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Omkareshwar Temple News: ओंकारेश्वर में होने वाले ये बदलाव श्रद्धालुओं के लिए बड़ी राहत साबित होंगे, जहां अब दर्शन ज्यादा आसान, व्यवस्थित और सुविधाजनक हो जाएंगे. इसके अलावा प्रशासन ने एक और खास व्यवस्था की है. ये सारी सुविधाएं सिंहस्थ के मद्देनजर की जा रही हैं.
Khandwa News: मध्य प्रदेश की पवित्र तीर्थनगरी ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर से श्रद्धालुओं के लिए बड़ी खबर है. यहां दर्शन व्यवस्था पूरी तरह बदलने वाली है. दावा किया जा रहा कि इससे श्रद्धालुओं को आसानी से भगवान के दर्शन हो सकेंगे. दरअसल, मंदिर में अभी तक सामान्य और वीआईपी श्रद्धालु एक ही रास्ते से प्रवेश करते हैं, जिसके कारण गर्भगृह में काफी भीड़ हो जाती है और व्यवस्था बिगड़ती है. अब इस समस्या को देखते हुए प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है कि दोनों के लिए अलग-अलग प्रवेश और निकास द्वार बनाए जाएंगे.
ऐसे बदलेगी पूरी व्यवस्था
नई व्यवस्था के तहत सामान्य श्रद्धालुओं को शुकदेव मुनि द्वार से मंदिर में प्रवेश दिया जाएगा और वर्तमान में जो चांदी वाला द्वार है, वहां से उनका निकास होगा. वहीं, वीआईपी और प्रोटोकॉल वाले श्रद्धालु वर्तमान निकास द्वार से प्रवेश करेंगे और पास में बने लकड़ी के दरवाजे से बाहर निकलेंगे. इस बदलाव से सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि गर्भगृह में भीड़ कम होगी और दर्शन की प्रक्रिया ज्यादा सुगम हो जाएगी. अभी एक साथ भीड़ होने के कारण श्रद्धालुओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है.
सिंहस्थ 2028 को ध्यान में रखकर तैयारी
यह पूरी योजना उज्जैन सिंहस्थ 2028 को ध्यान में रखते हुए बनाई जा रही है. प्रशासन का अनुमान है कि उस समय करोड़ों की संख्या में श्रद्धालु ओंकारेश्वर पहुंचेंगे, इसलिए अभी से व्यवस्थाओं को बेहतर किया जा रहा है. करीब 150 करोड़ की लागत से मंदिर परिसर में कई निर्माण कार्य प्रस्तावित हैं, जिनमें दर्शन व्यवस्था को सुधारना सबसे अहम है.
तिरुपति की तर्ज पर बनेगा वेटिंग एरिया
मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए अब तिरुपति मंदिर की तर्ज पर बड़ा वेटिंग एरिया बनाया जा रहा है. इस वेटिंग एरिया में एक साथ करीब 5 हजार श्रद्धालु बैठ सकेंगे. यहां बैठने की सुविधा के साथ-साथ बेबी फीडिंग रूम शौचालय जूता-चप्पल स्टैंड जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध रहेंगी. जेपी चौक से आने वाले श्रद्धालुओं को पहले इसी वेटिंग एरिया में रोका जाएगा, फिर वहां से शुकदेव मुनि द्वार के जरिए प्रवेश दिया जाएगा.
द्वार को किया जाएगा चौड़ा
कलेक्टर ऋषव गुप्ता के अनुसार, करीब 43 लाख रुपये की लागत से शुकदेव मुनि द्वार को चौड़ा किया जाएगा, ताकि एक साथ चार कतारों में श्रद्धालु प्रवेश कर सकें और भीड़ कम हो सके.
रक्तदान करने वालों को खास सुविधा
इस नई व्यवस्था में एक खास पहल भी जोड़ी गई है, जो लोग ब्लड डोनेट करेंगे, उन्हें सीधे वीआईपी दर्शन की सुविधा दी जाएगी. इससे लोगों को समाजसेवा के लिए भी प्रेरणा मिलेगी.
क्राउड मैनेजमेंट पर खास फोकस
प्रशासन का पूरा ध्यान इस बात पर है कि आने वाले समय में श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो. अनुमान है कि सिंहस्थ के दौरान करीब 8 करोड़ श्रद्धालु यहां पहुंच सकते हैं, इसलिए अभी से व्यवस्थाओं को मजबूत किया जा रहा है.
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एक दशक से अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय. प्रिंट मीडिया से शुरुआत. साल 2023 से न्यूज 18 हिंदी के साथ डिजिटल सफर की शुरुआत. न्यूज 18 के पहले दैनिक जागरण, अमर उजाला में रिपोर्टिंग और डेस्क पर कार्य का अनुभव. म…और पढ़ें