ना नो-बॉल ना वाइड और ना ही हुआ ओवर थ्रो, फिर कैसे 1 गेंद पर बन गए 5 रन

ना नो-बॉल ना वाइड और ना ही हुआ ओवर थ्रो, फिर कैसे 1 गेंद पर बन गए 5 रन


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ना नो-बॉल ना वाइड और ना ही हुआ ओवर थ्रो, फिर कैसे 1 गेंद पर बन गए 5 रन

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1999 वर्ल्ड कप फाइनल के दौरान क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स के मैदान पर, जहाँ खेल की गरिमा और नियम अपनी पूरी ताकत के साथ लागू होते हैं, वहाँ बिना किसी गलती (नो बॉल, वाइड या ओवर थ्रो) के बल्लेबाजों ने दौड़कर 5 रन पूरे कर लिए.

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1999 के फाइनल में मॉर्क वॉ ने शोएब अख्तर की 1 गेंद पर दौड़ कर बनाए थे 5 रन

नई दिल्ली. यह क्रिकेट के इतिहास की एक ऐसी दुर्लभ घटना है जिसे आज भी क्रिकेट प्रेमी अचरज के साथ याद करते हैं.  क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स के मैदान पर, जहाँ खेल की गरिमा और नियम अपनी पूरी ताकत के साथ लागू होते हैं, वहाँ बिना किसी गलती (नो बॉल, वाइड या ओवर थ्रो) के बल्लेबाजों ने दौड़कर 5 रन पूरे कर लिए.
तारीख थी 20 जून 1999आईसीसी क्रिकेट विश्व कप का फाइनल मुकाबला ऑस्ट्रेलिया और पाकिस्तान के बीच खेला जा रहा था पाकिस्तान की टीम पहले बल्लेबाजी करते हुए मात्र 132 रनों पर ढेर हो गई थी.  लक्ष्य छोटा था, लेकिन पाकिस्तान के पास शोएब अख्तर जैसा घातक गेंदबाज था, जो अपनी रफ्तार से किसी भी बल्लेबाजी क्रम को तहस-नहस करने का माद्दा रखता था. लेकिन ऐसा हुआ नहीं ऑस्ट्रेलिया ने 8 विकेट से मैच जीत लिया और इसी दौरान हुई वो अजीबोगरीब घटना

वह ऐतिहासिक शॉट और 5 रनों की दौड़

ऑस्ट्रेलियाई पारी के दौरान मार्क वॉ और एडम गिलक्रिस्ट 75 रन जोड़कर तेज शुरुआत दी . इस साझेदारी के दौरान शोएब अख्तर अपने पूरे वेग के साथ गेंदबाजी कर रहे थे. इसी बीच अख्तर ने एक तेज गेंद फेंकी, जिस पर मार्क वॉ ने अपने सिग्नेचर स्टाइल में शानदार बैकफुट पंच खेला  गेंद बल्ले के बीचों-बीच लगी और कवर्स के क्षेत्र में गैप में निकल गई.

लॉर्ड्स का मैदान अपनी ढलान  और कुछ बड़े बाउंड्री कोनों के लिए जाना जाता है गेंद बाउंड्री की ओर तेजी से बढ़ रही थी और पाकिस्तान के फील्डर शोएब मलिक उसके पीछे दौड़ रहे थे.  जब तक मलिक गेंद तक पहुँचते, मार्क वॉ और गिलक्रिस्ट ने आसानी से दो रन पूरे कर लिए थे. मलिक ने बाउंड्री रस्सी के ठीक पास गेंद को रोका. चूंकि वह एक लंबी दौड़ लगाकर आए थे, उन्हें मुड़ने और गेंद फेंकने में थोड़ा समय लगा.  इस बीच बल्लेबाजों ने तीसरा और चौथा रन भी पूरा कर लिया. आमतौर पर बल्लेबाज चार रन दौड़ने के बाद रुक जाते हैं, लेकिन मार्क वॉ ने देखा कि मलिक अभी भी थ्रो फेंकने की स्थिति में नहीं हैं. उन्होंने गिलक्रिस्ट को पांचवें रन के लिए बुलाया और दोनों ने सफलतापूर्वक दौड़कर 5 रन पूरे कर लिए.

क्यों थी यह घटना खास?

क्रिकेट में 5 रन अक्सर पेनाल्टी (गेंद हेलमेट पर लगने) या बाउंड्री पर ओवरथ्रो मिलने से मिलते हैं लेकिन लॉर्ड्स जैसे अंतरराष्ट्रीय स्तर के मैदान पर, जहाँ आउटफील्ड तेज मानी जाती है, वहां भागकर 5 रन लेना अविश्वसनीय था.  यह मार्क वॉ की चतुराई, विकेटों के बीच ऑस्ट्रेलिया की जबरदस्त दौड़ और पाकिस्तान की फील्डिंग में थोड़ी सी सुस्ती का नतीजा था. गिलक्रिस्ट तो धुआंधार अर्धशतक लगाकर आउट हो गए पर  मार्क वॉ नॉटआउट रहे और साबित कर दिया कि क्रिकेट केवल चौकों-छक्कों का खेल नहीं है, बल्कि मैदान की स्थिति को भांपकर रन चुराना भी एक कला है



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