नई दिल्ली. देश में 42 दिनों तक चले त्योहारी सीजन के दौरान वाहनों की बिक्री में जबरदस्त उछाल आया. जीएसटी में कमी के साथ त्योहारी डिमांड बढ़ने की वजह से लोगों ने रिकॉर्ड वाहनों की खरीद की. इस दौरान चारपहिया वाहनों के अलावा बाइक, स्कूटर और कॉमर्शियल वाहनों की बिक्री में भी जरबदस्त उछाल दिखा. फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (फाडा) ने हालिया आंकड़े जारी कर बताया कि 42 दिनों के त्योहारी सीजन में पिछले साल के मुकाबले वाहनों की खुदरा बिक्री में 21 फीसदी की ग्रोथ दर्ज की गई है.
फाडा के अनुसार, इस साल त्योहारों के दौरान कुल खुदरा बिक्री बढ़कर 52,38,401 यूनिट पहुंच गई, जो पिछले साल इसी अवधि में 43,25,632 यूनिट थी. वाहन डीलरों के संगठन फाडा के अध्यक्ष सीएस विग्नेश्वर ने बताया कि साल 2025 में 42 दिनों के त्योहारों की अवधि मोटर वाहनों की खुदरा बिक्री के लिए महत्वपूर्ण साबित हुई है. इसमें सभी श्रेणियों में अब तक की सबसे अधिक बिक्री दर्ज की गई. इस अवधि के दौरान यात्री वाहनों का पंजीकरण सालाना आधार पर 23 फीसदी बढ़कर 7,66,918 यूनिट पहुंच गया, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में यह 6,21,539 यूनिट था.
जीएसटी में कटौती का साफ असर
विग्नेश्वर ने कहा कि किफायती दाम बढ़ाने और मध्यम वर्ग की खपत बढ़ाने के जीएसटी 2.0 का असर साफ दिखाई दिया. कॉम्पैक्ट और सब-4 मीटर कार की बिक्री में जोरदार उछाल देखा गया, क्योंकि टैक्स की दरें कम होने से खरीदारी का आधार बढ़ा. कई डीलर ने बताया कि कुछ मॉडल में खुदरा बिक्री की गति उसकी सप्लाई से भी ज्यादा रही है. इसका मतलब है कि जितनी वाहनों की सप्लाई नहीं हुई, उससे ज्यादा मार्केट में डिमांड रही है.
बाइक की बिक्री में भी जबरदस्त उछाल
फाडा के अनुसार, दोपहिया वाहनों की खुदरा बिक्री भी त्योहारी सीजन में 22 फीसदी बढ़कर 40,52,503 यूनिट पहुंच गई. साल 2024 में यह संख्या 33,27,198 यूनिट ही रही थी. विग्नेश्वर ने कहा कि दोपहिया क्षेत्र को बेहतर ग्रामीण माहौल, बेहतर नकदी और माल एवं सेवा कर (जीएसटी) में कटौती का बड़ा लाभ मिला है. इस दौरान कम्यूटर बाइक व स्कूटर की अच्छी मांग के साथ-साथ इलेक्ट्रिक वाहनों में भी रुचि बढ़ी है.
कॉमर्शियल वाहनों की बिक्री भी बढ़ी
फाडा ने बताया कि 42 दिन की अवधि के दौरान तिपहिया और कॉमर्शियल वाहनों के पंजीकरण में भी क्रमश: 9 प्रतिशत और 15 प्रतिशत की वृद्धि हुई है. मोटर वाहन की खुदरा बिक्री अक्टूबर में सालाना आधार पर 41 प्रतिशत बढ़कर 40,23,923 यूनिट रही है. यात्री वाहनों का पंजीकरण पिछले महीने बढ़कर 5,57,373 यूनिट पहुंच गया, जो अक्टूबर 2024 में 5,00,578 यूनिट था. इसमें 11 फीसदी से ज्यादा का उछाल दिखा है. अक्टूबर में दोपहिया वाहनों की बिक्री भी सालाना आधार पर 52 प्रतिशत बढ़कर 31,49,846 यूनिट रही, पिछले साल अक्टूबर में सिर्फ 20,75,578 बाइक बिकी थी.
तिपहिया वाहनों की भी बंपर डिमांड
फाडा के अनुसार, अक्टूबर में तिपहिया वाहनों की खुदरा बिक्री सालाना आधार पर 5 प्रतिशत बढ़कर 1,29,517 यूनिट पहुंच गई, जबकि वाणिज्यिक वाहनों की बिक्री में पिछले महीने की समान अवधि की तुलना में 18 फीसदी की वृद्धि दर्ज की गई. वाहन डीलरों के संगठन ने कहा कि जीएसटी 2.0 के निरंतर प्रभाव, स्थिर ग्रामीण आय और शादियों व फसलों की मौसमी मांग के कारण अगले तीन महीनों के लिए भारत के मोटर वाहन का रिटेल आउटलुक पॉजिटव बना रहेगा.