अभी से 36°C पारा और 7 राज्यों में आफत की बारिश; IMD की बड़ी चेतावनी!

अभी से 36°C पारा और 7 राज्यों में आफत की बारिश; IMD की बड़ी चेतावनी!


Aaj Ka Mausam Live: फरवरी का आज आखिरी दिन है और मार्च की शुरुआत होने से पहले ही मौसम ने तेवर बदल लिए हैं. ठंड गायब हो चुकी है और अब लोग होली का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं. लेकिन होली से पहले ही मौसम बिगड़ने वाला है. मौसम विभाग (IMD) के अनुसार कहीं पारा 36°C तक पहुंचने वाला है, तो कहीं बादल, बारिश और तेज हवाएं लोगों की डेली लाइफ को प्रभावित कर सकती हैं. यानी मौसम इस बार ‘डेडली कॉम्बो’ मोड में है. मतलब गर्मी भी, बारिश भी और तेज हवाएं भी एक साथ. IMD ने 7 राज्यों में बारिश का अलर्ट जारी किया है.

मौसम विभाग के अनुसार उत्तर-पश्चिम भारत के कई राज्यों में तापमान सामान्य से 3 से 5 डिग्री सेल्सियस ज्यादा रह सकता है. होली से पहले ही लोगों को अप्रैल जैसी गर्मी का अहसास होगा. वहीं पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के कुछ राज्यों में बारिश का दौर जारी रहेगा. दो कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहे हैं. इसका असर हिमालयी क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी के रूप में दिखाई देगा. IMD का कहना है कि यह बदलाव जलवायु पैटर्न में तेजी से हो रहे परिवर्तन का संकेत भी है, इसलिए अगले कुछ दिन बेहद महत्वपूर्ण रहने वाले हैं.

उत्तर प्रदेश में मौसम तेजी से गर्मी की ओर बढ़ रहा है.
  • देशभर में मौसम का यह असंतुलन केवल तापमान का खेल नहीं है, बल्कि हवा की रफ्तार, नमी और पश्चिमी विक्षोभ की गतिविधियों से जुड़ा हुआ है. 20 से 25 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाएं कई इलाकों में राहत भी देंगी और परेशानी भी बढ़ा सकती हैं. खासकर खेतों, यात्राओं और त्योहारों की तैयारियों पर इसका असर पड़ सकता है.
  • मौसम विभाग का अनुमान है कि मार्च के पहले सप्ताह में मौसम तेजी से करवट लेगा. दिन गर्म होंगे, रातें भी धीरे-धीरे गर्म होने लगेंगी. वहीं पहाड़ी राज्यों में मौसम अभी पूरी तरह से सर्दी से बाहर नहीं आया है. मैदानी इलाकों और पहाड़ों के बीच तापमान का अंतर साफ नजर आएगा.

दिल्ली-NCR का में शुरू होगा गर्मी का टॉर्चर

दिल्ली-NCR में आने वाले दिनों में मौसम पूरी तरह बदलता हुआ नजर आएगा. आसमान ज्यादातर साफ रहेगा और बादलों की आवाजाही बेहद कम रहने की संभावना है. IMD के अनुसार 28 फरवरी से 2 मार्च तक क्षेत्र में शुष्क मौसम बना रहेगा, इससे दिन के समय धूप का असर ज्यादा महसूस होगा. अधिकतम तापमान 30 से 32 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जो सामान्य से अधिक माना जा रहा है. दोपहर के समय तेज धूप के कारण गर्मी का अहसास अप्रैल जैसी स्थिति पैदा कर सकता है. सुबह और देर शाम हल्की ठंडक जरूर महसूस होगी, लेकिन अब सर्दी लगभग विदा ले चुकी है. उत्तर-पश्चिमी हवाएं 15 से 25 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी, जिससे प्रदूषण स्तर में थोड़ी राहत मिल सकती है. मौसम विभाग का कहना है कि होली तक ठंड का प्रभाव लगभग खत्म हो जाएगा और राजधानी पूरी तरह प्री-समर मोड में पहुंच जाएगी.

