सिंहस्थ 2028 पर बड़ा फैसला! ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग में गेट विस्तार, अब सुगम दर्शन होंगे

सिंहस्थ 2028 पर बड़ा फैसला! ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग में गेट विस्तार, अब सुगम दर्शन होंगे


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ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर में सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के तहत सुखदेव मुनि गेट के विस्तार पर सहमति बन गई है. एसडीएम पंकज वर्मा की बैठक में संत समाज और जनप्रतिनिधियों ने समर्थन किया. वर्तमान में प्रति मिनट 60 श्रद्धालु दर्शन करते हैं लेकिन सिंहस्थ में संख्या बढ़ेगी. विस्तार से दर्शन सुगम होंगे और भीड़ प्रबंधन बेहतर होगा. प्रशासन अन्य सुविधाओं पर भी काम कर रहा है.

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ओंकारेश्‍वर में बड़ा बदलाव किया जा रहा है.

खंडवा. जिले की तीर्थनगरी ओंकारेश्वर में सिंहस्थ 2028 की तैयारियां अब तेजी से आगे बढ़ रही हैं. ज्योतिर्लिंग मंदिर में बढ़ने वाली लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने महत्वपूर्ण फैसले लेने शुरू कर दिए हैं. कलेक्टर ऋषव गुप्ता के मार्गदर्शन में एसडीएम पंकज वर्मा ने पुलिस कंट्रोल रूम में संत समाज, जनप्रतिनिधियों, मंदिर प्रशासन और गणमान्य नागरिकों के साथ अहम बैठक की. बैठक का मुख्य फोकस मंदिर के गर्भगृह स्थित सुखदेव मुनि गेट के विस्तार पर रहा. वर्तमान में इस गेट से प्रति मिनट केवल 60 श्रद्धालु ही दर्शन कर पाते हैं लेकिन सिंहस्थ के दौरान यह संख्या कई गुना बढ़ सकती है. इसलिए गेट को चौड़ा करने पर सभी पक्षों ने सर्वसम्मति जताई.

संत समाज ने इसे समय की मांग बताया और कहा कि इससे दर्शन सुगम होंगे तथा भीड़ प्रबंधन आसान होगा. प्रशासन का लक्ष्य सिंहस्थ को व्यवस्थित, सुरक्षित और श्रद्धालु-अनुकूल बनाना है. इसके लिए मंदिर परिसर, यातायात, आवास और अन्य बुनियादी सुविधाओं को चरणबद्ध तरीके से मजबूत किया जाएगा. सुखदेव मुनि गेट का विस्तार इसी योजना का पहला बड़ा कदम है. एसडीएम पंकज वर्मा ने बताया कि सभी हितधारकों को बदलावों की जानकारी दी गई और उन्होंने खुशी जताई. यह तैयारी सुनिश्चित करेगी कि आस्था का महापर्व बिना किसी असुविधा के संपन्न हो.

आसानी से होंगे दर्शन और सुरक्षा बढ़ेगी 
यह कदम सिंहस्थ 2028 की भव्यता और श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता देने वाला है. सिंहस्थ हर 12 साल में उज्जैन में होता है लेकिन ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग भी महत्वपूर्ण केंद्र है जहां लाखों श्रद्धालु स्नान और दर्शन के लिए आते हैं. 2028 में अपेक्षित भीड़ को देखते हुए पहले से तैयारी जरूरी है. गेट विस्तार से दर्शन समय कम होगा, लाइन छोटी रहेगी और सुरक्षा बढ़ेगी. बैठक में संतों ने सुझाव दिए कि विस्तार पारंपरिक शैली में हो ताकि मंदिर की आस्था और वास्तुकला प्रभावित न हो. प्रशासन ने आश्वासन दिया कि काम पुरातत्व विभाग और मंदिर ट्रस्ट की सहमति से होगा. यह फैसला न केवल दर्शन प्रक्रिया को सुगम बनाएगा बल्कि पूरे सिंहस्थ अनुभव को बेहतर करेगा. ओंकारेश्वर में अन्य योजनाएं जैसे सड़क चौड़ीकरण, होल्डिंग एरिया, पार्किंग और नर्मदा घाट सुधार भी चल रही हैं. प्रशासन अभी से एक्शन मोड में है ताकि तीन साल बाद कोई कमी न रहे.

सुखदेव मुनि गेट विस्तार: सर्वसम्मति और कारण
बैठक में गेट विस्तार पर सभी ने सहमति जताई. वर्तमान क्षमता 60 श्रद्धालु प्रति मिनट है लेकिन सिंहस्थ में यह 200-300 तक पहुंच सकती है. विस्तार से दर्शन तेज होंगे और इंतजार कम होगा. संत समाज ने कहा कि यह आवश्यक है. एसडीएम पंकज वर्मा की अध्यक्षता में संत समाज, जनप्रतिनिधि, मंदिर प्रशासन और नागरिक मौजूद थे. कलेक्टर ऋषव गुप्ता के निर्देश पर बैठक हुई. सभी ने बदलावों का स्वागत किया और सुझाव दिए.

भूतड़ी अमावस के बाद शुरू होगा विस्तारीकरण 
सिंहस्थ 2028 की तैयारियों के तहत प्रशासन ने सुखदेव मुनि गेट के विस्तारीकरण को 50 दिनों में पूरा करने का लक्ष्य तय किया है. निर्माण कार्य भूतड़ी अमावस के बाद शुरू होगा, ताकि श्रद्धालुओं की संख्या कम रहने पर काम तेजी से हो सके और अनावश्यक बाधा न आए. इस दौरान दर्शन व्यवस्था पूरी तरह जारी रहेगी और श्रद्धालुओं को चांदी के द्वार से प्रवेश देकर नियमित दर्शन कराए जाएंगे, ताकि किसी को लौटना न पड़े. प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि व्यवस्था सुरक्षित और नियंत्रित रहे, इसका विशेष ध्यान रखा जाएगा. इसके साथ ही सिंहस्थ को देखते हुए बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, यातायात प्रबंधन की नई योजना लागू करने, भीड़ नियंत्रण के लिए आधुनिक सिस्टम अपनाने और सुरक्षा व्यवस्थाओं को और सुदृढ़ करने की चरणबद्ध तैयारी भी की जा रही है.

सिंहस्थ 2028 के लिए व्यापक तैयारियां

प्रशासन मंदिर परिसर, यातायात, आवास, स्वास्थ्य और सुरक्षा पर फोकस कर रहा है. अन्य योजनाएं जैसे सड़क चौड़ीकरण, घाट सुधार और होल्डिंग एरिया विकसित हो रहे हैं. लक्ष्य सुरक्षित और सुगम सिंहस्थ है. संतों ने पारंपरिक डिजाइन बनाए रखने पर जोर दिया. श्रद्धालुओं को बेहतर दर्शन और कम भीड़ का लाभ मिलेगा. एसडीएम ने कहा कि सभी को जानकारी दी गई और सहमति बनी. प्रशासन चरणबद्ध विकास पर काम कर रहा है. सिंहस्थ 2028 को ऐतिहासिक बनाने के लिए अभी से प्रयास तेज हैं. यह कदम श्रद्धा और सुविधा का संतुलन साधेगा.

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Sumit verma

सुमित वर्मा, News18 में 4 सालों से एसोसिएट एडीटर पद पर कार्यरत हैं. बीते 3 दशकों से सक्रिय पत्रकारिता में अपनी अलग पहचान रखते हैं. देश के नामचीन मीडिया संस्‍थानों में सजग जिम्‍मेदार पदों पर काम करने का अनुभव. प…और पढ़ें



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