India vs Pakistan: एशिया कप 2025 के सुपर फोर मैच में आज भारत का एक खूंखार बल्लेबाज चौके और छक्कों का ऐसा तूफान मचाएगा कि पाकिस्तान के गेंदबाज रहम की भीख मांगते हुए नजर आएंगे. एशिया कप 2025 के सुपर फोर स्टेज में आज भारत और पाकिस्तान की टीमें रात 8 बजे से दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में भिड़ेंगी. अभिषेक शर्मा पर भारतीय फैंस की नजरें होंगी, जो एशिया कप 2025 के पहले 3 मैचों में 225 की स्ट्राइक रेट से 99 रन बना चुके हैं. पाकिस्तान को आज के मैच में सबसे ज्यादा खतरा इसी बल्लेबाज से होगा. अभिषेक शर्मा भी पाकिस्तानी गेंदबाजों को बख्शने के मूड में नहीं हैं.
भारत के इस खूंखार बल्लेबाज के मुरीद हुए गावस्कर और शास्त्री
अभिषेक शर्मा भारत की टी20 टीम में अपनी जगह पक्की कर चुके हैं. अब लंबे समय तक अभिषेक शर्मा भारत की टी20 टीम के लिए ओपनिंग करते हुए नजर आएंगे. अभिषेक शर्मा ने टीम इंडिया के लिए 20 टी20 इंटरनेशनल मैचों में 33.37 की औसत और 198.13 की स्ट्राइक रेट से 634 रन कूटे हैं, जिसमें 57 चौके और 48 छक्के शामिल रहे हैं. अभिषेक शर्मा ने टी20 इंटरनेशनल में 2 शतक और 2 अर्धशतक जड़े हैं. दुनिया का कोई भी गेंदबाज T20I में अभिषेक शर्मा के सामने बॉलिंग नहीं करना चाहेगा. भारत के पूर्व कप्तान सुनील गावस्कर और रवि शास्त्री भी अभिषेक शर्मा की दबंग बल्लेबाजी के मुरीद हो गए.
शास्त्री ने अभिषेक को दूसरा युवराज बताया
पूर्व भारतीय कोच रवि शास्त्री ने अभिषेक शर्मा की तुलना युवराज सिंह से की है. रवि शास्त्री ने कहा, ‘अभिषेक शर्मा का अपना अलग ही अंदाज है, लेकिन जिस चीज से वो मुझे युवराज सिंह की याद दिलाते हैं, वो उनकी बैट स्विंग है. अभिषेक शर्मा का बैट स्विंग कमाल का है, चाहे फ्रंट फुट हो या बैक फुट. मुझे मुंबई में अभिषेक शर्मा का जोफ्रा आर्चर पर लगाया गया एक शॉट याद है, जब उनके हल्के बैक फुट पंच शॉट से गेंद छक्के के लिए चली गई थी. वो फ्लो, हाई बैक लिफ्ट और लंबा फॉलो-थ्रू—लारा में था, युवराज में था, और अभिषेक में भी है.’
गावस्कर ने भी अभिषेक शर्मा की जमकर तारीफ की
वहीं, भारत के पूर्व कप्तान सुनील गावस्कर ने भी अभिषेक शर्मा की जमकर तारीफ की है. सुनील गावस्कर के मुताबिक अभिषेक शर्मा के पास परिस्थितियों को भांपने और गैप ढूंढकर चौके लगाने का बेहतरीन टैलेंट है. सुनील गावस्कर ने कहा, ‘वह (अभिषेक शर्मा) मैदान पर फील्ड को अच्छी तरह से समझता है, वह जानता है कि फील्डर कहां हैं और जहां वे नहीं हैं वहां वह गैप ढूंढकर चौके लगा देते हैं. अगर वह गलत टाइमिंग भी कर लेता है, तो उसके पास बच निकलने का मौका होता है. बल्ले का फ्लो, पिक, स्विंग और उनकी तकनीक अद्भुत है.’