UP और उत्तराखंड का जान लीजिए मौसम

  • उत्तर प्रदेश में मौसम तेजी से गर्मी की ओर बढ़ रहा है. अब केवल दिन ही नहीं, बल्कि रात के समय भी तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है, इससे लोगों को हल्की गर्माहट महसूस होने लगी है. IMD के मुताबिक राज्य का अधिकतम तापमान सामान्य से 3 से 5 डिग्री सेल्सियस अधिक रह सकता है. अगले 48 घंटों में तापमान में 2 से 3 डिग्री की और बढ़ोतरी संभव है, इससे मार्च की शुरुआत ही गर्म रहने के संकेत दे रही है. पश्चिमी और मध्य यूपी में दोपहर की धूप ज्यादा असर दिखा सकती है.
  • वहीं उत्तराखंड में मौसम अपेक्षाकृत संतुलित रहेगा. दिन में मौसम साफ रहेगा, लेकिन शाम या रात के समय कुछ पर्वतीय जिलों में हल्की बारिश की संभावना जताई गई है. ऊंचाई वाले इलाकों में ठंड बनी रहेगी, जबकि मैदानी क्षेत्रों में धीरे-धीरे गर्मी बढ़ने लगेगी.

बिहार-झारखंड के मौसम का हाल

बिहार और झारखंड में मौसम फिलहाल स्थिर और शांत बना रहेगा. मौसम विभाग ने किसी भी प्रकार की आंधी, तूफान या बारिश की चेतावनी जारी नहीं की है. आसमान साफ रहेगा और धूप खिली रहेगी. न्यूनतम तापमान लगभग 14 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 30 से 31 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है. दिन के समय हल्की गर्मी महसूस होगी, लेकिन सुबह और रात में हल्की ठंडक लोगों को राहत देगी. मौसम विशेषज्ञों के अनुसार यह समय रबी फसलों के लिए अनुकूल माना जा रहा है, क्योंकि न तो अत्यधिक गर्मी है और न ही बारिश का खतरा. हालांकि आने वाले दिनों में तापमान धीरे-धीरे बढ़ सकता है, जिससे मार्च के मध्य तक गर्मी का असर साफ दिखने लगेगा.

मौसम में बदलाव से सेहत पर असर पड़ सकता है.

पंजाब-हरियाणा में कैसा रहेगा मौसम?

पंजाब और हरियाणा में भी मौसम शुष्क और गर्म रहने वाला है. यहां तापमान सामान्य से अधिक रहने की संभावना जताई गई है. दिन के समय तेज धूप और साफ आसमान के कारण गर्मी ज्यादा महसूस होगी, खासकर दोपहर के घंटों में. खेतों में काम करने वाले किसानों और मजदूरों को गर्मी से सावधानी बरतने की सलाह दी गई है. हवाएं चलने से सुबह और शाम थोड़ी राहत मिल सकती है और प्रदूषण स्तर में भी हल्की गिरावट संभव है. मौसम विभाग का अनुमान है कि मार्च के पहले सप्ताह के बाद यहां तापमान तेजी से बढ़ेगा और गर्मी की शुरुआत स्पष्ट रूप से महसूस होने लगेगी.

हिमाचल और कश्मीर का मौसम

पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में मौसम करवट ले सकता है. 3 और 4 मार्च को कई इलाकों में हल्की बारिश और बर्फबारी की संभावना जताई गई है. ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ताजा बर्फबारी हो सकती है, Fससे तापमान में गिरावट दर्ज होगी और ठंड दोबारा बढ़ सकती है. पर्यटन स्थलों पर मौसम सुहावना रहेगा, लेकिन सड़क और हवाई यात्रा प्रभावित हो सकती है. मौसम विभाग ने यात्रियों को यात्रा से पहले मौसम अपडेट देखने की सलाह दी है. पहाड़ों में यह बदलाव मैदानी इलाकों की गर्मी के बिल्कुल विपरीत तस्वीर पेश करेगा.

