भिंड में धनतेरस पर जमकर हुई धनवर्षा: सराफा और ऑटो मोबाइल सेक्टर में रही सबसे अधिक बिक्री, 1200 से ज्यादा वाहन बिके – Bhind News

भिंड में धनतेरस पर जमकर हुई धनवर्षा:  सराफा और ऑटो मोबाइल सेक्टर में रही सबसे अधिक बिक्री, 1200 से ज्यादा वाहन बिके – Bhind News


भिंड शहर में धनतेरस पर जिस तरह से बाजारों में रौनक की उम्मीद की जा रही थी, उससे कहीं अधिक उत्साह देखने को मिला। पूरे जिले में खरीदारों ने जमकर धनवर्षा की। सोना-चांदी के आभूषणों से लेकर दोपहिया वाहनों तक की बिक्री ने रिकॉर्ड तोड़ दिए। मुख्य बाजारों मे

.

त्योहार के अवसर पर शहर की सड़कों से लेकर गलियों तक रौनक छाई रही। दुकानदारों ने न केवल अपनी दुकानों को फूलों और रोशनी से सजाया, बल्कि ग्राहकों को लुभाने के लिए नए ऑफर और आकर्षक आइटम भी रखे। सदर बाजार, परेड़ चौराहा, गोल मार्केट, हनुमान बजरिया और पुराना डीईओ कार्यालय रोड पर सबसे ज्यादा भीड़ देखने को मिली। पूजन सामग्री, झाड़ू, बर्तन, कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक और मोबाइल की दुकानों पर भी खरीदारों की लंबी कतारें रहीं। लोगों ने शुभ मुहूर्त में अपनी जरूरत और परंपरा के अनुसार खरीदारी की।

धनतेरस पर इस वर्ष भी सबसे अधिक बिक्री सराफा और ऑटो मोबाइल सेक्टर में दर्ज की गई। हीरो एजेंसी संचालक विनोद शिवहरे ने बताया कि अकेले उनकी एजेंसी से करीब 300 दोपहिया वाहन बिके। वहीं बजाज, रॉयल एनफील्ड, होंडा और टीवीएस शोरूम पर भी ग्राहकों की भारी भीड़ रही। इसके अलावा ट्रैक्टर-ट्रॉली, ई-रिक्शा और कारों की खरीदारी ने भी बाजार को रफ्तार दी। अनुमान है कि जिलेभर में करीब 1200 से अधिक वाहन बिके, जिससे ऑटो मोबाइल सेक्टर में लगभग चार करोड़ रुपये का कारोबार हुआ।

धनतेरस पर शहर में बढ़ी रंगत।

सराफा बाजार में भी खरीदारों की भारी भीड़ रही। महिलाएं रानी हार, झुमके, नथ और चांदी के सिक्के खरीदने में व्यस्त दिखीं। आभूषण व्यापारी शशांक सोनी ने बताया कि इस बार धनतेरस पर सोना-चांदी दोनों की बिक्री में अच्छी वृद्धि हुई है। सराफा व्यापारी दिनेश सोनी ने बताया कि लोग चांदी के सिक्कों के साथ लक्ष्मी-गणेश की प्रतिमाओं की भी खूब मांग कर रहे हैं। वहीं बर्तन व्यापारी रामरतन जैन ने बताया कि “आज बर्तनों की खूब बिक्री हो रही है, लोग स्टील और पीतल के बर्तन शुभ मुहूर्त में खरीदने पहुंच रहे हैं।”

अनुमानतः सराफा कारोबार में साढ़े तीन करोड़ रुपये का व्यापार हुआ। कुल मिलाकर धनतेरस ने बाजार में नई जान फूंक दी। बड़ी दुकानों से लेकर छोटी दुकानों तक ग्राहकों की भीड़ ने यह साबित कर दिया कि त्योहारों का उत्साह और खरीदारी का जोश अभी भी बरकरार है।



Source link