टी-20 वर्ल्ड कप 2026 जीतने के बाद स्टार क्रिकेटर रिंकू सिंह अपने दिवंगत पिता खानचंद सिंह को याद कर भावुक हो उठे। उन्होंने इंस्टाग्राम पर लिखा- पापा आज ट्रॉफी हाथ में है। बस आप साथ नहीं हो। आपका सपना पूरा हो गया। रिंकू सिंह ने आगे लिखा- ‘आपसे बात किए बिना इतने दिन कभी नहीं निकले। मुझे नहीं पता आगे की जिंदगी आपके बिना कैसे चलेगी। पर मुझे हर कदम पर आपकी जरूरत पड़ेगी। आपने सिखाया था कि फर्ज सबसे आगे है। तो फील्ड पर बस आपका सपना पूरा करने की कोशिश कर रहा था। अब आपका सपना पूरा हो गया है, तो बस यही लगता है कि काश आप मेरे पास होते। हर छोटी-बड़ी खुशी में आपकी कमी खलेगी। बहुत मिस करूंगा आपको पापा। बहुत ज्यादा।’ स्टार क्रिकेटर के पिता खानचंद फोर्थ स्टेज लिवर कैंसर से जूझ रहे थे। 23 फरवरी को अचानक तबीयत ज्यादा बिगड़ गई थी। तब उन्हें हॉस्पिटल में एडमिट कराया गया था। टी-20 वर्ल्ड कप के सफर के बीच रिंकू सिंह उनसे मिलने नोएडा अस्पताल पहुंचे थे। 27 फरवरी की सुबह 4.36 बजे खानचंद का निधन हो गया था। वह 60 साल के थे। रिंकू ने अंतिम संस्कार में हिस्सा लिया और फिर टीम इंडिया को जॉइन करने लौट गए थे। भारत ने रविवार, 8 मार्च को फाइनल में न्यूजीलैंड को 96 रन से हराकर खिताब जीता है। यह मैच अहमदाबाद में खेला गया था। रिंकू सिंह की इमोशनल पोस्ट देखिए… प्रिया सरोज ने लिखा- दुनिया को दिखाया असली ताकत क्या होती है
रिंकू सिंह की मंगेतर और जौनपुर के मछलीशहर से सपा सांसद प्रिया सरोज ने टी-20 वर्ल्ड कप ट्रॉफी के साथ रिंकू की फोटो शेयर की है। उन्होंने लिखा, ‘कुछ दिन स्याही से लिखे जाते हैं, लेकिन 8 मार्च जैसे दिन इतिहास में हमेशा के लिए दर्ज हो जाते हैं। यह वह दिन है जब टीम इंडिया ने आईसीसी मेंस टी-20 वर्ल्ड कप जीतकर हर भारतीय के दिल को गर्व से भर दिया, एक ऐसा पल जिसे यह राष्ट्र पीढ़ियों तक याद रखेगा और मनाता रहेगा। इस ऐतिहासिक जीत के बीच मैंने एक बेटे की ताकत भी देखी, जो अपने पिता, अपनी टीम और अपने देश के लिए डटकर खड़ा रहा। जीवन के सबसे कठिन पलों में भी मैदान पर उतरकर चैंपियन बनकर निकलना, यह एक अलग ही साहस की बात है। टीम इंडिया को और आपको रिंकू सिंह बधाई हो, जिन्होंने दुनिया को दिखाया कि असली ताकत क्या होती है।’ पिता के वो ‘आखिरी शब्द’ जो रिंकू की ताकत बने
रिंकू के संरक्षक कहे जाने वाले अर्जुन सिंह फकीरा ने बताया, पिता खानचंद सिंह के आखिरी पलों के शब्दों ने रिंकू को टूटने से बचा लिया। जब रिंकू टूर्नामेंट के बीच में पिता की तबीयत बिगड़ने पर नोएडा अस्पताल में आए थे। तब पिता ने बस इतना कहा था कि बेटा, मेरी चिंता छोड़, तू जा और तिरंगा लहरा। मेरा सपना तभी पूरा होगा जब तू वर्ल्ड कप लेकर आएगा। पिता के इन्हीं शब्दों ने रिंकू को मैदान पर डटे रहने की हिम्मत दी। रिंकू ने पिता का अंतिम संस्कार किया और तुरंत टीम के साथ जुड़ गए। उन्होंने अपना फर्ज निभाया। आज जीत का कप जब हाथ में है तो गर्व करने वाले मार्गदर्शक पिता पास नहीं हैं। 12 मार्च को अलीगढ़ लौटेंगे रिंकू
वर्ल्ड कप के ऐतिहासिक जश्न के बाद रिंकू सिंह अब अपने घर लौट रहे हैं। आगामी 12 मार्च को उनके पिता का त्रयोदशी संस्कार (तेरहवीं) है। पूरे अलीगढ़ को अपने इस जांबाज खिलाड़ी का इंतजार है, जिसने व्यक्तिगत दुख को पीछे रखकर देश के मान को ऊपर रखा। वर्ल्ड कप में रिंकू सिंह 5 मैचों में मौका मिला
रिंकू सिंह को 2024 वर्ल्ड कप में भारतीय टीम के स्क्वॉड में जगह नहीं मिली थी और वे ट्रैवलिंग रिजर्व थे। लेकिन इस बार उन्हें मौका मिला और उन्होंने भारत के लिए अपना पहला वर्ल्ड कप खेला। टूर्नामेंट में उन्होंने 5 मैच खेले और 24 रन बनाए। पापा को मेहनत करते देख, परेशान हो जाते थे रिंकू
