कैसे हुई थी 29 साल के ग्रैंडमास्टर Daniel Naroditsky की मौत? टॉक्सिकोलॉजी रिपोर्ट में हुआ चौंकाने वाला खुलासा

कैसे हुई थी 29 साल के ग्रैंडमास्टर Daniel Naroditsky की मौत? टॉक्सिकोलॉजी रिपोर्ट में हुआ चौंकाने वाला खुलासा


Daniel Naroditsky died: अमेरिका के जाने-माने शतरंज ग्रैंडमास्टर डैनियल नारोडित्स्की अब इस दुनिया में नहीं हैं. अक्टूबर 2025 में वो नॉर्थ कैरोलाइना स्थित अपने घर में मृत पाए गए थे. 29 साल की उम्र में ही उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया था. उनकी अचानक मौत से सभी हैरान थे और सबके सामने एक ही सवाल था कि आखिर मौत की वजह क्या है? अब इस सवाल का जवाब मिल गया है. एक ताजा रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि ओवरडोज के चलते हार्टबीट असामान्य होने से उनका निधन हुआ था. ये जानकारी नॉर्थ कैरोलाइना मेडिकल एग्जामिनर ऑफिस द्वारा जारी की गई टॉक्सिकोलॉजी रिपोर्ट में सामने आई है.

रिपोर्ट में बताया गया है कि नारोडित्स्की के शरीर में कई ड्रग्स पाए गए थे. जांच में ये साफ हुआ कि उनके अंदर मेथामफेटामिन और क्रैटम मिला. क्रैटम एक ओपिओइड से जुड़ा तत्व है, जिसे अगर अधिक मात्रा में ले लिया जाए तो मौत का खतरा होता है, खासकर तब जब इसे दूसरी दवाओं या ड्रग्स के साथ लिया जाए. इसे अब तेजी से एनर्जी ड्रिंक्स, गमीज़ और सप्लीमेंट्स में मिलाया जा रहा है.

रिपोर्ट में ये भी बताया गया है कि नारोडित्स्की 18 अक्टूबर को आखिरी बार जिंदा देखे गए थे. उन्होंने एक फूड डिलीवरी पिकअप की थी. इसके अगले दिन उन्हें फ्लाइट पकड़नी थी, लेकिन वो उसे मिस कर गए और बाद में घर में मृत पाए गए. अपनी मौत से ठीक 2 दिन पहले नारोडित्स्की के दोस्तों ने उनके घर जाकर उनसे मुलाकात की थी, क्योंकि वो कुछ दिनों से ऑनलाइन अजीब व्यवहार कर रहे थे. दोस्तों ने उनके पास रखी स्टिमुलेंट दवा एडरॉल की 40 गोलियां हटा दी थीं. बाद में जांच में उनके घर से क्रैटम के बैग भी मिले.

Add Zee News as a Preferred Source


कौन थे डैनियल नारोडित्स्की?

डैनियल नारोडित्स्की शतरंज की दुनिया में बड़ा नाम थे. अमेरिका से आने वाले इस खिलाड़ी ने सिर्फ 18 साल की उम्र में ग्रैंडमास्टर का तमगा हासिल कर लिया था. वो खेल के अलावा कॉमेंट्री में भी जलवा दिखाते थे. स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएट होने वाले डैनियल यूट्यूब और इंटरएक्टिव स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म ट्विच पर हजारों लोगों से लाइव जुड़ते थे.

डैनियल नारोडित्स्की ने क्या-क्या किया था?

1995 में जन्मे डैनियल ने 2007 की FIDE वर्ल्ड यूथ चैंपियनशिप के अंडर-12 कैटेगरी में गोल्ड मेडल अपने नाम किया था. इसके बाद 17 साल की उम्र में साल 2013 में अमेरिकी जूनियर चैंपियन बने. 18 साल की उम्र में ग्रैंडमास्टर का खिताब जीता. 2017 में उन्होंने 2647 की सर्वोच्च रेटिंग हासिल की थी. खास बात ये है कि उन्होंने पांच यूएस चैंपियनशिप में अमेरिका का प्रतिनिधित्व भी किया था. इतना ही नहीं, उन्होंने सिर्फ 14 साल की उम्र में अपनी पहली किताब ‘मास्टरिंग पोजिशनल चेस’ पब्लिश की थी.

पूर्व वर्ल्ड चेस चैंपियन व्लादिमीर क्रामनिक ने लगाए थे चीटिंग के आरोप

ये वही नारोडित्स्की थे, जिन पर पूर्व वर्ल्ड चेस चैंपियन व्लादिमीर क्रामनिक ने चीटिंग के आरोप लगाए थे, जिन्हें नारोडित्स्की ने सिरे से खारिज कर दिया था. ये आरोप कभी साबित भी नहीं हो सके. मौत से पहले अपनी आखिरी लाइवस्ट्रीम में नारोडित्स्की ने कहा था कि इन आरोपों का उन पर गहरा असर पड़ा है. नारोडित्स्की ने कहा था ‘क्रामनिक वाले मामले के बाद से मुझे ऐसा लगता है कि अगर मैं अच्छा खेलता हूं, तो लोग मेरी मंशा पर शक करने लगते हैं. समस्या यही है कि इसका असर लंबे समय तक बना रहता है.’

व्लादिमीर क्रामनिक ने जताया दुख

इस पूरे घटनाक्रम के बाद इंटरनेशनल चेस फेडरेशन ने दखल दिया था और नवंबर में क्रामनिक के खिलाफ एक शिकायत दर्ज कराई थी. शिकायत में क्रामनिक पर खिलाड़ियों को परेशान करने और उनकी गरिमा को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया गया था. इसके जवाब में क्रामनिक ने जांच को “अपमानजनक और अनुचित” बताया और अगले महीने संगठन के खिलाफ मानहानि का केस दर्ज करा दिया. अब क्रामनिक ने नारोडित्स्की की मौत को एक बेहद दुखद त्रासदी बताया है. उन्होंने एक्स पर लिखा कि ‘मौत के तुरंत बाद एक निंदनीय बदनाम करने वाला अभियान चलाया गया, जिसमें बिना किसी सबूत के मुझे डैनियल की मौत से जोड़ा गया.’

ये भी पड़ें: Australian Open: फॉर्म में लौटे मेदवेदेव, हेलिस को हराकर तीसरे राउंड में बनाई जगह, रुबलेव भी जीते



Source link