8.50 करोड़ से बना आर्टीफीशियल पाम आईलैंड, लगे हैं 240 लाइटिंग ट्री, घूमने के लिए है खास इंतजाम

8.50 करोड़ से बना आर्टीफीशियल पाम आईलैंड, लगे हैं 240 लाइटिंग ट्री, घूमने के लिए है खास इंतजाम


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Shivpuri news: पाम आइलैंड में करीब 240 लाइटिंग ट्री लगाए गए हैं, जो रात के समय अलग-अलग रंगों में चमकते हैं. इन लाइटिंग ट्री की सजावट ऐसी की गई है कि दूर से देखने पर पूरा आइलैंड किसी आधुनिक पर्यटन स्थल की तरह नजर आता है. जैसे ही लाइटिंग चालू होती है, यहां लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है.

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शिवपुरीः मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में मेडिकल कॉलेज के समीप विकसित किया गया आर्टिफिशियल ‘पाम आइलैंड’ इन दिनों शहरवासियों के साथ-साथ बाहर से आने वाले पर्यटकों के लिए भी आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनता जा रहा है. खासकर शनिवार, रविवार और त्योहारों के अवसर पर यहां की विशेष लाइटिंग व्यवस्था लोगों को अपनी ओर खींच लेती है. शाम होते ही जब पाम आइलैंड की लाइटें जलती हैं, तो पूरा क्षेत्र रंग-बिरनी रोशनी से जगमगा उठता है और देखने वालों को एक अलग ही अनुभव देता है.

लगाए गए हैं 240 लाइटिंग ट्री

इस पाम आइलैंड में करीब 240 लाइटिंग ट्री लगाए गए हैं, जो रात के समय अलग-अलग रंगों में चमकते हैं. इन लाइटिंग ट्री की सजावट ऐसी की गई है कि दूर से देखने पर पूरा आइलैंड किसी आधुनिक पर्यटन स्थल की तरह नजर आता है. जैसे ही लाइटिंग चालू होती है, यहां लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है. परिवार के साथ घूमने आए लोग, युवा वर्ग और बच्चे बड़ी संख्या में यहां पहुंचते हैं. युवा वर्ग इस स्थान को खास तौर पर पसंद कर रहा है. मोबाइल फोन से फोटो और वीडियो बनाते युवाओं की भीड़ यहां आमतौर पर देखी जा सकती है. सोशल मीडिया के दौर में पाम आइलैंड एक लोकप्रिय सेल्फी पॉइंट बन चुका है. बच्चे खुले और सुरक्षित वातावरण में खेलते नजर आते हैं, जबकि बुजुर्ग यहां बने पाथवे और बैठने की व्यवस्था का लाभ उठाते हुए सुकून के पल बिताते हैं.

8.50 करोड़ से बना आर्टीफीशियल पाम आईलैंड

शिवपुरी का यह पाम आइलैंड भारत का दूसरा आर्टिफिशियल पाम आइलैंड बताया जा रहा है. इस महत्वाकांक्षी परियोजना पर करीब 8 करोड़ 50 लाख रुपये की लागत आई है. इसका उद्देश्य न केवल शहर की सुंदरता को बढ़ाना है, बल्कि शिवपुरी को पर्यटन के नक्शे पर एक नई पहचान दिलाना भी है. प्रशासन का मानना है कि इस तरह के विकास कार्यों से स्थानीय लोगों को बेहतर सार्वजनिक स्थान मिलते हैं और शहर की छवि भी निखरती है.

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पाम आइलैंड बनने से पहले शिवपुरी में शाम के समय घूमने-फिरने के लिए गिने-चुने स्थान ही थे. लेकिन अब यह स्थान लोगों के लिए एक नया, साफ-सुथरा और आकर्षक विकल्प बन गया है. विशेष रूप से शनिवार, रविवार और त्योहारों पर यहां भारी भीड़ देखने को मिलती है. कई लोग तो सिर्फ रात की लाइटिंग देखने के उद्देश्य से ही यहां पहुंचते हैं.

घूमने के लिए है खास इंतजाम

पाम आइलैंड के चारों ओर घूमने के लिए व्यवस्थित पाथवे बनाए गए हैं, जिससे लोग आराम से टहल सकते हैं. इसके साथ ही बैठने के लिए पर्याप्त बेंच और स्थान उपलब्ध कराए गए हैं. यह व्यवस्था हर आयु वर्ग के लोगों को ध्यान में रखकर की गई है, जिससे सभी यहां समय बिता सकें. इस परियोजना के पूरा होने के बाद शिवपुरी शहर की तस्वीर भी बदलती हुई नजर आ रही है. पाम आइलैंड के साथ-साथ शहर के प्रमुख बाजारों और मुख्य सड़कों पर भी नई लाइटिंग की गई है. इससे रात के समय पूरा शहर पहले की तुलना में अधिक रोशन और सुंदर दिखाई देता है. त्योहारों के दौरान यह रौनक और भी बढ़ जाती है.

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Rajneesh Kumar Yadav

मैं रजनीश कुमार यादव, 2019 से पत्रकारिता से जुड़ा हूं. तीन वर्ष अमर उजाला में बतौर सिटी रिपोर्टर काम किया. तीन वर्षों से न्यूज18 डिजिटल (लोकल18) से जुड़ा हूं. ढाई वर्षों तक लोकल18 का रिपोर्टर रहा. महाकुंभ 2025 …और पढ़ें

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