहे थे. लेकिन, यह साथ कभी शांतिपूर्ण नहीं रहा. रिश्ते में दरारें पड़ने लगीं और नंदिनी ने अरविंद के अत्याचारों से तंग आकर लगभग एक साल पहले थाना कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई थी.

अश्लील फोटो-वीडियो भी वजह!
शिकायत में नंदिनी ने गंभीर आरोप लगाए थे. उसने बताया कि अरविंद लगातार उसे और उसके परिवार को धमकियां देता था, मारपीट करता था. अरविंद की कथित दोस्त पूजा सोशल मीडिया पर नंदिनी की फर्जी और अश्लील तस्वीरें-वीडियो वायरल करती, जिससे नंदिनी की जिंदगी नर्क बन गई. विरोध करने पर अरविंद ने साफ धमकी दी थी, “अगर तू मेरे पास वापस नहीं आई, तो तेरी जान ले लूंगा.”

भगवान ने ही नंदिनी को बचाया था…
एफआईआर दर्ज कराने के ठीक बाद अरविंद ने खुलेआम बदला लिया. नंदिनी अपने बेटे और मां के साथ पुलिस स्टेशन से लौट रही थी, तभी अरविंद ने अपनी कार से उन्हें कुचलने की कोशिश की. सड़क पर मौजूद एक नेकदिल शख्स ने अपनी कार आगे लगाकर हमला नाकाम कर दिया, वरना पूरा परिवार खत्म हो जाता.

बाहर बुलाया और…
इस घटना के बाद नंदिनी ने अरविंद से दूरी बना ली, लेकिन वह बार-बार संपर्क करने और धमकाने लगा. शुक्रवार को यह जुनून हत्या में बदल गया. स्थानीय लोगों के अनुसार, अरविंद ने नंदिनी को घर से बाहर बुलाया और अचानक फायरिंग शुरू कर दी. दो गोलियां सीने में लगीं, जिससे नंदिनी दर्द से तड़पते गिर पड़ी.

अरविंद के खिलाफ जुटाए जा रहे सुबूत
पुलिस अधीक्षक डॉ. विनीत कुमार ने बताया, “हमने हत्या, धमकी और पुरानी एफआईआर के आधार पर अरविंद के खिलाफ आईपीसी की धारा 302, 506 समेत कई धाराएं लगाई हैं. सीसीटीवी फुटेज और गवाहों से सुराग जुटाए जा रहे हैं.” नंदिनी के परिवार ने न्याय की गुहार लगाई है. यह केस महिलाओं पर घरेलू हिंसा और लिव-इन रिलेशनशिप की जटिलताओं को उजागर करता है.



Source link