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भारत से टी20 वर्ल्ड कप 2026 में नहीं खेलने के फैसले से पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड को भारी वित्तीय नुकसान होगा. आईसीसी ने अगर पीसीबी पर जुर्माना लगाया तो फिर उसे मुश्किलों का सामना करना पड़ेगा. पाकिस्तान सरकार ने भारत के मैच का बहिष्कार किया है. हालांकि पीसीबी की ओर से अभी तक कोई लिखित बयान नहीं आया है.
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड को उठाना पड़ सकता है भारी नुकसान.
कराची. अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) संचालन बोर्ड अगर 15 फरवरी को कोलंबो में भारत के खिलाफ टी20 विश्व कप मैच खेलने से इनकार करने के लिए पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) को दंडित करने का फैसला करता है तो उसे भारी वित्तीय नुकसान का सामना करना पड़ सकता है.
पीटीआई द्वारा जुटाई गई जानकारी के अनुसार आईसीसी के वित्तीय चक्र 2024-27 में पाकिस्तान का हिस्सा लगभग 144 मिलियन डॉलर (14.4 करोड़ डॉलर) है जिसमें पीसीबी को सालाना 38 मिलियन डॉलर (3.8 करोड़ डॉलर) की उच्चतम भुगतान दर वितरित की जाती है.
एक अंदरूनी सूत्र ने कहा, ‘असल में अगर आईसीसी भारत के साथ मैच नहीं खेलने के लिए पाकिस्तान को दंडित करने का फैसला करता है तो पीसीबी को आर्थिक रूप से बड़ा झटका लग सकता है क्योंकि मौजूदा वित्तीय चक्र में आईसीसी का हिस्सा लगभग 40 बिलियन पाकिस्तानी रुपया है.’ सूत्र ने कहा कि इन 40 बिलियन पाकिस्तानी रुपये की वजह से पीसीबी आर्थिक रूप से मजबूत बना हुआ है लेकिन अगर उसे झटका लगता है तो इसका मतलब पाकिस्तान क्रिकेट के लिए वित्तीय चुनौतियां होंगी.
उन्होंने पुष्टि की कि पाकिस्तान को 2024 टी20 विश्व कप और पिछले साल की चैंपियंस ट्रॉफी के लिए आईसीसी से पहले ही काफी हिस्सा मिल चुका है जिसकी मेजबानी भी उसने की थी और टूर्नामेंट के लिए कुल 70 मिलियन डॉलर के बजट में से अतिरिक्त छह मिलियन डॉलर मिले थे. सूत्र ने कहा, ‘पीसीबी को इस साल के टी20 विश्व कप और अगले साल के 50 ओवर के विश्व कप से अभी हिस्सा मिलना बाकी है और यहीं पर आईसीसी वित्तीय दंड लगा सकता है.’
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करीब 15 साल से पत्रकारिता में सक्रिय. दिल्ली यूनिवर्सिटी से पढ़ाई. खेलों में खासकर क्रिकेट, बैडमिंटन, बॉक्सिंग और कुश्ती में दिलचस्पी. IPL, कॉमनवेल्थ गेम्स और प्रो रेसलिंग लीग इवेंट्स कवर किए हैं. फरवरी 2022 से…और पढ़ें