डीजे, दहेज और शराब बैन! अब सिर्फ सवा रुपए में होगी शादी, आदिवासी समाज का नया फरमान

डीजे, दहेज और शराब बैन! अब सिर्फ सवा रुपए में होगी शादी, आदिवासी समाज का नया फरमान


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Jhabua News: एमपी के झाबुआ में आदिवासी पटोलिया समाज के महाधिवेशन में यह फैसला लिया गया कि अब विवाह में दहेज केवल सवा रुपए के symbolic रूप में लिया जाएगा और चांदी की मात्रा भी सीमित होगी. इसका मकसद दहेज और अत्यधिक खर्च को कम करना तथा समाज में विवाह परंपराओं में सुधार लाना है.

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राठौड़ रिपोर्टर,

Tribal Patolia Society: मध्य प्रदेश राज्य के झाबुआ जिले में आदिवासी पटोलिया समाज का महाधिवेशन आयोजित किया गया, जिसमें 3 राज्यों से समाज के लोग जुटे. इस सम्मेलन का मुख्य मकसद समाज को आगे बढ़ाने के साथ-साथ सामाजिक कुरीतियों जैसे दहेज और शराब के उपयोग को खत्म करना था. इस सम्मेलन में समाज के नेताओं और बुजुर्गों ने विवाह परंपराओं में सुधार लाने और परिवारों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ कम करने पर विशेष ध्यान दिया. महाधिवेशन में समाज ने यह निर्णायक रूप से तय किया कि अब विवाह में दहेज केवल सवा रूपए के symbolic रूप में लिया जाएगा. इसके साथ ही चांदी की मात्रा भी सीमित की जाएगी, क्योंकि पिछले समय में विवाहों में 5-5 किलो चांदी देने की प्रथा थी. चांदी की बढ़ती कीमत और समाज पर पड़ने वाले आर्थिक दबाव को देखते हुए यह कदम उठाया गया.

किन-किन चीजों लगा बैन
समाज ने यह भी साफ किया कि वधु पक्ष द्वारा दी जाने वाली राशि अब 1 लाख से 3 लाख रुपये के बीच सीमित रहेगी. इसके साथ ही विवाह में डीजे और शराब के इस्तेमाल पर पूरी तरह बैन लगाने का फैसला किया गया. अगर कोई विवाह समारोह में शराब पीकर आएगा, बांटेगा या वितरित करेगा, तो उसे समाज द्वारा 51 हजार रुपये का दंड भुगतना पड़ेगा.

यह पहल आदिवासी समाज में सामाजिक सुधार और विवाह समारोहों को सरल, आर्थिक और नैतिक रूप से संतुलित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है. महाधिवेशन में शामिल नेताओं के मुताबिक, इस फैसले से समाज में महिलाओं का सम्मान बढ़ेगा और पारिवारिक और सामाजिक जीवन में सकारात्मक बदलाव आएगा.

इस महाधिवेशन ने यह संदेश भी दिया कि आदिवासी समाज अपनी परंपराओं के प्रति सजग रहते हुए आधुनिक समय की जरूरतों के अनुसार सुधार ला सकता है. दहेज, शराब और अत्यधिक व्यय को रोककर समाज अपने सांस्कृतिक मूल्यों और नैतिकता को भी बनाए रखेगा.

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Deepti Sharma

Deepti Sharma, currently working with News18MPCG (Digital), has been creating, curating and publishing impactful stories in Digital Journalism for more than 6 years. Before Joining News18 she has worked with Re…और पढ़ें



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