मलाजखंड के उप स्वास्थ्य केंद्र में सीजेरियन प्रसव की सुविधा नहीं होने से एक गर्भवती महिला की जान चली गई। मृतका की पहचान सुमित्रा पंचतिलक के रूप में हुई है।
.
सुमित्रा को रात में प्रसव पीड़ा शुरू हुई। परिजन उसे मोहगांव मलाजखंड के उप स्वास्थ्य केंद्र ले गए। नॉर्मल डिलीवरी संभव नहीं होने पर डॉक्टरों ने उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया। रास्ते में शनिवार सुबह करीब 3 बजे सुमित्रा और उसके गर्भस्थ शिशु की मौत हो गई।
सुमित्रा का विवाह विजेंद्र पंचतिलक से 27 अप्रैल 2018 को हुआ था। उनकी दो बेटियां हैं। यह उनका तीसरा बच्चा था। विजेंद्र छह बहनों में अपने माता-पिता का इकलौता बेटा है। सुमित्रा बैहर के पोगार की रहने वाली थी।
अस्पताल पुलिस चौकी प्रभारी ईश्वरदयाल पटले ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। मौत के कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल पाएगा। मामले की जांच मलाजखंड पुलिस करेगी। यह घटना जिले में सुरक्षित प्रसव के दावों पर सवाल खड़े करती है।