टीम इंडिया के स्टार पेसर मोहमद सिराज ने वेस्टइंडीज के खिलाफ पहले टेस्ट के पहले ही दिन अपनी धारदार गेंदबाजी से कहर बरपाया. उन्होंने वेस्टइंडीज को 162 रन पर निपटाने के लिए सबसे ज्यादा चार विकेट चटकाए. शानदार प्रदर्शन के बाद सिराज ने अपनी घातक गेंदबाजी का राज खोला है. दरअसल, सिराज ने वेस्टइंडीज के खिलाफ पहले टेस्ट के पहले दिन अपनी सफलता का श्रेय ‘कड़ी मेहनत’ को दिया. उन्होंने स्वीकार किया कि उन्हें अपने हर विकेट के लिए मेहनत करनी पड़ी.
सिराज की धारदार बॉलिंग
टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का वेस्टइंडीज का फैसला सिराज ने गलत साबित कर दिया. उन्होंने पहली पारी में 14 ओवर के स्पेल में 4/40 के आंकड़े के साथ वेस्टइंडीज की पारी को तहस-नहस किया. इस प्रदर्शन के साथ वह चल रहे वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप साइकिल में 30 विकेट लेकर सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों की सूची में टॉप पर पहुंच गए हैं.
‘विकेट मुफ्त में नहीं मिलते’
सिराज को इंग्लैंड में विकेट लेने के लिए बहुत मेहनत करनी पड़ी थी, लेकिन इस बार कम रैंकिंग वाली टीम के खिलाउ उन्हें तुलनात्मक रूप से आसानी से विकेट मिले. लेकिन जब उनसे अहमदाबाद में उनके प्रदर्शन के बारे में पूछा गया, तो सिराज ने इस बात को सिरे से खारिज कर दिया कि मैदान पर उनका समय आसानी से बीता.
ईएसपीएन क्रिकइंफो के मुताबिक रिपोर्टर्स से बात करते हुए सिराज ने कहा, ‘सर, यहां भी मैंने सिर्फ कड़ी मेहनत से चार विकेट लिए हैं. आपको विकेट केवल कड़ी मेहनत से ही मिलते हैं. मैंने इंग्लैंड में कड़ी मेहनत से विकेट लिए और यहां भी उनके लिए कड़ी मेहनत की. ऐसा नहीं है कि किसी ने मुझे विकेट मुफ्त में दे दिए हों. मुझे 5वां विकेट भी नहीं मिला. चारों विकेट कड़ी मेहनत से आए.’
रोस्टन चेज का विकेट और ‘वॉबल सीम’
अपने चार विकेटों के दौरान सिराज ने अपनी ‘वॉबल सीम’ गेंद से वेस्टइंडीज के कप्तान रोस्टन चेज को चकमा दिया. यह विकेट तब मिला जब गेंद सिराज के हाथ से स्क्रैंबल्ड सीम के साथ छूटी. ऐसी स्थिति में गेंद अक्सर ऑफ-कटर की तरह काम करती है और दाएं हाथ के बल्लेबाज के लिए अंदर की तरफ आती है. हालांकि, इस बार गेंद पिच पर पड़ने के बाद सीधी निकली और विकेटकीपर ध्रुव जुरेल को कैच दे दिया.
दिन का खेल खत्म होने पर प्रेस कॉन्फ्रेंस में सिराज ने कहा, ‘वॉबल-सीम की गेंद ऐसी होती है कि यह कभी-कभी सीधी निकलती है और कभी-कभी कटती (अंदर आती) है.’ उन्होंने आगे कहा, ‘वह गेंद चमकीली साइड की तरफ सीधी हुई. मैं ज़्यादातर वॉबल-सीम गेंद को अंदर लाने की कोशिश करता हूं, लेकिन यह चमकीली साइड की तरफ सीधी होती चली गई और किनारा लेकर विकेटकीपर के हाथों में गई.’
पहले दिन भारत का दबदबा
सिराज के चार और जसप्रीत बुमराह के तीन विकेटों की बदौलत वेस्टइंडीज की पूरी टीम 162 रनों पर सिमट गई. जवाब में, भारत ने यशस्वी जायसवाल (36) और साई सुदर्शन (7) के विकेट खो दिए, लेकिन केएल राहुल के नाबाद अर्धशतक ने भारत को दिन का खेल खत्म होने तक 121/2 के स्कोर तक पहुंचा दिया.