मध्य प्रदेश की राजनीति, नौकरशाही और अन्य घटनाओं पर चुटीली और खरी बात का वीडियो (VIDEO) देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। इन खबरों को आप पढ़ भी सकते हैं। ‘बात खरी है’ मंगलवार से रविवार तक हर सुबह 6 बजे से दैनिक भास्कर एप पर मिलेगा।
.
सिंधिया बोले- मुझे नहीं पता दिग्विजय क्या चाहते हैं वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह ने अपनी राज्यसभा सीट खाली करने का ऐलान कर सियासी गलियारों में चर्चाओं का बाजार गर्म कर दिया है। उनके इस ऐलान पर जब केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से सवाल किया गया तो वह भड़क गए।
सिंधिया ने तंज करते हुए कहा कि उन्हें खुद नहीं पता कि दिग्विजय सिंह क्या चाहते हैं। उन्होंने कहा- जब मैं कांग्रेस में था, तब भी मैं नहीं जानता था कि वो क्या चाहते थे। अब मैं पार्टी से बाहर हूं, तो कैसे जानूं कि वो क्या चाहते हैं।
राजनीतिक जानकारों की मानें तो दिग्विजय सिंह को यूं ही कांग्रेस की राजनीति का ‘चाणक्य’ नहीं कहा जाता। उनके हर फैसले के पीछे कोई न कोई रणनीति जरूर होती है। खुद कांग्रेस के नेता भी दिग्विजय सिंह की राजनीतिक समझ की तारीफ करते हैं। कांग्रेस नेता सज्जन सिंह ने कहा कि दिग्विजय सिंह बेहद दूरदर्शी नेता हैं।
राज्यसभा नहीं जाने के दिग्विजय के फैसले पर सिंधिया ने कहा- मुझे नहीं मालूम वो क्या चाहते हैं।
विजयवर्गीय ने सांसद लालवानी को दी अपनी कुर्सी इंदौर में एक कार्यक्रम के दौरान उस वक्त माहौल हल्का-फुल्का और खुशनुमा हो गया, जब मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने सांसद शंकर लालवानी को अपनी कुर्सी सौंप दी। हालांकि यह कोई राजनीतिक बदलाव नहीं, बल्कि मंच पर कुछ देर के लिए कुर्सी देने का मजेदार वाकया था।
हुआ यूं कि कैलाश विजयवर्गीय कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इसी दौरान सांसद शंकर लालवानी का आना हुआ। लेकिन मंच पर कुर्सी खाली नहीं थी। इस पर मंत्री विजयवर्गीय ने सांसद शंकर लालवानी से कहा कि आप मेरी कुर्सी पर बैठ जाइए।
सांसद शंकर लालवानी जब कुर्सी पर बैठ गए तो कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि कैलाश पर ही शंकर बैठता है। ये सुनते ही कार्यक्रम में ठहाके गूंजने लगे। मामला यहीं नहीं रुका। मुख्यमंत्री ने भी विजयवर्गीय की बात दोहराई।

एक कार्यक्रम में मंत्री विजयवर्गीय ने सांसद लालवानी को अपनी कुर्सी दी।
पूर्व गृह मंत्री ने एसपी-कलेक्टर को बताया नाकारा मध्य प्रदेश के पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा इस बार विपक्ष जैसी भूमिका में नजर आए। उन्होंने अपने ही जिले दतिया के एसपी और कलेक्टर को नाकारा करार दिया। वे जिले में लगातार बढ़ रहे अपराधों को लेकर बोल रहे थे।
दरअसल, नरोत्तम मिश्रा दतिया में बढ़ रहे क्राइम को लेकर कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती को घेर रहे थे। नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि कांग्रेस विधायक एसपी की शिकायत डीजीपी से क्यों नहीं करते। इसके पीछे उन्होंने जो तर्क दिया, वह चौंकाने वाला था। उन्होंने कहा कि ये एसपी-कलेक्टर उन्हीं के लाए हुए आईएएस-आईपीएस हैं।
अब लोग सवाल उठा रहे हैं कि कांग्रेस विधायक के कहने पर तो एसपी और कलेक्टर की पोस्टिंग नहीं हुई होगी। ऐसे में नरोत्तम मिश्रा का ये तर्क पच नहीं रहा है।

नरोत्तम मिश्रा ने अपने ही जिले दतिया के एसपी-कलेक्टर को नाकारा कह दिया।
विधायक ने बनाई जलेबी, लोगों ने बनाया वीडियो राजनीति है साहब, जो कराए सो कम.. राजगढ़ से भाजपा विधायक अमर सिंह यादव खुजनेर के एक होटल में जलेबी बनाते नजर आए। विधायक को कढ़ाही के पास खड़े होकर जलेबी बनाते देखा तो भीड़ जुट गई। जो लोग विधायक को पहचानते थे, वे रुक गए और मोबाइल निकालकर वीडियो बनाने लगे।
खरी बात यह है कि विधायक जी भी इस पूरे घटनाक्रम का खूब आनंद लेते नजर आए। राजनीति में पब्लिसिटी भी जरूरी होती है और शायद यही वजह रही कि वह पूरे आत्मविश्वास के साथ जलेबी बनाते रहे और लोगों को पोज भी देते रहे।

इनपुट सहयोग – अरुण मोरे (ग्वालियर), राधावल्लभ मिश्रा (दतिया), मनीष सोनी (राजगढ़)
ये भी पढ़ें – दिग्विजय के ग्राउंड पर जीतू पटवारी क्लीन बोल्ड: सीएम के साथ फोटो की होड़ में मची खींचतान

दिग्विजय सिंह के ग्राउंड पर बल्लेबाजी कर रहे प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी एक बॉल पर क्लीन बोल्ड हो गए। पटवारी विधायक जयवर्धन सिंह के साथ राघौगढ़ में एक स्पोर्ट्स फेस्टिवल में शामिल हुए थे। बल्लेबाजी में हाथ आजमाने के बाद मंच से उन्होंने कहा- जिंदगी की यही रीत है, हार के बाद ही जीत है। पूरी खबर पढ़ें