छिंदवाड़ा के राजोला में दूषित पानी से फैली बीमारी: कुएं में मिले मृत पक्षी, 233 ग्रामीण बीमार, 10 रेफर; कलेक्टर देर रात तक गांव में डटे रहे – Chhindwara News

छिंदवाड़ा के राजोला में दूषित पानी से फैली बीमारी:  कुएं में मिले मृत पक्षी, 233 ग्रामीण बीमार, 10 रेफर; कलेक्टर देर रात तक गांव में डटे रहे – Chhindwara News


छिंदवाड़ा जिले के अमरवाड़ा विकासखंड के ग्राम राजोला में मंगलवार दोपहर अचानक ग्रामीणों को उल्टी-दस्त होने की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया। कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने एसडीएम अमरवाड़ा हेमकरण धुर्वे, प्रशासनिक अमला और स्वास्थ्य विभाग की टीम तत्काल

.

ग्रामीणों की मदद के लिए गांव पहुंचते ही स्वास्थ्य विभाग की टीम ने घर-घर सर्वे शुरू किया और कुछ ही घंटों में शाम 6 बजे तक अस्थायी अस्पताल तैयार कर दिया गया। यहां पलंग, सेलाइन और दवाओं की पर्याप्त व्यवस्था की गई।

जांच और इलाज के दौरान लगभग 233 लोगों का उपचार किया गया। इनमें से 93 मरीजों को ड्रिप लगाई गई, 10 गंभीर मरीजों को सिंगोड़ी अस्पताल रेफर किया गया, जबकि 150 ग्रामीणों को दवाएं दी गईं। गांव में किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने 4 एम्बुलेंस की व्यवस्था की है, ताकि जरूरत पड़ने पर मरीजों को तुरंत जिला अस्पताल भेजा जा सके।

देर रात कलेक्टर भी पहुंचे कलेक्टर हरेंद्र नारायन और सीईओ जिला पंचायत अग्रिम कुमार देर रात तक गांव में ही डटे रहे। उन्होंने स्वास्थ्य व्यवस्था और ग्रामीणों की स्थिति का लगातार निरीक्षण किया। प्रशासन की तत्परता से फिलहाल गांव की स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में बताई जा रही है।

देर रात कलेक्टर हरेंद्र नारायण, जिला पंचायत CEO अग्रिम कुमार भी पहुंचे।

कुएं के पानी से फैली बीमारी की आशंका ​​​​​​​एसडीएम अमरवाड़ा हेमकरण धुर्वे ने बताया कि जांच के दौरान ग्राम के कुएं में चार पक्षियों के मृत मिलने की जानकारी मिली है। संभवतः इसी दूषित पानी के सेवन से ग्रामीणों में बीमारी फैली। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने कुएं के पानी के सैंपल जांच के लिए भेजे, जिनकी रिपोर्ट में पानी दूषित पाए जाने की पुष्टि हुई है।

अब कुएं को खाली कराया जा रहा है और फिलहाल पेयजल की अस्थाई व्यवस्था अन्य जलस्त्रोत से की गई है।

मौके पर जनपद सीईओ, बीएमओ, टीआई, स्वास्थ्य अमला और जनप्रतिनिधि भी मौजूद रहे। प्रशासन का दावा है कि हालात अब पूरी तरह नियंत्रण में हैं, और ग्रामीणों को निरंतर चिकित्सा सहायता दी जा रही है।

ग्रामीण बड़ी संख्या में रहे एकत्रित।

ग्रामीण बड़ी संख्या में रहे एकत्रित।

कुएं के अंदर से निकले मरे हुए जीव।

कुएं के अंदर से निकले मरे हुए जीव।



Source link