बैठने की गलत आदतें बना सकती हैं शनि और राहु के क्रोध का कारण! उज्जैन के आचार्य ने बताए उपाय

बैठने की गलत आदतें बना सकती हैं शनि और राहु के क्रोध का कारण! उज्जैन के आचार्य ने बताए उपाय


These Habits Weaken Destiny: अक्सर हम अपने रोजमर्रा के काम में कुछ छोटी-छोटी आदतें अपनाते हैं, जिन पर कभी ध्यान नहीं देते. खासकर पैरों से जुड़ी कुछ आदतें ऐसी होती हैं जिन्हें हम बिल्कुल सामान्य समझ लेते हैं. लेकिन ज्योतिष और वास्तु शास्त्र की मानें तो यही छोटी आदतें हमारे जीवन की सफलता और असफलता का कारण बन सकती हैं. शास्त्रों के अनुसार हमारे शरीर का हर अंग किसी न किसी ग्रह से जुड़ा होता है और पैरों का संबंध सीधे हमारी स्थिरता, भाग्य और आर्थिक स्थिति से माना जाता है. पैरों की साफ-सफाई, उनका सही उपयोग और उनका सम्मान करना हमारे जीवन में सकारात्मक ऊर्जा बनाए रखता है.  वहीं, पैरों से जुड़ी गलत आदतें धीरे-धीरे ग्रहों की शुभता को कम कर देती हैं.

जब व्यक्ति बार-बार पैरों को हिलाता है, जमीन पर घसीटकर चलता है या गंदे पैरों से पूजा-स्थल या घर में प्रवेश करता है, तो इससे नकारात्मक ऊर्जा बढ़ने लगती है। इसका सीधा असर राहु, शनि और चंद्रमा जैसे ग्रहों पर पड़ता है, जो मानसिक स्थिति, आर्थिक स्थिरता और निर्णय क्षमता को प्रभावित करते हैं. वास्तु शास्त्र के अनुसार अगर आप चाहते हैं कि आपकी तरक्की न रुके, धन और मानसिक शांति बनी रहे, तो पैरों से जुड़ी इन आदतों को नजरअंदाज करना बंद करना होगा. आइए उज्जैन के आचार्य आनंद भारद्वाज आगे जानते हैं पैरों से जुड़ी वे कौन-सी गलत आदतें हैं जो आपके भाग्य को कमजोर कर सकती हैं और जीवन में रुकावटें पैदा कर सकती हैं.

बिना वजह पैर हिलाने की आदत
अगर आप बैठे-बैठे बार-बार पैर हिलाते रहते हैं, तो इसे मन की अस्थिरता और बेचैनी का संकेत माना जाता है. ज्योतिष के अनुसार यह आदत चंद्रमा को कमजोर करती है, जो मन, भावनाओं और शांति का कारक ग्रह है. माना जाता है कि इससे एकाग्रता घटती है और धन से जुड़े निर्णयों में गड़बड़ी होने लगती है.

बाहर से आकर बिना पैर धोए बिस्तर पर जाना
वास्तु शास्त्र में इस आदत को अशुभ माना गया है. बाहर की नकारात्मक ऊर्जा पैरों के माध्यम से घर के अंदर आ जाती है, जिससे राहु और केतु का प्रभाव बढ़ सकता है. इसका असर नींद, मानसिक शांति और घर के माहौल पर पड़ता है. कई बार ऐसे लोगों को बेचैनी, डरावने सपने और बार-बार परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है.

घर के अंदर भी जूते-चप्पल पहनकर रहना
शास्त्रों में कहा गया है कि नंगे पैर चलने से पृथ्वी की सकारात्मक ऊर्जा शरीर में प्रवेश करती है. जो लोग घर के भीतर भी हमेशा जूते या चप्पल पहने रहते हैं, उनका राहु ग्रह अशांत हो सकता है. इससे घर में तनाव, आपसी मतभेद और बेवजह की परेशानियां बढ़ने लगती हैं.

गंदे पैर और फटी एड़ियां
वास्तु और ज्योतिष के अनुसार पैरों की साफ-सफाई का संबंध शुक्र और बुध ग्रह से होता है. अगर पैर गंदे रहते हैं या एड़ियां फटी रहती हैं, तो इससे जीवन में नकारात्मकता और आर्थिक रुकावटें बढ़ सकती हैं. मान्यता है कि इससे धन की देवी लक्ष्मी की कृपा कम होने लगती है और कामों में अड़चन आने लगती है.

पैर घसीटकर चलने की आदत
कुछ लोगों को चलते समय पैर घसीटने की आदत होती है. ज्योतिष के अनुसार यह राहु और शनि दोनों को प्रभावित करती है. इससे जीवन में अचानक रुकावटें, मानसिक असंतुलन और करियर से जुड़ी परेशानियां बढ़ सकती हैं.व्यक्ति को बार-बार मेहनत के बावजूद मनचाहा परिणाम नहीं मिल पाता. इन छोटी-छोटी आदतों को समय रहते सुधार लेना ही समझदारी है, क्योंकि शास्त्रों के अनुसार यही आदतें आपके भाग्य और जीवन की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाती हैं.



Source link