रिंकू सिंह की सफलता के पीछे उनके पिता का कड़ा संघर्ष छिपा था। खानचंद अलीगढ़ में एक गैस एजेंसी पर हॉकर का काम करते थे। अपने 5 बेटों और बेटी की अच्छी परवरिश के लिए उन्होंने कई साल घर-घर सिलेंडर पहुंचाए। पहले वह साइकिल पर डिलीवरी करते थे, फिर लोगों के घरों में टेंपो से सिलेंडर पहुंचाने लगे। रिंकू बचपन में पिता को इस तरह मेहनत को देखकर परेशान हो जाते थे। उन्होंने वादा किया था कि पापा…एक दिन मैं आपका सहारा बनूंगा और आपको इस कड़ी मेहनत से निजात दिलाऊंगा। क्रिकेट में कामयाब होते ही रिंकू ने पापा से किया अपना वादा भी पूरा किया। उनकी मां वीना देवी घर की जिम्मेदारियां संभालती हैं। रिंकू 5 भाई और एक बहन में चौथे नंबर पर हैं। बड़े भाई सोनू, मुकुल और शीलू हैं। जबकि बहन नेहा और भाई जीतू, रिंकू से छोटे हैं। उनका परिवार एक समय बुलंदशहर के दानगढ़ में रहता था। जो बाद में अलीगढ़ में शिफ्ट हो गया। रिंकू के पिता आखिरी इंटरव्यू में बोले- बेटा तो स्टार है… टी-20 वर्ल्ड कप में 15 फरवरी को भारत और पाकिस्तान के मैच के दिन रिंकू सिंह के पिता ने खानचंद ने दैनिक भास्कर से बात की थी। उन्होंने कहा था कि मैच अच्छा रहा। मेरी तबीयत थोड़ी खराब थी। लेकिन जैसे ही चौका लगा, मैं बिल्कुल ठीक महसूस करने लगा। उन्होंने कहा था- मैंने ये पूरा मैच देखा। रिंकू स्टार है। उसे और बॉल मिलती तो और रन बनते। रिंकू ने 4 बॉल पर 11 रन बनाए थे। एक चौका और एक छक्का जड़ा था। बड़े मैच में छोटे स्कोर भी बहुत मददगार होते हैं, ये बहुत खुशी की बात है। परिवार के सदस्यों ने बताया था कि खानचंद जब अपने घर की टीवी स्क्रीन पर मैच देख रहे थे। रिंकू को खेलता देखकर वह भावुक हो गए। इसके बाद वह रिंकू के शुरुआती दिनों को याद कर परेशान हो गए थे। तब उन्होंने कहा था कि बेटे ने यहां तक पहुंचने के लिए बहुत मेहनत की। मगर अब सब ठीक है। रिंकू की प्रिया सरोज से 2025 में हुई थी सगाई, IPL के बाद शादी होनी है
रिंकू और सपा सांसद प्रिया सरोज की सगाई हो चुकी है। दोनों इसी साल जून, 2026 में 7 फेरे लेने वाले हैं। पिछले साल लखनऊ में रिंकू और प्रिया की रिंग सेरेमनी हुई थी। सूत्रों का कहना है कि पिता के निधन के बाद रिंकू की शादी की तारीख पर परिवार फिर से विचार कर सकता है। इससे पहले दो बार रिंकू-प्रिया की शादी की तारीख आगे बढ़ी थी। 18 नवंबर, 2025 को पहली तारीख तय हुई, लेकिन क्रिकेट सीरीज के कारण टल गई। फरवरी, 2026 को दूसरी तारीख निकली, लेकिन वर्ल्ड कप के चलते कैंसिल करनी पड़ी। रिंकू के बड़े भाई सोनू सिंह ने बताया था कि IPL, 26 मार्च से 31 मई के बीच प्रस्तावित है। जब रिंकू IPL से फ्री होंगे, तभी शहनाई बजेगी। शादी काशी में होगी। रिसेप्शन अलीगढ़ में रखा जाएगा। ………… ये खबर भी पढ़िए- BCCI टीम इंडिया को ₹131 करोड़ देगा:यह पैसा खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ मे बंटेगा; भारत तीसरी बार टी-20 वर्ल्ड कप चैंपियन
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने टी-20 वर्ल्ड कप 2026 जीतने पर टीम इंडिया के लिए 131 करोड़ रुपए के इनाम का ऐलान किया है। यह पैसा खिलाड़ियो और सपोर्ट स्टाफ में बंटेगा। भारत ने रविवार को टी-20 वर्ल्ड चैंपियन का खिताब अपने नाम किया था। अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए फाइनल मुकाबले में भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए न्यूजीलैंड को 96 रन से हराया और ट्रॉफी जीती थी। इसके साथ ही टीम इंडिया ने अपना खिताब बरकरार रखा और टी-20 वर्ल्ड कप के इतिहास में लगातार दो बार ट्रॉफी जीतने वाली पहली टीम बन गई। पढ़ें पूरी खबर
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