खेरी में होली पर ‘बर्तन प्रथा’ बंद: उल्लंघन पर 5000 जुर्माना, समाज ने लिया फैसला – Sehore News

खेरी में होली पर ‘बर्तन प्रथा’ बंद:  उल्लंघन पर 5000 जुर्माना, समाज ने लिया फैसला – Sehore News



अखिल भारतीय चंद्रवंशी खाती समाज ने सामाजिक सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। ग्राम पंचायत खेरी स्थित हनुमान मंदिर में समाज की एक बैठक आयोजित की गई, जिसमें सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि होली के पर्व पर बरसों से चली आ रही ‘बर्तन प्रथा’ क

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समाज के इस निर्णय का उल्लंघन करने वाले परिवार पर 5000 रुपए का आर्थिक दंड लगाने का प्रावधान भी किया गया है। यह फैसला समाज में व्याप्त फिजूलखर्ची और भेदभाव को समाप्त करने के उद्देश्य से लिया गया है।बैठक में ग्राम खेरी के सरपंच प्रतिनिधि धनपाल सिंह वर्मा और गांव के पटेल मेहरबान सिंह वर्मा के नेतृत्व में समाज के वरिष्ठजनों और प्रबुद्ध नागरिकों ने चिंता व्यक्त की।

उन्होंने कहा कि त्योहारों के नाम पर बढ़ती फिजूलखर्ची और उपहारों के लेन-देन की प्रतिस्पर्धा से गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों पर भारी आर्थिक बोझ पड़ता है। ‘बर्तन प्रथा’ जैसी कुरीतियां समाज में भेदभाव पैदा करती हैं।ग्राम पंचायत खेरी के इस निर्णय की आसपास के क्षेत्रों में भी सराहना हो रही है।

ग्रामीणों का मानना है कि इस प्रकार के कड़े निर्णयों से न केवल समाज में समानता आएगी, बल्कि युवाओं को भी फिजूलखर्ची से दूर रहने की प्रेरणा मिलेगी। समाज के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जुर्माने की राशि का उपयोग समाज के सामूहिक कार्यों और विकास में किया जाएगा।

सरपंच प्रतिनिधि धनपाल सिंह वर्मा ने कहा, “समाज के विकास के लिए पुरानी और बोझिल परंपराओं को त्यागना आवश्यक है। होली खुशियों का त्योहार है, इसे सादगी और प्रेम से मनाया जाना चाहिए। यह फैसला समाज के हर वर्ग के हित में लिया गया है।”



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