इंदौर में 65 वर्षीय बुजुर्ग के साथ की गई 20 लाख 10 हजार 840 रुपए की ऑनलाइन ठगी के मामले में क्राइम ब्रांच ने बैंक से खातों की डिटेल मांगी है। क्राइम ब्रांच को शंका है कि ये सभी खाते दूसरे राज्य के हो सकते है।
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बैंक से डिटेल मिलने के बाद टीम आगे की कार्रवाई करेगी। बता दे की बुजुर्ग को शेयर मार्केट में कई गुना मुनाफा देने के नाम पर 20 लाख 10 हजार 840 रुपए की ऑनलाइन ठगी की गई थी। बुजुर्ग को ठगी के बारे में जानकारी मिली तो उन्होंने क्राइम ब्रांच में इसकी शिकायत दर्ज कराई थी।
खातों के फ्रीज कराया, डिटेल निकाल रही क्राइम ब्रांच
एडिशनल डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश दंडोतिया ने बताया कि इंदौर में रहने वाले रिटायर्ड बुजुर्ग के साथ हुई 20 लाख से ज्यादा की ऑनलाइन ठगी के मामले में क्राइम ब्रांच ने बुजुर्ग की शिकायत पर कायमी कर सबसे पहले जिन खातों में बुजुर्ग का पैसा गया उन खातों को फ्रीज कराया है। बैंक से खातों की डिटेल मांगी गई है। संभवना है कि ये खाते दूसरे राज्य के हो सकते है। खातों की डिटेल मिलने के बाद खाता धारकों की जानकारी निकाली जाएगी।
ये है पूरा मामला
बुजुर्ग ने शिकायत की थी कि 28 अगस्त को अज्ञात नंबर से कॉल आए। कॉलर ने खुद के नाम अनामिका और नीतेश बताए। उन्होंने वॉट्सऐप पर DEX एप्लिकेशन की लिंक भेजी और रजिस्ट्रेशन करने और ट्रेडिंग में ज्यादा प्रॉफिट मिलने के बारे में बताया। लिंक के माध्यम से USDT का क्रेडिट दिखाकर ट्रेडिंग कराई जाती है।
11 सितंबर से 22 सितंबर तक बदमाशों ने उनके द्वारा भेजे बैंक खातों और UPI में कुल 20 लाख 10 हजार 840 रुपए ट्रेडिंग के नाम पर जमा करा लिए। जब बुजुर्ग ने मुनाफा मांगा तो बदमाशों ने कमिशन के नाम पर और पैसे मांगे। इसके बाद बुजुर्ग ने जानकारी निकाली तो उन्हें हकीकत पता चली और कायमी करवाई।