मध्य प्रदेश और राजस्थान में गर्मी की एंट्री

  • मध्य प्रदेश और राजस्थान में मौसम पूरी तरह शुष्क रहने वाला है. तेज धूप के कारण दिन के तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी. भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जयपुर जैसे शहरों में अधिकतम तापमान 30 से 32 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है.
  • पश्चिमी राजस्थान के बाड़मेर, बीकानेर और जैसलमेर जैसे इलाकों में पारा 36 डिग्री सेल्सियस तक जाने की संभावना है, जो मार्च की शुरुआत के लिहाज से काफी ज्यादा है. सुबह और रात में हल्की ठंडक जरूर रहेगी, लेकिन दिन में गर्मी का असर स्पष्ट रहेगा. मौसम विभाग इसे शुरुआती गर्मी का संकेत मान रहा है, जो आने वाले हफ्तों में और तेज हो सकती है.

तमिलनाडु का मौसम

तमिलनाडु में गर्म और उमस भरा मौसम लोगों को परेशान कर सकता है. तटीय इलाकों में समुद्री नमी अधिक रहने से तापमान वास्तविक से ज्यादा महसूस होगा. दिन के समय तेज धूप और नमी मिलकर हीट इंडेक्स बढ़ाएंगे, इससे गर्मी का असर ज्यादा लगेगा. कुछ इलाकों में हल्के बादल छा सकते हैं, लेकिन व्यापक बारिश की संभावना कम है. रात के समय भी उमस बनी रहने से लोगों को राहत कम मिलेगी. मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि दक्षिण भारत में यह मौसम प्री-समर पैटर्न का संकेत है.

मार्च की शुरुआत में ही इतनी गर्मी क्यों महसूस हो रही है?

इस बार पश्चिमी विक्षोभ कमजोर हैं और उत्तर-पश्चिम भारत में शुष्क हवाएं सक्रिय हैं. बादल कम बनने के कारण सूर्य की किरणें सीधे जमीन तक पहुंच रही हैं, इससे तापमान तेजी से बढ़ रहा है. इसके अलावा जलवायु परिवर्तन और लंबे समय तक शुष्क मौसम भी तापमान बढ़ाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं.

किन राज्यों में बारिश और बर्फबारी का असर ज्यादा रहेगा?

पूर्वोत्तर भारत के अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय में नमी वाली हवाओं के कारण बारिश की संभावना है. वहीं पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से हल्की बारिश और बर्फबारी देखने को मिल सकती है. इससे पहाड़ी इलाकों में ठंड बढ़ेगी.

क्या आने वाले दिनों में हीटवेव की स्थिति बन सकती है?

अभी आधिकारिक तौर पर हीटवेव घोषित नहीं की गई है. लेकिन तापमान लगातार सामान्य से अधिक रहा तो मार्च के मध्य तक कुछ राज्यों में हीटवेव जैसी परिस्थितियां बन सकती हैं. खासकर राजस्थान, मध्य प्रदेश और उत्तर भारत के मैदानी हिस्सों में इसका असर पहले दिखाई दे सकता है.

बदलते मौसम का खेती और आम जीवन पर क्या असर पड़ेगा?

गर्मी जल्दी बढ़ने से गेहूं और अन्य रबी फसलों की पैदावार प्रभावित हो सकती है. वहीं बारिश वाले क्षेत्रों में कटाई और भंडारण की प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है. आम लोगों के लिए दिन में डिहाइड्रेशन और थकान की समस्या बढ़ सकती है, इसलिए पानी और हल्के कपड़ों का उपयोग जरूरी होगा.

लोगों को इस मौसम में क्या सावधानियां बरतनी चाहिए?

दोपहर 12 से 3 बजे के बीच धूप में कम निकलें. पर्याप्त पानी पिएं और हल्के, सूती कपड़े पहनें. पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा से पहले मौसम अपडेट जरूर देखें. बुजुर्गों और बच्चों को बदलते तापमान से बचाने के लिए विशेष ध्यान रखने की सलाह दी गई है.



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