मध्य प्रदेश सरकार द्वारा चलायी जा रही भावांतर योजना के तहत सोयाबीन की खरीदी 24 अक्टूबर, 2025 से शुरू होगी। किसान अपने नजदीकी मण्डी/उप मण्डी में जाकर फसल बेच सकेंगे। इंदौर संभाग के सभी खरीदी केंद्रों में सोयाबीन खरीदी को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली
.
किसान सजी-धजी बैलगाड़ी से मंडी पहुंचे ।
खरीदी केंद्रों पर सोयाबीन खरीदी का काम 24 अक्टूबर से शुरू होकर 15 जनवरी 2026 तक चलेगा। सोयाबीन के लिए एमएसपी प्रति क्विंटल 5328 रु. घोषित की गई है। योजना के तहत सोयाबीन उत्पादक किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य और बाजार भाव के बीच का अंतर सरकार द्वारा दिया जाएगा। फसल बिक्री के 15 दिन के भीतर भाव में अंतर की राशि सीधे किसानों के बैंक खाते में अंतरित करने का लक्ष्य रखा गया है। योजना के तहत सभी किसानों को पारदर्शी और त्वरित भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा। सभी मंडियों और उप मंडियों में तकनीकी औक मानव संसाधन की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। मंडी स्तरीय कर्मचारियों को प्रशिक्षण भी दिया गया है। प्रवेश गेट और प्रांगण में सीसीटीवी मॉनिटरिंग की व्यवस्था भी की गई है। प्रत्येक खरीदी केन्द्रों में हेल्प डेस्क भी बनाए गए हैं
भावांतर योजना में इस वर्ष किसानों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी करते हुए अपने रकबे का रजिस्ट्रेशन कराया है। इंदौर संभाग के आठों जिलों में कुल 432 पंजीयन केन्द्रों पर 1,45,188 किसानों ने सोयाबीन भावांतर योजना में अपना पंजीयन कराया है। इसमें अकेले इंदौर में ही 46,061 किसानों ने पंजीयन कराया है। वहीं इंदौर संभाग के धार जिले में 37,940 किसानों ने पंजीयन कराया है।
खंडवा जिले में 20,001 किसानों ने, बड़वानी जिले में 13,455, खरगोन 13,364, झाबुआ 10,478, बुरहानपुर 2,534 और आलीराजपुर जिले में 1,355 किसानों ने पंजीयन करवाया है। किसानों को भावांतर राशि का भुगतान सीधे पंजीकृत बैंक खाते में किया जाएगा।
उधर, गुरुवार को इंदौर की लक्ष्मीबाई अनाज मंडी में मुहूर्त के सौदे हुए। इसके लिए आसपास के गांवों से किसान सजी-धजी बैलगाड़ी से मंडी पहुंचे। मंडी में आज सोयाबीन और गेहूं के मुहूर्त के सौदे हुए। मुहूर्त के सौदों के बाद मंडी में आतिशबाजी भी हुई।
मंडी प्रभारी दीपेंद्र तिवारी ने बताया कि आज मुहूर्त के सौदों में सोयाबीन की कीमत 7001 रुपए, गेहूं 2706 रुपए और डॉलर का भाव 8851 रुपए दर्ज किया गया।
.