Ghosh bowled maiden 50th over: ‘क्रिकेट में कुछ भी हो सकता है’…ये लाइनें एक बार फिर सच साबित हुई हैं. 9 जनवरी को विजय हजारे ट्रॉफी 2025-26 के तहत खेले गए मुकाबले में कुछ ऐसा हुआ, जिस पर किसी को यकीन नहीं हो रहा. आखिरी ओवर में जीत के लिए 6 रन चाहिए थे, लेकिन एक गेंदबाज ने सभी 6 बॉल डॉट निकाल दीं. मतलब पूरा ओवर मेडन. उसने करिश्माई गेंदबाजी से मैच का रुख पलट दिया. हारी हुई बाजी जीत ली. जिस अनजान गेंदबाज ने यह कमाल कर दिखाया है, वो आईपीएल 2026 में चेन्नई सुपर किंग्स के लिए खेलेगा.
आखिरी ओवर में 6 रन डिफेंड करने का ये कमाल महाराष्ट्र और गोवा के बीच हुए मुकाबले में दिखा. 49वें ओवर तक गोवा की टीम जीत की ओर बढ़ रही थी. 50 ओवर के इस मैच में आखिरी ओवर में 6 रन बनाना कोई बड़ी बात नहीं होती, लेकिन गोवा की टीम ऐसा करने में फेल हो गई. उसके सामने रामकृष्ण घोष नाम का गेंदबाज एक दीवार की तरह खड़ा हो गया. उसने सभी 6 बॉल डॉट निकाल दीं और अपनी टीम को रोमांचक जीत दिलाई.
दरअसल, विजय हजारे ट्रॉफी 2025-26 के एलीट ग्रुप C के तहत जयपुर में यह हाई-वोल्टेज मुकाबला देखने को मिला. इस मैच में महाराष्ट्र ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 7 विकेट खोकर बोर्ड पर 249 रन बनाए थे. कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ ने 134 रनों की उम्दा पारी खेली थी. इस टारगेट का पीछा करने उतरी गोवा की टीम ने बढ़िया शुरुआत की. पहले विकेट के लिए ओपनिंग जोड़ी कश्यप बखले और स्नेहल कौथंकर ने कुल 83 रन जोड़े थे, लेकिन इसके बाद विकेट गिरना शुरू हुए. एक वक्त ऐसा आया जब टीम ने 221 रन पर 9वां विकेट खो दिया.
कप्तान ऋतुराज की उम्मीदों पर खरा उतरे रामकृष्ण
221 रन पर 9 विकेट खोने वाली गोवा की टीम को ललित यादव ने संभाला. उन्होंने 67 बॉल पर 57 रन बनाए. दूसरे छोर पर वासुकी कौशिक मौजूद थे, लेकिन ये दोनों खिलाड़ी टीम को जीत नहीं दिला सके. मैच आगे बढ़ता गया. अब बारी थी आखिरी ओवर की, जिसमें गोवा की टीम को जीत के लिए 6 रन चाहिए थे. ड्रॉ के लिए 5 रन. कप्तान ऋतुराज ने आखिरी ओवर तेज गेंदबाज रामकृष्ण घोष को इस उम्मीद के साथ दिया था कि वो कुछ जादू दिखाएं. यह गेंदबाज अपने कप्तान की उम्मीदों पर खरा उतरा. उसने आखिरी ओवर की सभी 6 बॉल डॉट निकाल दीं. इस तरह आखिरी गेंद तक चले इस रोमांचक मुकाबले में महाराष्ट्र ने 5 रन से जीत दर्ज की.
आखिरी ओवर का रोमांच
इस मुकाबले में आखिरी ओवर रोमांच से भरा था. ऐसा इसलिए क्योंकि गोवा की आखिरी जोड़ी क्रीज पर थी. जीत के लिए 6 रन चाहिए थे. मतलब ड्रामा होना तय था. इस नाजुक वक्त पर रामकृष्ण का जादू चल गया. उन्होंने एक भी रन नहीं दिया और हारी हुई बाजी पलट दी. 50वां ओवर मेडन रहा. जैसे ही महाराष्ट्र की टीम जीती, कप्तान ऋतुराज गायकवाड़ खुशी से झूम उठे. दूसरे खिलाड़ियों ने भी दौड़कर जश्न मनाया. आखिरी ओवर में 6 रन डिफेंड करने वाले रामकृष्ण ने 10 ओवर में सिर्फ 35 रन खर्च किए और 1 विकेट चटकाया.
ये वही रामकृष्ण घोष हैं, जिन्हें 5 बार की चैंपियन चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) ने 2025 के सीजन में 30 लाख रुपये में अपने साथ जोड़ा था, लेकिन उन्हें एक भी मौका नहीं मिला. 2026 के लिए चेन्नई ने उन्हें रिटेन किया है. अब देखना होगा कि क्या इस बार वो डेब्यू कर पाएंगे या नहीं.