ईशान किशन का तूफानी शतक, विराट बने जोड़ीदार, टीम की लगाई नैया पार

ईशान किशन का तूफानी शतक, विराट बने जोड़ीदार, टीम की लगाई नैया पार


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Ishan Kishan smashes hundred: भारतीय विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में धमाकेदार शतक जड़कर अपनी टीम को शानदार जीत दिलाई. ईशान का साथ विराट सिंह ने बखूबी दिया. विराट ने अहमदाबाद में हाफ सेंचुरी जड़ी. ईशान ने इस पारी से चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खिंचा. जिन्हें पिछले कुछ समय से टीम इंडिया में जगह नहीं मिल रही है.

ईशान किशन ने 45 गेंदों पर जड़ा शतक.

नई दिल्ली. ईशान किशन ने सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में शतक जड़कर भारतीय चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खिंचा है. उन्होंने झारखंड की ओर से खेलते हुए त्रिपुरा के खिलाफ धमाकेदार शतक जड़कर अपनी टीम को 8 विकेट से जीत दिलाई. भारतीय क्रिकेट टीम से बाहर चल रहे ईशान ने इस मुकाबले में 50 गेंदों पर नाबाद 113 रन की पारी खेली. बाएं हाथ के बल्लेबाज ईशान ने अपनी नाबाद पारी के दौरान 10 चौके और आठ छक्के मारे जिससे झारखंड ने त्रिपुरा के सात विकेट पर 182 रन के जवाब में 15 गेंद शेष रहते दो विकेट पर 185 रन बनाकर जीत दर्ज की.

ईशान किशन (Ishan Kishan) ने अपनी इस पारी से राष्ट्रीय चयनकर्ताओं का ध्यान खींचने का प्रयास किया है जो जल्द ही दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज के लिए भारतीय टीम का चयन करेंगे. किशन को विराट सिंह के रूप में उम्दा जोड़ीदार मिला जिन्होंने 40 गेंद में नाबाद 53 रन की पारी खेली. एक अन्य मैच में राजस्थान ने अंतिम लम्हों में धैर्य बरकरार रखते हुए कर्नाटक को बेहद रोमांचक मुकाबले में एक रन से हराया.

ईशान किशन ने 45 गेंदों पर जड़ा शतक.

राजस्थान ने पांच विकेट पर 201 रन बनाए
राजस्थान ने पहले बल्लेबाज करते हुए पांच विकेट पर 201 रन बनाए थे जिसके जवाब में कड़ी चुनौती पेश करने के बावजूद कर्नाटक की टीम आठ विकेट पर 200 रन ही बना सकी. लक्ष्य का पीछा करते हुए कर्नाटक ने शुरुआत में ही कप्तान मयंक अग्रवाल और केएल श्रीजीत के विकेट गंवा दिए जिससे टीम का स्कोर दो विकेट पर 19 रन पर हो गया.

करुण नायर ने जड़ा अर्धशतक
देवदत्त पडिक्कल (32) के विकेट के साथ टीम ने 51 रन तक तीन विकेट गंवा दिए. करुण नायर (32 गेंद में 51 रन) और आर स्मरण (31 गेंद में नाबाद 48) ने 82 रन की साझेदारी करके पारी को संभाला। दोनों ने 14.5 ओवर में टीम का स्कोर तीन विकेट पर 133 रन तक पहुंचाया लेकिन इसके बाद टीम ने करुण, अभिनव मनोहर, श्रेयस गोपाल और प्रवीण दुबे के विकेट जल्दी-जल्दी गंवा दिए जिससे उसका स्कोर 17.3 ओवर में सात विकेट पर 155 रन हो गया.

कर्नाटक को अंतिम ओवर में 15 रन की जरूरत थी
स्मरण अंतिम ओवरों में तेजी से रन बनाने में नाकाम रहे. विद्याधर पाटिल ने आठ गेंद में तीन छक्कों और दो चौकों से 27 रन बनाकर टीम की उम्मीद जगाई लेकिन कमलेश नागरकोटि (52 रन पर तीन विकेट) ने उन्हें पवेलियन भेज दिया. कर्नाटक को अंतिम ओवर में 15 रन की जरूरत थी लेकिन विजयकुमार वैशाख के छक्के और स्मरण के चौके के बावजूद टीम एक रन से हार गई.



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