अनूपपुर जिले के जैतहरी वन क्षेत्र में इन दिनों जंगली जानवरों की दहशत बढ़ गई है। सोमवार रात को क्योंटार ग्राम पंचायत के रोहिलाकछार गांव में एक तेंदुए ने घर के पास बंधी गाय पर हमला कर उसे घायल कर दिया। इस घटना के बाद से ग्रामीण इलाकों में डर का माहौल है
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तेंदुए के हमले की खबर मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पंजों के निशानों की जांच की। खतरे को देखते हुए सोमवार रात को ही वन विभाग ने गाड़ियों के जरिए आसपास के गांवों में मुनादी करवाई।
विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि वे शाम ढलने के बाद घरों से बाहर न निकलें, अकेले जंगल की ओर न जाएं और अपने मवेशियों को सुरक्षित जगहों पर बांधें।
तेंदुए की मौजूदगी की पुष्टि
जैतहरी वन परिक्षेत्र अधिकारी विवेक मिश्रा ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से तेंदुए का मूवमेंट आबादी वाले इलाकों में लगातार देखा जा रहा है। रविवार रात भी एक तेंदुए को गांव के पास देखा गया था, लेकिन लोगों के शोर मचाने पर वह भाग निकला। इससे पहले 7 जनवरी को करंट की चपेट में आने से एक तेंदुए की मौत भी हो चुकी है, जिससे यह साफ है कि इस इलाके में तेंदुओं की संख्या अच्छी-खासी है।
वन विभाग की टीम निगरानी रख रही है।
हाथियों और तेंदुओं की दोहरी मार
जैतहरी के ग्रामीण पहले ही तीन हाथियों के समूह से परेशान हैं, जो पिछले 21 दिनों से धनगवां के जंगलों में डेरा जमाए हुए हैं। हाथी लगातार फसलों और घरों को नुकसान पहुंचा रहे हैं।
अब तेंदुए की दस्तक ने ग्रामीणों की नींद उड़ा दी है। वन विभाग की टीम फिलहाल दोनों ही मोर्चों पर निगरानी रख रही है और घायल गाय का इलाज पशु विभाग ने कराया है।