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India vs South Africa fans angry: साउथ अफ्रीका से कोलकाता टेस्ट में मिली हार के बाद टीम इंडिया और मैनेजमेंट से फैंस नाराज हैं. खासकर निशाना कोच गौतम गंभीर और चीफ सलेक्टर अजीत अगरकर पर साधा जा रहा है. स्पिन ट्रैक पर कमजोर प्रदर्शन और चयन पर सवाल उठ रहे हैं.
साउथ अफ्रीका (IND vs SA) के हाथों हार के बाद भारतीय टीम मैनेजमेंट पर कड़ी आलोचना हो रही है. खासकर भारतीय फैंस टीम इंडिया को जमकर कोस रहे हैं. 124 रनों का पीछा भी नहीं कर पाने पर वे निराशा जता रहे हैं. साउथ अफ्रीका के खिलाफ ईडन गार्डन में खेले गए पहले टेस्ट में भारतीय टीम 30 रनों से हार गई.

इस हार को टीम इंडिया के फैंस पचा नहीं पा रहे हैं. पहली पारी में 30 रनों की बढ़त हासिल करने के बाद हारने पर वे सवाल उठा रहे हैं. घरेलू मैदान पर स्पिन ट्रैक पर खेलते हुए विरोधी टीम के सामने घुटने टेकने पर भी वे नाराजगी जता रहे हैं. फैंस का कहना है कि टीम में सभी खिलाड़ी कमजोर हैं और अगर मैनेजमेंट से दो शख्स को नहीं हटाया गया तो टीम इंडिया का भला नहीं होगा.

भारतीय टीम के कई खिलाड़ी स्पिनर्स के खिलाफ खेलने में दिक्कत महसूस कर रहे हैं. धोनी के कप्तान बनने के बाद घरेलू टेस्ट मैचों के लिए स्पिन ट्रैक तैयार करना शुरू हुआ था. उस समय टीम इंडिया में स्पिनर्स के खिलाफ खेलने वाले बल्लेबाज होते थे. लेकिन अब ऐसा नहीं है.

स्पिनर्स के खिलाफ खेलने वाले खिलाड़ियों को ढूंढने पर भी टीम में नहीं मिल रहे हैं. कोहली से लेकर साई सुदर्शन तक कोई भी स्पिनर्स के खिलाफ अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पा रहा है. कोहली ने अब टेस्ट क्रिकेट से अलविदा कह दिया है. स्पिनर्स के खिलाफ हारना कोई नई बात नहीं है, पहले भी ऐसा हुआ है. लेकिन गंभीर के कोच बनने के बाद यह समस्या और बढ़ गई है.

घरेलू मैदान पर स्पिन ट्रैक पर खेलने से भारतीय टीम डरने लगी है. बांग्लादेश, वेस्टइंडीज, श्रीलंका जैसी टीमों के खिलाफ स्पिन ट्रैक पर जीत हासिल कर लेती है. ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, साउथ अफ्रीका, इंग्लैंड जैसी टीमों के खिलाफ स्पिन ट्रैक पर खेलकर जीतना मौजूदा टीम के लिए असंभव सा लग रहा है.

पिछले साल न्यूजीलैंड के खिलाफ घरेलू मैदान पर खेले गए तीन मैचों की टेस्ट सीरीज में टीम इंडिया को वाइटवॉश का सामना करना पड़ा था. कीवी स्पिनर्स के सामने भारतीय टीम तीनों मैचों में बुरी तरह हार गई थी. इसके बाद कमजोर वेस्टइंडीज के खिलाफ जीत हासिल की. लेकिन एक बार फिर मजबूत टीम के सामने हाथ खड़े कर दिए. गंभीर के कोच बनने के बाद से अब तक भारतीय टीम ने 5 टेस्ट सीरीज खेली हैं. बांग्लादेश, वेस्टइंडीज जैसी कमजोर टीमों के खिलाफ जीत हासिल की है.

न्यूजीलैंड, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा. इंग्लैंड के खिलाफ ड्रॉ खेला. अब साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट में हार मिली है. इस सीरीज को जीतने का मौका नहीं है. अगर दूसरे टेस्ट में जीत हासिल की तो सीरीज ड्रॉ होगी. हारने पर घरेलू मैदान पर एक और सीरीज हार का सामना करना पड़ेगा. टीम इंडिया की इस स्थिति के लिए कोच गंभीर और चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर जिम्मेदार हैं. आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को टेस्ट के लिए चुनकर टीम को कमजोर बना रहे हैं.

मौजूदा टीम के खिलाड़ियों को धैर्यपूर्वक बल्लेबाजी करना नहीं आ रहा है. वे टी20 की तरह खेलने की कोशिश कर रहे हैं. स्पिन ट्रैक पर गेंदों का सही अनुमान लगाने में भी दिक्कत हो रही है. पुजारा, रहाणे जैसे खिलाड़ियों को नजरअंदाज करने से टीम इंडिया की यह हालत हो गई है, ऐसा फैंस का कहना है. टीम इंडिया की किस्मत सुधारने के लिए फैंस गंभीर और अगरकर को हटाने की मांग कर रहे हैं.